भाजपा विधायक खब्बू तिवारी की विधायकी गयी:BA सेकंड इयर में फेल था, लेकिन फर्जी मार्कशीट लगाई; कोर्ट ने 5 साल सजा सुनाई थी

अयोध्या8 महीने पहले
भाजपा विधायक खब्बू तिवारी की विधानसभा सदस्यता समाप्त, फर्जी अंक पत्र के लिए सहारे अगली कक्षा में लिया था प्रवेश

अयोध्या की गोसाईगंज सीट से भाजपा विधायक खब्बू तिवारी की सदस्यता रद्द कर दी गई है। गुरुवार को इस संदर्भ में विधानसभा सचिवालय प्रशासन की तरफ से अधिसूचना भी जारी कर दी गई है। खब्बू तिवारी पर फर्जी सर्टिफिकेट लगाने का आरोप था। यह मामला 29 साल तक चला। 18 अक्टूबर को एमपी एमएलए कोर्ट ने इनको दोषी पाते हुए 5 साल की सजा सुनाई थी। इसी आधार पर यह सदस्यता रद्द की गई है।

1992 में BA सेकंड ईयर में फेल होने के बावजूद भी उन्होंने गलत सर्टिफिकेट लगाया था। उसी मामले में यह जांच चल रही थी। जांच में दोषी पाए जाने के बाद इनको 5 साल की सजा हो गई। विधानसभा नियमों के तहत अगर किसी को 2 साल से ज्यादा की सजा होती है तो उसकी सदस्यता रद्द हो जाती है। उसी आधार पर यह सदस्यता खत्म की गई है।

खब्बू तिवारी के साथ इस मामले में साकेत विश्वविद्यालय के पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष वह सपा नेता फूलचंद यादव, चाणक्य परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष कृपा निधान तिवारी भी दोषी करार दिए गए हैं। इन सभी लोगों को भी 5 - 5 साल की सजा और 13- 13 हजार रुपये का जुर्माना लगा है। सजा मिलने के साथ ही खब्बू तिवारी के साथ बाकी दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया था। उसके बाद खब्बू तिवारी पर एमपी एमएलए कोर्ट में जांच बैठ गई थी। कोर्ट में शामिल समिति के सदस्यों ने उनकी सदस्यता निरस्त करने का फैसला किया है।

जौनपुर में गाड़ी लूट मामले में हैं दोषी
विधायक खब्बू तिवारी जौनपुर के सिंगरामऊ थाने में गाड़ी लूट के मामले में भी दोषी ठहराए जा चुके हैं। इस मामले में कोर्ट ने उन्हें जेल से तलब किया था। वर्तमान में विधायक धोखाधड़ी के मामले में जेल में बंद हैं। उन्हें पांच साल कैद की सजा सुनाई गई है। लूटी गई गाड़ी के मालिक मोहम्मद जुनेद ने 28 मार्च 2019 को एसीजेएम तृतीय की कोर्ट में प्रार्थना पत्र देकर बताया कि उसकी जीप 14 मार्च 1997 को लूट ली गई थी। इसका मुकदमा सिंगरामऊ थाने में दर्ज है।

हत्या के मामले में खब्बू हुए थे गिरफ्तार
3 जून 1997 को सोनभद्र के पिपरी थाने में हत्या के मुकदमे के अभियुक्त इंद्र प्रताप तिवारी को गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारी के दौरान उनके पास से जुनेद की लूटी हुई जीप भी बरामद की गई, जिसका मुकदमा जौनपुर में दर्ज है।

खब्बू गायब करा चुके हैं पत्रावलियां
गाड़ी लूट मामले में खब्बू पर आरोप है कि उन्होंने इससे जुड़ी पत्रावलियां गायब करा दी थीं। न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वितीय के कार्यालय से पत्रावली ही गायब करा दी। इस संबंध में लाइन बाजार थाने में मुकदमा दर्ज हुआ। इसके बाद यह मामला हाईकोर्ट पहुंचा। हाईकोर्ट ने 5 फरवरी 2019 को पत्रावली दो सप्ताह के भीतर पुनर्गठित करने तथा छह माह में निस्तारण करने का आदेश पारित किया।

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