बस्ती...लापता महिला का चला पता:कठनैया नदी में मिला नर कंकाल, परिजनों ने की पहचान, कहा-डेढ़ महीने पहले हो गई थी लापता

बस्तीएक महीने पहले
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परिजनों ने बताया कि नरकंकाल मिलने की सूचना पुलिस दी गई है। वहीं, मुंडेरवा पुलिस का कहना है कि उसे नरकंकाल मिलने की सूचना नहीं है। इसके बारे में जानकारी कराने के बाद ही वे कुछ बता पाएंगे। - Dainik Bhaskar
परिजनों ने बताया कि नरकंकाल मिलने की सूचना पुलिस दी गई है। वहीं, मुंडेरवा पुलिस का कहना है कि उसे नरकंकाल मिलने की सूचना नहीं है। इसके बारे में जानकारी कराने के बाद ही वे कुछ बता पाएंगे।

बस्ती में एक लापता महिला का नरकंकाल मिला है। उसके परिजनों ने महिला की शिनाख्त की है। नरकंकाल पर कपड़े भी थी, इसी के आधार पर पहचान हो सकी है। पुलिस तफ्तीश में जुटी हुई है।

मुंडेरवा थाना क्षेत्र के अहरा गांव के पूर्व सीवान में कठनैया नदी में एक नरकंकाल मिला। शनिवार को कठनैया नदी के किनारे धान की कटाई करने गए लोगों ने नदी में नर कंकाल देखा। नरकंकाल के शरीर पर मिले कपड़ों के आधार पर उसकी शिनाख्त डेढ़ माह पहले उमरी गांव से गायब महिला के रूप में की गई। परिजनों ने बताया कि नरकंकाल मिलने की सूचना पुलिस दी गई है। वहीं, मुंडेरवा पुलिस का कहना है कि उसे नरकंकाल मिलने की सूचना नहीं है। इसके बारे में जानकारी कराने के बाद ही वे कुछ बता पाएंगे।

25 सितंबर से लापता थी महिला
बता दें कि मुंडेरवा थाना क्षेत्र के उमरी अहरा गांव निवासी गुलाबी देवी (55) पत्नी शिवप्रसाद 25 सितंबर की रात से लापता थी। महिला का टार्च, डंडा और चप्पल बूधा कठनैया नदी के पुल पर मिला था। इस आधार पर परिजनों ने स्थानीय गोताखोरों की मदद से दो दिनों तक नदी में शव की तलाश करवाया, लेकिन सफलता नहीं मिली। 28 सितंबर को परिजनों ने मुंडेरवा थाने में उसकी गुमशुदगी की लिखित सूचना दी। उसकी तलाश परिजन अपने स्तर से कर रहे थे लेकिन महिला का कुछ पता नहीं चल सका था।

शनिवार को कठनैया नदी के पुल से लगभग तीन किलोमीटर दूरी पर स्थित अहरा गांव के किनारे नरकंकाल मिलने के बाद उसके परिवार वालों ने उसके द्वारा पहने गए कपड़े और दुर्घटना के बाद पैर को जोड़ने के लिए डाले गए लोहे की राड से उसकी शिनाख्त की। महिला की देवरानी और बड़े लड़के सुरेंद्र ने इसकी पुष्टि की। बताया कि कंकाल मिलने के बाद इसकी सूचना मुंडेरवा पुलिस को दी गई है।