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बेटे - बहु और पोता- पोती को जलाने का मामला:आगरा पुलिस बयान लेने को भटकी, गंभीर हालात में जयपुर से दिल्ली रेफर हुआ परिवार, नहीं मिली तहरीर, ससुर अभी तक फरार

आगरा4 महीने पहले
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आगरा में रविवार रात अधेड़ द्वारा अपने बहु - बेटे और पोता-पोती को कमरे में बंद कर पेट्रोल डालकर आग लगने के मामले में अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई है। बयान लेने गयी पुलिस की टीम के जयपुर पहुंचने से पहले ही उनकी हालत बिगड़ने पर परिवार को दिल्ली रेफर कर दिया गया है। अब टीम दिल्ली जा रही है। वहीं अभी तक परिजनों ने कोई तहरीर नहीं दी है और आरोपी अभी तक फरार है। बुधवार को घायलों के बयान के बाद पुलिस की कार्रवाई आगे बढ़ पाएगी।

बेटा संदीप सबसे ज्यादा गंभीर हालात में है
बेटा संदीप सबसे ज्यादा गंभीर हालात में है

यह था पूरा मामला

आगरा के थाना ताजगंज अंतर्गत तोरा गांव निवासी कन्हैया पुत्र चंदन का अपने पुत्र संदीप और बहू अर्चना से आये दिन विवाद होता था। रविवार की रात कन्हैया शराब के नशे में घर आया तो उसकी बहु से कहासुनी हुई और बेटे ने भी बहु की तरफदारी की। कन्हैया को यह बात बुरी लगी और उसने अपनी दो बेटियों व छोटे बेटे को डांट कर छत पर सोने भेज दिया और संदीप व उसके परिवार के सोने के बाद उसने कमरे की कुंडी बाहर से बंद की और दरवाजे के नीचे से पेट्रोल डालकर आग लगा दी। आग लगने के बाद चीख-पुकार सुनकर कन्हैया के भाई और भतीजे आ गए और उन्होंने बाहर कन्हैया को बैठा देखा। परिजनों ने तत्काल दरवाजा तोड़कर घर में रखे ड्रमों से पानी डालकर आग बुझाइ और सबको बाहर निकालकर शांति मांगलिक अस्पताल में भर्ती कराया। इसके बाद हालात बिगड़ने पर उन्हें जयपुर हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया गया। हंगामे के बीच कन्हैया अपनी बाइक लेकर फरार हो गया था।

बहु अर्चना से झगड़े के चलते उठाया खौफनाक कदम
बहु अर्चना से झगड़े के चलते उठाया खौफनाक कदम

पुलिस तहरीर के इंतजार में

थाना ताजगंज एसओ भूपेंद्र बालियान के अनुसार एक पुलिस टीम को घायलों के बयान दर्ज करवाने के लिए जयपुर भेजा गया था। टीम के पहुंचने से पहले चिकित्सकों ने उनकी हालत देखते हुए इलाज के लिए दिल्ली रेफर कर दिया। टीम अब दिल्ली जा रही है। बुधवार को उनके बयान दर्ज करवाये जाएंगे। फिलहाल मामले में कोई तहरीर नहीं मिली है और मुकदमा दर्ज नहीं हुआ है। बयान दर्ज होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। आरोपी कन्हैया की तलाश की जा रही है ।

गाँव में लोग चर्चाओं में मशगूल हैं पर बोलने को तैयार नहीं हैं
गाँव में लोग चर्चाओं में मशगूल हैं पर बोलने को तैयार नहीं हैं

ससुराल जाने से था परेशान

कन्हैया ने अपने बेटे संदीप की शादी छः साल पहले फिरोजाबाद के शिकोहाबाद अन्तर्गत कनैटा गांव की आरजू से की थी। शादी के बाद से बहु ज्यादातर मायके जाती रहती थी और उसके एक बार कहने पर ही संदीप भी साथ चला जाता था। कन्हैया और संदीप गांव के बाहर पंचर की दुकान चलाते थे। संदीप के जाने से उसे परेशानी होती थी। मना करने पर बहु उससे झगड़ा करने लगती थी।

3 साल की पोती आरजू भी बुरी तरह झुलस गयी है
3 साल की पोती आरजू भी बुरी तरह झुलस गयी है

साजिश के लिए काफी पहले से की थी तैयारी

आग लगाने की घटना के बाद मौके पर आई 112 पीरवी के सिपाहियों को उसके घर मे अलग - अलग जगह तीन 2 लीटर की बोतलों में पेट्रोल रखा मिला है और इतनी ही बोतल उसने आग लगने में इस्तेमाल की थीं। कन्हैया अपनी मोटरसाइकिल की टंकी भी काफी समय से फुल रखता था। घटना के बाद कोई उसका पीछा न करे, इसके लिए उसने अपने भतीजे की मोटरसाइकिल का प्लग का तार तोड़ दिया था।

पोते सिब्बू पर भी तरस नहीं खाया
पोते सिब्बू पर भी तरस नहीं खाया

मासूम बच्चों पर भी नहीं आया तरस

दादा- दादियों के लिए एक कहावत है की मूलधन से ज्यादा ब्याज प्यारा होता है। दादा - दादी भले ही बेटे- बहु से गुस्सा हो जाएं पर पोता- पोती से गुस्सा नहीं हो पाते, लेकिन यहां तो कन्हैया ने आग लगाते समय अपने 5 साल के पोते सिब्बू और 4 साल की पोती आरजू को भी नहीं बख्शा और उन्हें भी जला दिया।

मायका पक्ष है चुपचाप

ग्रामीणों के अनुसार बहु अर्चना के परिजन सुबह 5 बजे ही आ गए हैं पर अभी वो दामाद और बेटी के इलाज में जुटे हैं। कोई ऊंच नीच होने पर वो आगे कार्रवाई करेंगे। घटना को दो दिन बीत चुके हैं पर अभी तक कोई तहरीर मायका पक्ष की ओर से नहीं दी गयी है। घटना के बाद से तोरा गांव और आस पास के अन्य गांवों में मामला चर्चा का विषय बना हुआ है।