कोरोना के बाद अब डेंगू का खतरा:सितम्बर में सामने आए तीन डेंगू रोगी, पड़ौसी राज्य पंजाब में डेंगू का खतरा बढ़ने के बाद श्रीगंगानगर भी अलर्ट

श्रीगंगानगर2 महीने पहले
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श्रीगंगानगर का सरकारी अस्पताल। - Dainik Bhaskar
श्रीगंगानगर का सरकारी अस्पताल।

पिछले दिनों आई कोरोना की दूसरी लहर के बाद अब तीसरी लहर का खतरा तो है ही साथ ही पंजाब में डेंगू के रोगी मिलने और श्रीगंगानगर में पिछले एक माह में तीन डेंगू रोगी सामने आने के बाद अब हेल्थ डिपार्टमेंट अलर्ट है। डिपार्टमेंट लगातार चेतावनी जारी कर रहा है। विभाग का कहना है कि लोग सावधानी बरतें तो डेंगू से बचा रहा जा सकता है।

वायरस के कारण होता है डेंगू

एक्सपर्ट बताते हैं कि डेंगू वायरस के कारण होता है। इसके शुरुआती लक्षणों में तेज सर्दी लगना, भूख कम लगना, सिरदर्द, कमरदर्द, चमड़ी के नीचे लाल धब्बे होना और आंखों में तेज दर्द होना शामिल है। जोड़ों में दर्द, बेचैनी, उल्टियां, लो ब्लड प्रेशर जैसी समस्याएं भी हो सकती हैं। ऐसे लक्षण नजर आने पर रोगी तुरंत उपचार ले। पानी और अन्य लिक्विड चीजें लें और आराम करें।

विभाग कर रहा सर्वे

डेंगू की आशंका काे देखते हुए विभाग ने सर्वे शुरू करवा दिया है। इस दौरान लोगों को जागरुक किया जा रहा है। जरूरी सावधानी बरतने की जानकारी देने के साथ ही नीम की पत्तियों का धुआं घर में फैलाने, पानी के बर्तन खुले नहीं रखने, किचन और बाथरूम सूखा रखने तथा कूलर का पानी सुबह-शाम बदलने के बारे में जानकारी दी जा रही है।

अधिकारी बोले सावधानी जरूरी

सीएमएचओ डॉ. गिरधारी लाल मेहरड़ा भी अगले कुछ दिन में इलाके में डेंगू की आशंका की बात स्वीकार करते हैं। उनका कहना है कि राज्य के कुछ जिलों सहित पड़ोसी राज्य पंजाब में मच्छर जनित बीमारियों के रोगी सामने आ रहे हैं। सितंबर में जिले में भी डेंगू के तीन रोगी मिले हैं। ऐसे में हमें सतर्क और सजग रहना होगा। बीमारियों पर अंकुश लगाने के लिए सबसे ज्यादा जरूरी मच्छरों को पनपने से रोकना है। घर में रखे गमले, मटके, छतों पर अनावश्यक पड़े टायर, कबाड़ आदि में मच्छर पनपते हैं। बेम्बू, बोतल आदि में लगे पौधों में भी लार्वा पैदा हो जाते हैं, इनके पानी को सप्ताह में दो बार अवश्य बदलें। नियमित रूप से सफाई करें।

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