बलिया के शास्त्री पार्क में मूर्ति कराया गया जीर्णोद्धार:चौक-चौराहों पर लगी महापुरुषों की प्रतिमाओं की नहीं हो रही साफ-सफाई

बलिया2 महीने पहले
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जिन महापुरुषों की बातें समाज के जिम्मेदार लोगों द्वारा मंच से बराबर की जाती है। महापुरुषों के बताये गये रास्ते पर चलने की नसीहत दी जाती है, लेकिन ऐसे समाज के सेवक जब महापुरुषों की जीर्णावस्था में खड़ी मूर्तियों के बगल से निकलते हैं तो उधर देखना भी गंवारा नहीं करते। समाज में कुछ ऐसे भी लोग हैं जो समाज के हर एक बिन्दु पर ध्यान देते हैं तथा अपने स्तर से सुधार की व्यवस्था भी करते हैं।

समाजसेवी ने करवाया मूर्ति का जीर्णोद्धार

ऐसे ही एक उत्साही युवक सागर सिंह राहुल‌ द्वारा नगर बलिया स्थित विभिन्न महापुरूषों की मूर्तियों का जीर्णोद्धार कराने का कार्य किया जा रहा है। जनपद के बलिया नगर के भृगुआश्रम क्षेत्र स्थित शास्त्री पार्क पर स्थित लाल बहादुर शास्त्री जी की प्रतिमा का जीर्णोद्धार सागर सिंह राहुल द्वारा रविवार को कराया गया। बता दें कि इस चौक पर जिला प्रशासन द्वारा पूर्व प्रधानमंत्री स्व. लाल बहादुर शास्त्री की मूर्ति तो लगवा दी गयी थी, चौक भी सुन्दर बनवाया था, लेकिन मूर्ति की देखरेख नहीं होने के कारण काफी बदहाल स्थिति में पहुंच गयी थी। महापुरुष स्व. शास्त्री जी की प्रतिमा की दुर्दशा समाजसेवी सागर सिंह राहुल से देखी नहीं गयी और उन्होंने इस मूर्ति का जीर्णोद्धार अपने स्तर से कराया।

इससे पूर्व नगर बलिया के कदम चौराहा के कुछ आगे स्थित बलिया के सांसद रहे स्व.जगन्नाथ चौधरी की मूर्ति का जीर्णोद्धार कराया गया था।यही नहीं नगर के ओवरब्रिज पर बने गड्ढे को भी सागर सिंह राहुल द्वारा भरवाकर ठीक कराया गया था।

नहीं होनी चाहिए महापुरुषों की उपेक्षा

सागर सिंह राहुल ने बताया कि ऐसे महापुरुषों की प्रतिमाओं की उपेक्षा देख दिलों दिमाग पर एक भावनात्मक कष्ट पहुंचता है। न जानें इन महापुरुषों ने कितनी यातनाएं सह कर हमे स्वतंत्र भारत भेंट किया। सागर सिंह राहुल ने कहा कि यह मेरा सौभाग्य है जो ऐसे महापुरुषों की प्रतिमाओं की सेवा करने का मुझे अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि मैं चाहूंगा कि भगवान मेरे द्वारा इन महान पुरुषों प्रतिमाओं की सेवा करने का सौभाग्य मिलता रहे। हमारे शरीर के रक्त मे हमारे दादा स्वतंत्रता सेनानी का रक्त संचार कर रहा है। इसलिए हमारे विचार और स्वभाव में सेनानियों के प्रति सहानुभूति और सेवा करने की भावना भरी हुई है।

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