विश्व दृष्टि दिवस आज:एक भाई दृष्टिबाधित ताे दूसरा पैर से दिव्यांग, एक डंडा पकड़कर करते हैं पूरा काम

देवगढ़2 महीने पहले
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समीप के ग्राम चाकरपुरा में दाे भाई रामचरण और शिवचरण रहते हैं। रामचरण दृष्टी बाधित है यानी आंखों से दिखाई नहीं देता ताे शिवचरण पैर से दिव्यांग है। बावजूद इसके दोनों एक-दूसरे के सहारे एक डंडा पकड़कर चलते हैं। 14 अक्टूबर काे विश्व दृष्टी बाधित दिवस है।

शिवचरण डंडे का एक तरफ का हिस्सा पकड़ आगे चलता है, वहीं रामचरण डंडे के पिछेले हिस्से काे पकड़ चलता है। दाेनाें अपने सिर पर अनाज की पाेटली रखकर बेचने के लिए दुकान तक पहुंच जाते हैं। दाेनाें एक साथ बाजार का काम पूरा करते हैं। दोनों को शासन की तरफ से पेंशन भी मिल रही है। अपने गांव बस में बैठकर देवगढ़ आकर सामान की खरीदारी करते हैं। माता-पिता नहीं है, जाे बुआ के यहां रहते हैं।

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