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सरकार बदल रही नियम:अब 500 वर्गमीटर तक के प्लाॅट पर निर्माण के लिए परिषद से नक्शा पास कराने की जरूरत नहीं

राजसमंद10 दिन पहले
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स्वायत्त शासन विभाग भवन मानचित्र अनुमोदन की प्रक्रिया काे आसान बनवाने विधानसभा में बिल पेश करवाएगा। इसमें नए बिल्डिंग बॉयलाज के तहत लाेगाें काे नक्शा अनुमाेदन के लिए बार-बार नगर परिषद के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। इससे 500 वर्गमीटर तक के प्लाट पर निर्माण के लिए नक्शा पास करवाने की ज़रुरत नहीं होगी।

आयुक्त जनार्दन शर्मा ने बताया कि बिल के बाद सरकार से रजिस्टर्ड आर्किटेक्ट से नक्शा अनुमोदित कराकर निर्माण शुरू किया जा सकेगा। इसके लिए उस व्यक्ति को केवल अनुमोदित नक्शा और शुल्क का ड्राफ्ट जमा कराना होगा।

पहले यह छूट केवल 250 वर्ग मीटर के प्लाट पर ही थी। नए बिल के पारित हाेने पर आर्किटेक्ट को भूखंड के अक्षांतर-देशांतर के अनुसार गूगल मैप पर भूखंड की लोकेशन बतानी हाेगी। योजना एवं नगर परिषद द्वारा जारी लीजडीड/पट्टा प्रकरणों के अतिरिक्त स्वामित्व संबंधित दस्तावेजों का प्रमाणीकरण कराना हाेगा। प्रमाणीकरण बार कांउसिल ऑफ इंडिया द्वारा पंजीकृत अधिवक्ता से कराना जरूरी हाेगा।

सैट बैक व भवन की प्रस्तावित ऊंचाई व मंजिलों की संख्या बतानी हाेगी। व्यवसायिक भूखंडों में पार्किंग प्लान दर्शाना हाेगा। आवेदक का प्रावधानों की अनुपालना किए जाने का घोषणा पत्र और शपथ पत्र देना हाेगा। लीज और विकास कर की जमा की रसीद के साथ भवन मानचित्र अनुमोदन से संबंधित राशि नगर परिषद के बैंक खाते में ऑनलाइन या ऑफलाइन जमा होने की रसीद देनी हाेगी।

आवेदक का भवन विनियम अनुसार देय शुल्क के संबंध में मांग पत्र देना होगा। डिमांड नोट का चालान आवेदक को जारी करने के साथ आर्किटेक्ट को उसके द्वारा जमा करवाए दस्तावेज प्राप्ति की स्वीकृत सूचना देनी होगी।

500 से 2500 वर्ग मीटर तक के भूखंडों के लिए प्रक्रिया तय

एक लाख से अधिक जनसंख्या वाले शहराें के लिए 18 मीटर की ऊंचाई तक 500 से 2500 वर्ग मीटर क्षेत्रफल तक के समस्त भू-उपयोग के भूखंडों के लिए भी नगरीय विकास विभाग ने प्रक्रिया तय कर दी हैं। बिल्डिंग बाॅयलाज के नियम 6 के अनुसार 500 से 2500 वर्ग मीटर क्षेत्रफल तक के समस्त भू उपयोग के भूखंडों पर विनियम 19 व 20 के तहत पंजीकृत वास्तुविद तथा भवन मानचित्र अनुमोदन के बाद देय राशि व दस्तावेज जमा कराने पर भवन निर्माण शुरू करने के लिए डीड अनुमोदित माना जाएगा।

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