वेस्ट UP की आबोहवा प्रदूषित होने से सांस रोगी बढ़े:अस्पतालों में 40% मरीज सिर्फ सांस दिक्कत के, NCR का AQI सबसे खराब

गाजियाबाद18 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
नोएडा में वायु गुणवत्ता इतनी खराब है कि दोपहर 3 बजने के बाद आसमान में धुंध छानी शुरू हो जाती है। - Dainik Bhaskar
नोएडा में वायु गुणवत्ता इतनी खराब है कि दोपहर 3 बजने के बाद आसमान में धुंध छानी शुरू हो जाती है।

दिवाली से एक हफ्ते पहले बिगड़नी शुरू हुई दिल्ली-एनसीआर की हवा सुधरने की स्थिति में नहीं दिख रही। 18 नवंबर को भी गाजियाबाद देश का सबसे प्रदूषित शहर रहा। दिल्ली समेत एनसीआर के तीन शहरों की वायु गुणवत्ता गुरुवार को भी सबसे खराब श्रेणी में दर्ज की गई है। इसका सीधा असर सांस रोगियों पर पड़ रहा है। अस्पतालों में सांस रोगियों की संख्या करीब 40% तक बढ़ गई है।

गाजियाबाद में सड़क किनारे कूड़ा जलाया जा रहा है।
गाजियाबाद में सड़क किनारे कूड़ा जलाया जा रहा है।

गाजियाबाद में 15 दिन में साढ़े 9 हजार सांस रोगी
गाजियाबाद के MMG जिला अस्पताल में पिछले 15 दिनों में सांस के करीब साढ़े 9 हजार रोगी इलाज कराने के लिए पहुंचे हैं। 448 मरीजों की टीबी की जांच कराने पर 56 मरीजों में संक्रमण की पुष्टि हुई है। अस्पताल में फिलहाल 180 सांस रोगी भर्ती हैं। इसमें से कुछ को ऑक्सीजन दी जा रही है। सीनियर फिजीशियन डॉ. संतराम वर्मा ने बताया कि रोजाना 400-500 मरीज सांस की समस्या से जुड़े हुए आ रहे हैं। प्रदूषण के चलते सांस रोगियों की संख्या बढ़ी है।
मेरठ में रोजाना 800 से 900 नए मरीज
मेरठ के LLRM मेडिकल कॉलेज और जिला अस्पताल में रोजाना करीब 800 से 900 रोगी सांस की समस्या से जुड़े आ रहे हैं। मेडिकल में मेडिसिन विभाग के प्रोफेसर डॉक्टर अरविंद कुमार ने बताया कि करीब 40% सांस रोगी बढ़े हैं। बुजुर्गों की संख्या इसमें ज्यादा है।

नोएडा के सेक्टर-34 की सोसाइटी में RWA पानी का छिड़काव करा रहा है।
नोएडा के सेक्टर-34 की सोसाइटी में RWA पानी का छिड़काव करा रहा है।

नोएडा, आगरा, अलीगढ़ में भी मरीज बढ़े
नोएडा में प्रदूषण की वजह से सांस रोगियों की संख्या बढ़ गई है। यहां के विभिन्न अस्पतालों में 300 से ज्यादा मरीज सिर्फ सांस की बीमारी से जुड़े पहुंच रहे हैं। यही स्थिति अलीगढ़ और आगरा के अस्पतालों की है। डॉक्टरों का कहना है कि मरीजों को सांस की दिक्कतों के चलते इनहेलर देना पड़ रहा है।

किस शहर की कितनी एयर क्वालिटी (AQI)
गाजियाबाद356
दिल्ली344
नोएडा333
ग्रेटर नोएडा308
बागपत295
मेरठ276
बुलंदशहर271
आगरा262
हापुड़244

20 दिन में 2.47 करोड़ का जुर्माना लगाया
उप्र प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के गाजियाबाद क्षेत्रीय दफ्तर ने 23 अक्टूबर से 13 नवंबर के बीच प्रदूषण फैलाने वाली 45 इकाइयों पर 2 करोड़, 47 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। क्षेत्रीय अधिकारी उत्सव शर्मा ने बताया कि मोदीनगर की लार्सन एंड टरबो लिमिटेड, इंदिरापुरम की इमीरियल हाइट प्रमोटर, महालक्ष्मी बिल्डटैक पर 50-50 लाख रुपए तक का जुर्माना लगाया गया है।
प्रदूषण फैलाने पर 114 इकाइयों को नोटिस
उत्तर प्रदेश औद्योगिक विकास निगम ने गाजियाबाद में प्रदूषण फैला रही 114 इकाइयों को नोटिस जारी किया है। इसमें ब्लीचिंग, फोर्जिंग, कास्टिंग और डाई की ज्यादातर इकाइयां शामिल हैं। निगम ने ऐसी इकाइयों का सर्वे करने के लिए एक टीम भी बनाई है। यह टीम इकाइयों में जाकर वहां प्रदूषण के हालात देखेगी और अपनी रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को देगी। निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक राकेश झा ने यह जानकारी दी।

एयर क्वालिटी इंडेक्स का मानक

AQIमानक
0-50अच्छा
51-100संतोषजनक
101-200थोड़ा प्रदूषित
201-300खराब
301-400बहुत खराब
401- 500खतरनाक