आजमगढ़...पूर्व मंत्री ने जन आक्रोश रैली निकालकर जताया विरोध:भाजपा पर लगाया झूठे वादे करने का आरोप, चुनाव आया तो आई विश्वविद्यालय की याद

आजमगढ़5 महीने पहले
आजमगढ़ में पूर्व मंत्री दुर्गा प्रसाद यादव ने जन आक्रोश रैली निकालकर साधा भाजपा पर निशाना।

आजमगढ़ सदर से विधायक व पूर्व मंत्री दुर्गा प्रसाद यादव ने जन आक्रोश रैली निकालकर प्रदेश सरकार का विरोध जताया। जिले में लगातार हो रही बारिश् के बाद भी बड़ी संख्या में समाजवादी पार्टी के पदाधिकारी शामिल रहे। पूर्व मंत्री ने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि पांच वर्ष से यह सरकार झूठे वायदे कर रही है, एक भी वायदा पूरा करने का काम नहीं किया। पूर्व की सपा सरकार ने अपने कार्यकाल में अनेक विकास कार्य किए। 23 माह में लखनऊ आगरा एक्सप्रेस वे बनाने का काम सपा ने किया था जो आज भी एशिया की नम्बर एक सड़क है। सड़क शिक्षा व अस्पताल के लिए अनेक कार्य किया।

भाजपा ने नहीं रखी जिले में एक ईंट
पूर्व मंत्री दुर्गा प्रसाद यादव ने कहा कि भाजपा बताए जिले में विकास का क्या काम किया। पूर्व मंत्री का कहना है कि जिले में विकास की एक ईंट भी भाजपा ने नहीं रखी। चुनाव आया तो विश्वविद्यालय की याद आई। अभी विश्वविद्यालय का कोई मतलब नही है। कोरोना संक्रमण के समय हम लोग ही आगे आए।

रैली में किया गया था कोरोना प्रबंधन
सपा की इस जन आक्रोश रैली में कोरोना संक्रमण से खतरे के सवाल पर पूर्व मंत्री दुर्गा प्रसाद ने कहा कि रैली में शामिल सभी लोगों को मास्क व सेनेटाइजर दिया गया था। रैली में शामिल 10 लोगों को मास्क दिया गया था। पूर्व मंत्री का कहना है कि यह सरकार हिन्दू-मुस्लिम मंदिर पर राजनीति करती है। इस तरह की राजनीति से देश तरक्की नही हो सकती है। लगातार नौकरियां बेची जा रही हैं।

10 दिन पूर्व लड़खड़ाई थी जुबान
पूर्व मंत्री दुर्गा प्रसाद यादव 10 दिन पूर्व भी जन आक्रोश रैली निकालकर भाजपा पर निशाना साधा था। इस कार्यक्रम में पूर्व मंत्री दुर्गा प्रसाद यादव की जुबान लड़खड़ाई थी और सपा की सरकार को उखाड़ फेंकने की बात कही थी। बाद में पूर्व मंत्री ने इस बयान को भाजपा की साजिश बताया था।

1985 से शुरू हुआ सियासी सफर
पूर्व मंत्री दुर्गा प्रसाद यादव का सियासी सफर 1985 से शुरू हुआ। इसी वर्ष दुर्गा प्रसाद यादव जिले की सदर विधानसभा से पहली बार निर्दलीय विधानसभा पहुंचे थे, जिसके बाद यह सिलसिला ही शुरू हो गया। सपा नेता दुर्गा प्रसाद यादव जनता दल से 1989 व 1991 में विधायक चुने गए। 1993 में दुर्गा प्रसाद यादव को हार का सामना करना पड़ा। फिर समाजवादी पार्टी से लगातार 1996, 2002, 2007, 2012, 2017 लगातार निर्वाचित होते रहे। 2012 से 2017 की अखिलेश सरकार ने दुर्गा प्रसाद यादव को परिवहन, स्टांप निबंधन पंजीयन व वन मंत्री बनाया। सदर की यह सीट अज्ञेय मानी जाती है।

सपा के पुराने सिपाहियों में होती है गिनती
पूर्व मंत्री दुर्गा प्रसाद यादव की गिनती सपा के पुराने सिपाहियों में होती है। यही कारण है कि दुर्गा प्रसाद यादव के घरों पर होने वाले कार्यक्रमों में सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव आते रहते हैं। 2017 के विधानसभा चुनाव में जब पूरे प्रदेश में भाजपा की लहर चल रही थी, उस समय भी दुर्गा प्रसाद यादव अपने निकटतम प्रतिद्वंदी भाजपा के अखिलेश मिश्र गुड्‌डू को 26 हजार मतों से हराया था।