बच्चे मोबाइल चलाएं तो अभिभावक रहे मौजूद:उप्र बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष ने शनिवार को अलीगढ़ जिले का किया भ्रमण

अलीगढ़10 दिन पहले
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अस्पताल का निरीक्षण करते बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष - Dainik Bhaskar
अस्पताल का निरीक्षण करते बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष

कोरोना काल में मोबाइल ऑनलाइन पढ़ाई का सबसे अहम हिस्सा बन गया। लेकिन माता पिता इस बात का ध्यान रखें कि बच्चा मोबाइल पर पढ़ाई लिखाई से जुड़ी चीजें ही देखे। क्योंकि मोबाइल से सदुपयोग से ज्यादा इसके दुरप्रयोग की संभावना बनी रहती है। इसलिए बच्चे जब भी मोबाइल का इस्तेमाल करें, माता पिता उनके आसपास ही रहें। यह बात उत्तर प्रदेश बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष डॉ देवेंद्र शर्मा ने शनिवार को कही। वह शनिवार को अलीगढ़ के प्रवास पर थे और इस दौरान उन्होंने स्कूल, पुनर्वास केंद्र, आंगनबाड़ी संस्थाएं, अस्पताल समेत विभिन्न संस्थानों में बच्चों से जुड़ी व्यवस्थाएं जांची। इसके बाद उन्होंने अधिकारियों की बैठक भी ली।

कलेक्ट्रेट में अधिकारियों की बैठक लेते बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष
कलेक्ट्रेट में अधिकारियों की बैठक लेते बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष

नशे के विरुद्ध चलाया जाए अभियान

अधिकारियों की बैठक के दौरान बाल संरक्षण के आयोग के अध्यक्ष डॉ शर्मा ने कहा कि बच्चों में भी आज नशे के लक्षण पनप रहे हैं और बच्चे नशे के आदी हो रहे हैं। इसलिए नशे के विरुद्ध अभियान चलाया जा रहा है, जिससे बच्चों में फैलने वाली नशे की इस बीमारी को खत्म किया जा सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश में ‘एक युद्ध-नशे के विरुद्ध’ अभियान चलाकर देश के भविष्य नन्हे-मुन्ने बच्चों के लिए नशा मुक्ति अभियान चलाया जा रहा है। इसके साथ बाल भिक्षावृत्ति को रोकने के लिए जागरूकता अभियान के साथ ही श्रम प्रवर्तन अधिकारियों द्वारा प्रवर्तन कार्य भी किया जा रहा है। इसके लिए टास्क फोर्स का भी गठन किया गया है।

बच्चों के वार्ड का निरीक्षण करते डॉ देवेंद्र
बच्चों के वार्ड का निरीक्षण करते डॉ देवेंद्र

पोषण पुनर्वास केंद्र का किया निरीक्षण

अलीगढ़ के भ्रमण के दौरान उन्होंने एएमयू में संचालित पोषण पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया। एनआरसी में क्षमता के अनुरूप 10 अति कुपोषित बच्चे- मरियम, वेदिका, जीत, अरूण, हिफजा़, अल्तमश, नैतिक, चंदन, शारदा, युवान भर्ती पाए गए। उन्होंने तीमारदारों से वार्ता कर व्यवस्थाओं के साथ ही बच्चों की सेहत में सुधार के बारे में जानकारी प्राप्त की। तीमारदारों द्वारा बताया गया कि उनके बच्चों का स्वास्थ्य पहले से काफी बेहतर है। तीमारदारों ने बच्चों की बेहतर परवरिश के लिये योगी आदित्यनाथ को धन्यवाद भी दिया। अध्यक्ष द्वारा पीकू वार्ड का निरीक्षण किया गया। चिकित्सकों ने बताया कि वर्तमान में कोई बच्चा कोविड से संक्रमित नहीं है। सामान्य बीमारियों से 5 बच्चे भर्ती हैं, जिन्हें चिकित्सकीय देख-रेख में उपचारित किया जा रहा है। इसके साथ ही उन्होंने बच्चों से जुड़ी अन्य कई योजनाओं की समीक्षा की।

बैठक में सीडब्लूसी चेयरमैन जितेन्द्र सिंह, सदस्य नीता वार्ष्णेय, कल्पना खरे, एसीएम सुधीर कुमार, एएसपी रजनी, आबकारी निरीक्षक प्रदीप सिंह, सीमा सिंह, डॉ एमके माथुर, श्रम प्रवर्तन अधिकारी जितेन्द्र सिंह, सहायक निदेशक कारखाना अनिल कुमार, एडीआईओएस मनोरमा ठाकुर समेत अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।

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