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वोट देने की VVIP सुविधाएं, 5 तस्वीरों में देखिए:UP में इटावा के 56 BDC को 50 दिन तक 7 राज्यों में घुमाया गया; लग्जरी होटल, गाड़ी और शानदार खाने की व्यवस्था के साथ लेते रहे पहाड़ के मौसम का मजा

इटावा2 महीने पहले

उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव खत्म हो चुके हैं। शपथ ग्रहण भी हो चुका है। इसी बीच समाजवादी पार्टी के गढ़ इटावा में बसरेहर ब्लॉक के बीडीसी के ऐशो आराम की तस्वीरें अब सामने आई हैं। ब्लॉक प्रमुख चुनाव से पहले 56 बीडीसी देश के अलग-अलग राज्यों के टूर पर गए थे, ताकि इन्हें विरोधी प्रत्याशी अपनी तरफ न कर ले। चुनाव के समय इससे इनकार किया गया, लेकिन अब इनके फुल एंज्वॉयमेंट की तस्वीरें आई हैं।

आप भी देखिए 5 तस्वीरों में इनका सियासी ऐशो-आराम

बीडीसी का कहना है इतना लंबा टूर इस कारण भी हुआ क्योंकि चुनाव आयोग के द्वारा नामांकन और मतदान की तिथियां घोषित नही की गई थी। इस कारण 15, 20 दिनों का टूर बढ़कर 50 दिनों का हो गया।
बीडीसी का कहना है इतना लंबा टूर इस कारण भी हुआ क्योंकि चुनाव आयोग के द्वारा नामांकन और मतदान की तिथियां घोषित नही की गई थी। इस कारण 15, 20 दिनों का टूर बढ़कर 50 दिनों का हो गया।
बीडीसी अनिरुद्ध बताते हैं कि दूसरी पार्टी के प्रत्याशी का डर तो नहीं लेकिन पैसे का लालच हम लोगों को दिया जा रहा था जिसको हम सभी ने ठुकरा दिया। हम लोगों को 3 से 5 लाख तक का ऑफर दिया जा रहा था।
बीडीसी अनिरुद्ध बताते हैं कि दूसरी पार्टी के प्रत्याशी का डर तो नहीं लेकिन पैसे का लालच हम लोगों को दिया जा रहा था जिसको हम सभी ने ठुकरा दिया। हम लोगों को 3 से 5 लाख तक का ऑफर दिया जा रहा था।
बीडीसी सदस्यों ने फुल एंज्वॉयमेंट किया। बताया कि पहले ही तय कर लिया था कि शिवपाल सिंह यादव के करीबी दिलीप यादव बबलू को वोट देकर ब्लॉक प्रमुख बनाना है।
बीडीसी सदस्यों ने फुल एंज्वॉयमेंट किया। बताया कि पहले ही तय कर लिया था कि शिवपाल सिंह यादव के करीबी दिलीप यादव बबलू को वोट देकर ब्लॉक प्रमुख बनाना है।
आगरा, दिल्ली, पंजाब, राजस्थान, जम्मू, हिमाचल में मौज मस्ती के साथ गुजारे 50 दिन। 10 गाड़ियों से गए थे घूमने।
आगरा, दिल्ली, पंजाब, राजस्थान, जम्मू, हिमाचल में मौज मस्ती के साथ गुजारे 50 दिन। 10 गाड़ियों से गए थे घूमने।
बीडीसी सुधीर का कहना कि वैसे हमारे ब्लॉक क्षेत्र में किसी अन्य दल के प्रत्याशी का जोर जबरदस्ती का कोई मामला था नहीं, क्योंकि 74 बीडीसी सदस्यों में 67 एक तरफ थे और हमारे ब्लॉक प्रमुख उम्मीदवार की निर्विरोध जीत तय थी।
बीडीसी सुधीर का कहना कि वैसे हमारे ब्लॉक क्षेत्र में किसी अन्य दल के प्रत्याशी का जोर जबरदस्ती का कोई मामला था नहीं, क्योंकि 74 बीडीसी सदस्यों में 67 एक तरफ थे और हमारे ब्लॉक प्रमुख उम्मीदवार की निर्विरोध जीत तय थी।
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