डेपुटेशन पर टीचर को दूसरे स्कूल में लगाने का विरोध:ग्रामीणों ने स्कूल गेट पर ताला लगाया, बच्चों को स्कूल नहीं भेजने का लिया फैसला

राजसमंद6 महीने पहले

आमेट तहसील के दौवड़ा स्कूल से अध्यापक को डेपुटेशन पर अन्य स्कूल में लगाने का ग्रामीणों ने विरोध किया। ग्रामीणों ने गुरुवार को स्कूल गेट पर ताला लगाकर बच्चों को स्कूल से बाहर निकाल दिया। ग्रामीण 2 घंटे तक स्कूल गेट पर प्रदर्शन करते रहे। आमेट सीबीईओ से फोन पर ग्रामीणों ने अध्यापक को वापिस दौवड़ा स्कूल में लगाने की मांग की।

ग्रामीण स्कूल में गुरुवार सुबह पहुंचे और डेपुटेशन पर लगाए टीचर को पुनः लगाने की मांग की। ग्रमीणों ने मांग की कि जब तक स्कूल में टीचर धर्मवीर सिंह और अन्य रिक्त पदों को नहीं भरा जाएगा। तब तक बच्चों को स्कूल नहीं भेजेंगे। एसडीएमसी सदस्य लहरीलाल शर्मा ने बताया कि स्कूल में कुल 20 पद है, उसमें से 6 पद रिक्त है। इस दौरान नानूराम गुर्जर, तुलसीराम गुर्जर, मदनलाल गुर्जर, गोपीलाल गुर्जर, मांगीलाल गुर्जर, लहरीलाल शर्मा, धर्मचन्द गुर्जर, हेमन्त शर्मा आदि ग्रामीणों ने जल्द ही रिक्त पदों को भरने की मांग की।

सीबीईओ रमेश डागुर ने कहा कि राजस्थान शिक्षा परिषद और कलेक्टर के निर्देशानुसार मॉडल स्कूल आमेट में इंग्लिश टीचर्स को लगाने के आदेश के तहत दौवड़ा स्कूल के शिक्षक धर्मवीर को डेपुटेशन पर लगाया है। कुछ दिनों बाद वापस उसे दोवड़ा स्कूल में लगा दिया जाएगा।

यह है मामला
राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय दौवड़ा स्कूल के अंग्रेजी विषय के अध्यापक धरमवीर सिंह को सीबीईओ ने डेपुटेशन पर आमेट मॉडल स्कूल में लगा दिया। स्कूल में अंग्रेजी विषय के एकमात्र अध्यापक को हटा देने से ग्रामीणों में रोष है।