राजेपुर में मिली महिला के शव का हुआ शिनाख्त:सिर पर गंभीर चोट बना मौत का वजह, परिजनों ने कहा- दो दिन से थी लापता, जांच कर रही पुलिस

अमृतपुर3 महीने पहले
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अमृतपुर के राजेपुर क्षेत्र में सड़क पर मिली महिला के शव की शिनाख्त नहीं हुई थी। सोशल मीडिया पर डाली गई फोटो के आधार पर मंगलवार शाम परिजनों ने शव की शिनाख्त कर ली। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है, जिसमें हत्या लगभग दो दिन पूर्व और कारण सिर में गंभीर चोट लगना बताया जा रहा है।

परिजनों ने किया शिनाख्त
अमृतपुर तहसील के थाना राजेपुर क्षेत्र के इटावा बरेली-हाईवे पर ग्राम शेराखार मोड़ के निकट सोमवार को लगभग 30 वर्षीय महिला का शव पड़ा मिला था। पुलिस ने शिनाख्त न होने पर शव को मॉर्च्यूरी हाउस में रखवा दिया था। उधर, शव के शिनाख्त के लिए पुलिस ने सोशल मीडिया पर तस्वीर वायरल कर दी थी। देर शाम तक शव की पहचान हो गई। मृतका की बहन का बेटा शिवप्रताप, भतीजा मोहित व ताऊ का बेटा रजनीश देर रात शव गृह पंहुचे। शव की शिनाख्त गिरीशा पत्नी रनदीप पमार निवासी मत्तीपुर हरपालपुर हरदोई के रूप में हुई।

परिजनों के अनुसार, गिरीशा बीती 15 मई को फर्रुखाबाद के लिए निकली थीं। इसके बाद न ही वह फर्रुखाबाद पहुंची और न ही घर लौटीं। गिरीशा के 12 वर्षीय बेटी आरुषी व 8 वर्षीय बेटी राखी है। शव की शिनाख्त होने के बाद पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया।

सिर में लगी गंभीर चोट
पोस्टमार्टम डॉ. गौरव यादव व एसीएमओ डॉ. सर्वेश यादव के पैनल से हुआ। जानकारी के मुताबिक, मृतका के सिर में गंभीर चोट लगी थी, जिससे उसकी मौत हुई। माथे पर और एक चोट नाक पर मिली। रिपोर्ट आने के बाद शव को परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।

पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंपा।
पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंपा।

बीते साल दूसरे पति की मौत
मृतका का मायका थाना अमृतपुर के ग्राम कोलासोता में है। बताया जा रहा कि गिरीशा का पहला विवाह रनदीप पमार के साथ हुआ था, लेकिन बीते लगभग 7 वर्ष पूर्व रनदीप की मार्ग दुर्घटना में मौत हो गई। जिसके बाद महिला ने अपने देवर सुदीप से विवाह कर लिया था, लेकिन गिरीशा का यह विवाह भी सफल नहीं हुआ। बीते साल सुदीप ने भी गंभीर बिमारी के चलते दम तोड़ दिया। गिरीशा तभी से अकेले रहती है।

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