10 साल मन्नतें मांगी, फिर हुए जुड़वा बेटे:बच्छ बारस पर हत्या की कलेजा फाड़ने वाली खबर, मां-बाप बेसुध

राजसमंद5 महीने पहले
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  • खमनोर के सायों का खेड़ा गांव में कुएं में पड़े मिले दोनों बच्चों के शव, हत्यारों का सुराग नहीं

सांयों का खेड़ा गांव में सात साल के मासूम जुड़वा भाइयों की हत्या की खबर जिस किसी ने सुनी, उसका कलेजा फट गया। कई मंदिरों में धोक देने और मन्नतें कीं तो दस साल के लंबे इंतजार के बाद बालू सिंह और चांदनी को जुड़वा बच्चों का सुख नसीब हुआ था। दोनों ने कभी नहीं सोचा था कि बच्छ बारस के दिन जब माएं बच्चों की लंबी आयु की कामना करती है, उसी दिन बच्चों के शव आएंगे।

थानाधिकारी नवलकिशोर ने बताया कि बालू सिंह के बेटे तंवरसिंह व भूपेंद्र सिंह गुरुवार दोपहर में लापता हुए थे। शुक्रवार को उनके अपहरण का केस दर्ज कर लिया था। दो दिन से बच्चों का पता नहीं चलने पर शनिवार सुबह परिजनों व ग्रामीणों ने हंगामा किया था।

सुबह 9 बजे से बड़ी संख्या में महिला-पुरुष बस स्टैंड पर एकत्रित हुए। ग्रामीणों ने गांव की सभी दुकानें स्वेच्छा से बंद कर दी। ग्रामीणों ने रोड जाम किया तो खमनोर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने बच्चों को ढूंढने के लिए डॉग स्कवॉड बुलाने और त्वरित कार्रवाई करने का आश्वासन देते हुए ग्रामीणों को सड़क से हटाया।

ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया तो डॉग स्क्वाॅड की टीम बुलाई और तलाश शुरू की

पहाड़ी से लौटते समय कुएं में मिले शव

खमनोर पुलिस ने उदयपुर से डॉग स्क्वाड टीम को बुलाया। टीम ने घर सहित आस-पास के जंगल में तलाशी शुरू की। खोजी कुत्ता घर से जंगल में पहाड़ी पर बायण माता मंदिर की तरफ गया। वहां कुछ नहीं मिला। पहाड़ी से उतरते समय कुछ ग्रामीण दूसरे रास्ते से तलाश करते हुए आ रहे थे। तभी ग्रामीणों ने कुएं में देखा तो बच्चों के शव कुएं में दिखाई दिए। मौके पर पहुंचे एएसपी शिवलाल बैरवा के निर्देशन में शवों को कुएं से बाहर निकलवाया। घटना को लेकर परिजनों ने आक्रोश जताते हुए शव को लेने से इंकार कर दिया।

शव मिलने के बाद तीन घंटे किया रास्ता जाम, पुराना मामला भी उठा

ग्रामीणाें ने खमनोर अस्पताल की मोर्चरी पहुंच कर घटना को लेकर आक्रोश जताया। एसपी के नाम का पत्र थानाधिकारी को साैंपकर हत्या के आराेपियाें काे गिरफ्तार करने की मांग की। पत्र में बताया कि पूर्व में 2018 में ऐसी घटना हो चुकी है।

मोलेला के एक मासूम की हत्या कर शव बनास नदी में डाल दिया था। घटना का अभी तक खुलासा नहीं हुआ। राजपूत समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि जब तक पुलिस घटना में लिप्त अपराधियों को नहीं पकड़ेगी, तब तक शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। इस दौरान सरपंच प्रतिनिधि बंटी, मुकेश पुरोहित, वार्डपंच चुनसिंह, पूर्व सरपंच उनवास मोहनसिंह, मदनसिंह परमार, केसरसिंह, टांटोल उपसरपंच शम्भूसिंह सहित ग्रामीण मौजूद थे।​​​​​​​

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