पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

आगरा में मौत बांटती डॉक्टरों की लापरवाही:एत्माद्दौला में गलत इलाज से प्रसूता की मौत, दवाई खाने के आधे घंटे में ही पिनाहट के मासूम की गई जान; परिजनों का हंगामा

आगरा12 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
प्रसूता की मौत के बाद जेके हॉस्पिटल पर हंगामा। - Dainik Bhaskar
प्रसूता की मौत के बाद जेके हॉस्पिटल पर हंगामा।

आगरा में डॉक्टरों की लापरवाही के चलते एक प्रसूता और एक मासूम की मौत हो गई । पिनाहट कस्बे में डॉक्टर की दवा खाने के आधे घंटे के अंदर एक साल के बच्चे की मौत हो गई, तो वहीं थाना एत्माउद्दौला क्षेत्र में एक प्रसूता की डॉक्टरों की लापरवाही के चलते जान चली गई। महिला की मौत पर भाकियू के कार्यकर्ताओं ने अस्पताल पर हंगामा किया। मौके पर पहुंची पुलिस ने मामले की जांच के बाद कार्रवाई की बात कही है।

परिजनों से बिना पूछे कर दिया रेफर
जानकारी के अनुसार हसनपुर खंदौली की रहने वाली 25 वर्षीय सपना पत्नी अंशुल को 3 दिन पहले प्रसव अवस्था में टेढ़ी बगिया स्थित जेके हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। यहां ऑपरेशन के बाद सपना ने एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया था। परिजनों के अनुसार रविवार देर रात तबीयत बिगड़ने पर उसे फिर से जेके हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। परिजनों के मुताबिक जब सपना का केस बिगड़ गया तो अस्पताल ने उसको फिरोजाबाद रोड स्थित एक अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उसको मृत घोषित कर दिया।

परिजनों ने किया हंगामा

महिला की मौत के बाद गुस्साए परिजनों ने अस्पताल के बाहर हंगामा शुरू कर दिया। परिजन डॉक्टरों की लापरवाही से महिला की जान जाने का आरोप लगा रहे थे। जानकारी मिलने पर भारतीय किसान यूनियन के पवन समाधिया बृज मोहन सिसोदिया प्रेम शंकर टीटू आदि पहुंच गए। सूचना पर आई पुलिस ने जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन देकर सबको शांत करवाया।

पिनाहट में दवा खाते ही मासूम की मौत
थाना पिनाहट क्षेत्र के रामलीला रोड स्थित मानिक चंद क्लीनिक पर कस्बा निवासी युवक घनश्याम अपने एक साल के पुत्र रितिक को बुखार की शिकायत पर इलाज के लिए ले गया था। परिजनों का आरोप है कि दवा खाते ही मासूम की हालत बिगड़ गई और आधे घंटे के अंदर उसकी मौत हो गई। जिसके बाद परिजन बच्चे का शव लेकर झोलाछाप डॉक्टर के क्लीनिक पर हंगामा करने पहुंच गए। हंगामा बढ़ता देख क्लीनिक वह बंद कर फरार हो गया। परिजनों ने पुलिस से शिकायत न कर बच्चे का अंतिम संस्कार कर दिया है।

दवा खाने के आधे घंटे के भीतर 1 साल के मासूम की मौत।
दवा खाने के आधे घंटे के भीतर 1 साल के मासूम की मौत।

सीएमओ ने क्लीनिक करवाया सील

सीएमओ अरुण कुमार ने मामले की जानकारी होते ही टीम को आदेश दिए और आदेश के बाद पिनाहट के झोलाछाप डाक्टर के क्लिनिक को सील कर दिया गया है , साथ ही मृतक बच्चे के परिजनों से बच्चे के दस्तावेज लेकर स्वास्थ्य केंद्र में शिकायत दर्ज करने को कहा गया है। झोलाछाप के खिलाफ मुकदमे की कार्यवाही की तैयारी की जा रही है। बताते चलें कि एक माह में अब तक आधा दर्जन झोलाछापों के खिलाफ विभाग कार्यवाही कर चुका है।

झोलाछाप का क्लीनिक सील करती स्वास्थ्य विभाग की टीम
झोलाछाप का क्लीनिक सील करती स्वास्थ्य विभाग की टीम

मंडल में अस्पतालों की मंडी बन गया आगरा

आगरा मंडल में आगरा अब डॉक्टरों और अस्पतालों की मंडी बन गया है। देहात क्षेत्रों में जहां झोलाछाप डॉक्टरों का बोलबाला है तो शहर में जगह जगह बिना रजिस्ट्रेशन और मानकों के अनुरूप अस्पताल खुल गए हैं। एक ही डाक्टर के नाम पर कई अस्पताल चल रहे हैं। आगरा दिल्ली हाइवे पर यमुना पार क्षेत्र में हर 50 मीटर पर एक अस्पताल देखा जा सकता है। जब कोई घटना होती है तो विभाग कार्यवाही करता है और कुछ ही दिन में फिर वही हाल हो जाता है। पारस अस्पताल इसका जीता जागता नमूना है।

खबरें और भी हैं...