मां के पंडाल में इसलिए जिंदा जले 5 लोग:गेट गुफा जैसा, अंदर पॉलीथिन से सजावट; आग भड़की तो लोग भाग भी न सके

भदोही (संत रविदास नगर)4 महीने पहले

उत्तर प्रदेश के भदोही में रविवार शाम 8 बजे एक दुर्गा पंडाल में आग लग गई। हादसे में 5 लोग जिंदा जल गए। इनमें 3 बच्चे और 2 महिलाएं हैं। हादसा उस वक्त हुआ जब भगवान शंकर और मां काली की लीला का मंचन चल रहा था। मंच के सामने 200 से ज्यादा लोग बैठे थे। इनमें ज्यादातर महिलाएं और बच्चे थे। तभी मंच के दाईं तरफ अचानक आग भड़क गई।

गुफानुमा बनाए गए पंडाल को फाइबर पॉलिथिन से सजाया गया था। रोशनी के लिए हैलोजन लाइट लगाई गई थी। उसी से गर्म होकर पॉलीथिन में आग लग गई। अंदर लगे पंखों की वजह से महज 20 सेकंड में आग पूरे पंडाल में फैल गई। बाहर निकलने के लिए सिर्फ पतली सी टेढ़ी-मेढ़ी एक गैलरी थी। भगदड़ मची तो किसी को रास्ता ही नहीं मिला।

5 तस्वीरें जो पूरी घटना को बयां कर देंगी...

पहली तस्वीर: यह तस्वीर आग लगने से पहले की है। इसमें पॉलिथिन से बनी गुफा और भीतर भी इसी तरह की सजावट दिखाई दे रही है। हादसे के दौरान महिलाएं और बच्चे ज्यादा थे।
पहली तस्वीर: यह तस्वीर आग लगने से पहले की है। इसमें पॉलिथिन से बनी गुफा और भीतर भी इसी तरह की सजावट दिखाई दे रही है। हादसे के दौरान महिलाएं और बच्चे ज्यादा थे।
दूसरी फोटो: शॉर्ट सर्किट के चलते पंडाल की पॉलिथिन में आग लगी। 20 सेकंड के भीतर पूरे पंडाल में फैल गई।
दूसरी फोटो: शॉर्ट सर्किट के चलते पंडाल की पॉलिथिन में आग लगी। 20 सेकंड के भीतर पूरे पंडाल में फैल गई।
तीसरी फोटो: पंडाल में आग लगने के बाद सबसे पहले स्थानीय लोग मदद के लिए पहुंचे। यहां फायर ब्रिगेड मौजूद नहीं थी। वह 20 मिनट बाद आई।
तीसरी फोटो: पंडाल में आग लगने के बाद सबसे पहले स्थानीय लोग मदद के लिए पहुंचे। यहां फायर ब्रिगेड मौजूद नहीं थी। वह 20 मिनट बाद आई।
चौथी फोटो: ये फोटो आग बुझाए जाने के बाद की है। फायर ब्रिगेड ने 2 घंटे में आग पर काबू पाया। हादसे में पंडाल और झांकियां पूरी तरह जल गईं।
चौथी फोटो: ये फोटो आग बुझाए जाने के बाद की है। फायर ब्रिगेड ने 2 घंटे में आग पर काबू पाया। हादसे में पंडाल और झांकियां पूरी तरह जल गईं।
पांचवीं फोटो: आग इतनी भीषण थी कि पूरा पंडाल जलकर राख हो गया। पंडाल के बीच में रखी मां की प्रतिमा तक आग नहीं पहुंच पाई।
पांचवीं फोटो: आग इतनी भीषण थी कि पूरा पंडाल जलकर राख हो गया। पंडाल के बीच में रखी मां की प्रतिमा तक आग नहीं पहुंच पाई।

मौके पर सबसे पहले पहुंचे SI की आंखों देखी...

मौके पर सबसे पहले पहुंचे सब इंस्पेक्टर रामाशीष बिंद ने FIR दर्ज कराई है। उन्होंने बताया, "मैं चौराहे पर ड्यूटी दे रखा था। तभी कुछ लोग दौड़ते हुए आए और बोले कि दुर्गा पूजा पंडाल में आग लग गई है। मैं टीम के साथ भागकर पहुंचा। वहां अफरा-तफरी थी। लोग इधर उधर भाग रहे थे। पंडाल में भयानक आग लगी थी। काफी लोग जल रहे थे। पंडाल को गुफा का रूप दिया गया था तो रास्ता काफी पतला था। फाइबर पॉलीथिन से सजावट की गई थी। अंदर रोशनी के लिए हैलोजन लाइट लगाई गई थी। उसी से गर्म होकर पॉलीथिन में आग लग गई। अंदर लगे पंखों की वजह से आग पूरे पंडाल में फैल गई।"

एक प्रत्यक्षदर्शी महिला बुद्धी ने बताया, 'शार्ट-सर्किट की वजह से आग लगी। इसके बाद पूरे पंडाल में फैल गई। पंडाल में बहुत तेजी से आग फैली थी। आग की लपटें ऊपर तक जा रही थीं। लोग खुद ही बचाव के लिए आ गए। पानी डालने लगे। किसी तरह लोगों को बचाया गया।'​​​​​​​

घटना के वक्त पंडाल में ज्यादातर महिलाएं और बच्चे ही थे।
घटना के वक्त पंडाल में ज्यादातर महिलाएं और बच्चे ही थे।

पांचों मौतें अस्पताल में, 47 की हालत अभी गंभीर
हादसे के बाद सभी घायलों को इलाज के लिए वाराणसी और प्रगागराज ले जाया गया। हादसे के 3 घंटे बाद रविवार रात 11 बजे घायल 12 साल के अंकुश सोनी और 45 साल की जया देवी ने दम तोड़ दिया। इसके बाद, सोमवार सुबह 9 बजे फिर बुरी खबर आई। 8 साल के हर्षवर्धन, 10 साल के नवीन और 48 साल की आरती भी जिंदगी की जंग हार गईं। इस तरह इस हादसे में अब तक 5 लोग दम तोड़ चुके हैं। 47 की हालत गंभीर है। इनके अलावा 15 लोग मामूली रूप झुलसे हैं। आशंका है कि मरने वालों का आंकड़ा और बढ़ सकता है।

हादसे के वक्त मौके पर मौजूद विनय कहते हैं, "शंकर और काली मां की लीला का मंचन हो रहा था। आरती का समय हो चला था। इसलिए पंडाल में भीड़ थी। अचानक आग लग गई। आग देखकर हम लोग दौड़कर पहुंचे। पर्दा खींचकर फाड़ दिए, ताकि लोग बाहर भाग सकें।"

हादसे के बाद DM और अफसर मौके पर पहुंचे हैं।
हादसे के बाद DM और अफसर मौके पर पहुंचे हैं।

फायर ब्रिगेड की गाड़ी खड़ी नहीं थी, 20 मिनट बाद पहुंची
दुर्गा पूजा की अनुमति ली गई थी। मगर, परिसर के आस-पास अग्निशमन विभाग की फायर ब्रिगेड की गाड़ी नहीं खड़ी थी। हादसे के करीब 20 मिनट के बाद फायर ब्रिगेड की टीम मौके पहुंची। 2 घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इसके बाद घायलों को एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचाया गया। ​​​​​​​भदोही के डीएम गोरांग राठी ने घटना की जांच के लिए 4 सदस्यीय SIT गठित की है।

आप इस खबर पर नीचे दिए पोल के जरिए अपनी राय भी दे सकते हैं...