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अयोध्या के कलीम...डूबने वालों को बचाते हैं:15 साल में 25 लोगों की जिंदगी बचा चुके हैं; नदी-नहर में 250 से अधिक शव ढूंढ़ चुके हैं, इस काम के बदले नहीं लेते रुपए

अयोध्या2 महीने पहले
कलीम कुमारगंज थाना क्षेत्र के रमेश नगर इलाके में रहते हैं। उनके 3 बेटे और 4 बेटियां हैं। जिसमें से दो बेटियों और एक बेटे की शादी हो चुकी है।

अयोध्या के मोहम्मद कलीम (65) ने 11 और 12 सितंबर को शारदा नहर में गिरी महिला और उसके 6 साल के बेटे के शव को खोज निकाला। कलीम ने इस काम के बदले में किसी से एक रुपया तक नहीं लिया। वह पिछले 15 साल से नदी में गिरने वाले लोगों को रेस्क्यू करने का काम कर रहे हैं। अभी तक 25 लोगों को बचा चुके हैं। जबकि 250 शवों को नहर से निकाला है। गरीबी से लड़ते हुए अपनी मुहिम जारी रखी है। लोगों की जिंदगी बचाना उनके जीवन का लक्ष्य है।

अपने नि:स्वार्थ सेवा की वजह से उन्होंने जिले में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। लोग उनकी तारीफ करते नहीं थकते हैं। कलीम ने दैनिक भास्कर से बात की और अपनी आपबीती को बयां किया।

अयोध्या में एसडीआरएफ टीम के साथ रेस्क्यू करते कलीम
अयोध्या में एसडीआरएफ टीम के साथ रेस्क्यू करते कलीम

खेती कर परिवार का चलाते हैं खर्च

कलीम कुमारगंज थाना क्षेत्र के रमेश नगर इलाके में रहते हैं। उनके 3 बेटे और 4 बेटियां हैं। जिसमें से दो बेटियों और एक बेटे की शादी हो चुकी है। कलीम के पास एक बीघा के लगभग खेत है। वह खेत में मेहनत-मजदूरी करके परिवार का पालन पोषण करते हैं।

एक बार में डुबकी लगाकर 100 मीटर की दूरी तय करते हैं

वह नहर के अंदर 10 मिनट तक डुबकी लगाकर शव को खोजते हैं। एक बार में डुबकी लगाते हुए 100 मीटर तक की दूरी तय कर लेते हैं। शारदा सहायक नहर पर घटौली पूरे शुकुल के पास बीते दिनों संदिग्ध परिस्थितियों में डूबी महिला और उसके बच्चे का शव निकालने के लिए वैसे तो स्थानीय पुलिस और एसडीआरएफ की टीम लगाई गई थी। लेकिन ऑपरेशन को सफलतापूर्वक अंजाम देने में कलीम की बड़ी भूमिका रही।

दोनों शव को कलीम ने ही निकाला था। जबकि इसके पहले पिछले हफ्ते नंदौली के पास नहर में अज्ञात युवक का शव निकालते हुए कलीम का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।

सूचना मिलते ही वह सब कुछ छोड़ नहर पर पहुंच जाते हैं

जब भी स्थानीय पुलिस या कोई आम आदमी जैसे ही उन्हें किसी के डूबने की सूचना सूचना देता है। वह तुरंत अपना काम छोड़कर उसे बचाने के लिए दौड़ पड़ते हैं। उन्होंने कुमारगंज खंडासा और बल्दीराय थाना क्षेत्र में नहर में डूबने से कई लोगों को बचाया है।

गणतंत्र दिवस के अवसर पर किया जाएगा सम्मानित

पुलिस अधीक्षक ग्रामीण, शैलेंद्र कुमार सिंह के मुताबिक ऐसे लोग समाज के लिए प्रेरणा के स्रोत हैं। गणतंत्र दिवस के अवसर पर पुलिस विभाग की तरफ से कलीम को सम्मानित करने के साथ पुरस्कृत किया जाएगा। कलीम के मानव सेवा के कारण स्थानीय लोग उन्हें बहुत ही सम्मान देते हैं। लेकिन शासन- प्रशासन के लोगों ने अब तक कोई ध्यान नहीं दिया है। जबकि इतने बड़े पैमाने पर मानवता की सेवा करने वाले कलीम पर मिल्कीपुर के लोगों को ही नहीं पूरे जिले को नाज है।

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