भोलेनाथ व मस्जिद पर टिप्प्णी करने वालों पर हुई एफआईआर:सोशल मीडिया पर भड़काऊ बयानबाजी और अपमान जनक टिप्प्णी करने पर अलीगढ़ में हुई कार्रवाई

अलीगढ़4 महीने पहले
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एसएसपी के निर्देश पर सोशल मीडिया पर टिप्पणी करने वाले 3 आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने दर्ज किया है मुकदमा - Dainik Bhaskar
एसएसपी के निर्देश पर सोशल मीडिया पर टिप्पणी करने वाले 3 आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने दर्ज किया है मुकदमा

भगवान भोलेनाथ पर अमर्यादित टिप्पणी करने और मस्जिद के खिलाफ विवादित बयानबाजी करने के आरोप में पुलिस ने अलीगढ़ में 3 लोगों पर कार्रवाई की है। एसएसपी के निर्देश पर सभी के खिलाफ मुकदमें दर्ज कर लिए गए हैं।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सोशल मीडिया पर भड़काऊ बयानबाजी व जाति विशेष या व्यक्ति विशेष पर टीका टिप्पणी करना कानूनी अपराध है। तीनों आरोपियों के खिलाफ पुलिस को शिकायत मिली थी। जिसके बाद इनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

गोधा व बन्नादेवी में दर्ज हुए मुकदमें

अलीगढ़ के गोधा थाना क्षेत्र के बहरामपुर निवासी फेसबुक यूजर ब्रिजेश कुमार बिरजू पुत्र चंद्रभान के खिलाफ गोधा थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपी ने अपने सोशल मीडिया एकाउंट पर भोलेनाथ के खिलाफ अमर्यादित टिप्पणी की थी, जिससे हिंदुओं की भावनाएं आहत हुई थी। आरोपी के खिलाफ बहरामपुर निवासी मनीष शर्मा ने शिकायत की थी। उनकी शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई की है।

बन्नादेवी थाना क्षेत्र में धर्म विशेष के खिलाफ भड़काऊ बयानबाजी करने के आरोप में पुलिस ने बन्नादेवी के सराय रहमान निवासी उमैर खां पुत्र हिदायत खां के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। एसएसपी के निर्देश पर एसआई मनीष चिकारा की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपी ने एक वीडियो वायरल किया था, जिससे शहर का माहौल खराब होने की आशंका थी।

वहीं सोशल मीडिया पर धर्म विशेष के लोगों पर भड़काऊ बयान बाजी करने व मस्जिद के बारे में टिप्प्णी करने पर रामबाग कालोनी निवासी पं. केशवदेव के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। बन्नादेवी इंस्पेक्टर रामकुमार सिंह की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।

सोशल मीडिया बन सकता है जेल जाने का कारण

एसएसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि सोशल मीडिया पर ऐसी टीका टिप्पणी करना जिससे किसी जाति, धर्म या व्यक्ति विशेष की भावनाएं आहत होती हैं। यह पूरी तरह से कानूनी अपराध है।

उन्होंने बताया कि अगर कोई भी व्यक्ति सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक सामग्री (जैसे लेख, फोटो, वीडियो) व्हाटसएप या फेसबुक आदि पर डालेगा या आगे फॉरवर्ड करेगा। तो उसके खिलाफ आईपीसी की धारा 505/153A/295A /298 का के तहत कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ आरोपी के खिलाफ NSA तक की कार्यवाही भी की जा सकती है।

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