जमानियां में गंगा पुल को अब तक लाइटों का इंतजार:जिम्मेदारों को है हादसे का इंतजार, 75 करोड़ की लागत से बना था पुल

जमानियांएक महीने पहले
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जमानियां से धरम्मरपुर तक जाने वाला गंगा नदी पर स्थित करीब 75 करोड़ कि लागत से निर्मित सेतु को चालू हुए करीब चार साल बीत गए। मगर, आज तक जिम्मेदारों की उदासीनता के चलते पुल पर प्रकाश के लिए स्ट्रीट लाईटें नहीं लगाई जा सकी।

दीपू,कृष्णा,अनिल कुमार,मुन्ना,अजगर ,महंगू आदि क्षेत्रीय ग्रामीणों ने बताया कि इस सेतु पर प्रकाश कि व्यवस्था न होने से रात के पहर पुल से होकर गुजरने वाले छोटे बडे वाहन ,बाईक,साईकिल सहित अन्य पैदल मुसाफिरों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

ग्रामीणों ने बताया कि रात को पुल से गुजरते समय हमेशा हादसे कि आशंका बनी रहती है कि गुजरने वाले सुरक्षित अपने गन्तव्य तक पहुंच भी पायेगें या नहीं। लोगों ने बताया कि इसको लेकर कई बार शिकायत किया। लेकिन जिम्मेदार पूरी तरह से लापरवाह बने हुए है।

ग्रामीण बोले- गाड़ियों की लाइट के सहारे पुल पार करते हैं राहगीर

क्षेत्रीय राहगीरों ने बताया कि ऐसा नहीं कि प्रशासनिक व क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों को भी इसकी जानकारी नहीं है। ये लोग भी आए दिन पुल से खुद रात के पहर वाहनों के लाइट के सहारे ही पुल पार करने को विवश हैं। बावजूद इस महत्वपूर्ण पुल पर प्रकाश कि जरूरत महसूस न किया जाना समझ से परे है।

ग्रामीणों ने बताया कि कई बार हादसे भी हो चुके हैं। बावजूद विभाग ,जनप्रतिनिधि सहित तमाम जिम्मेदार कुंम्भकरणीय नींद में हैं। बताया कि वर्ष 2006 में लोगों कि मांग पर जमानियां तहसील से करंडा ,धरम्मरपुर सहित जिलामुख्यालय को जोडने के लिए तत्कालीन सीएम मुलायम सिंह यादव ने इसकी आधारशिला रखी थी।

डीएम बोले- संबंधित विभाग को जल्द निर्देशित किया जाएगा

2017 में सत्ता में आई भाजपा सरकार के कार्यकाल में पुल के निर्माण ने जोर पकडा जिसके बाद जून 2018 में करीब एक किलोमीटर लंम्बे दो लेन का यह सेतु बनकर तैयार हो गया। लेकिन वर्तमान सरकार के दूसरे कार्यकाल में भी आज तक इस पुल पर प्रकाश के लिए स्ट्रीट लाईटें नहीं लगाई जा सकी है। डीएम एम पी सिंह ने बताया कि पुल पर प्रकाश कि व्यवस्था के लिए सम्बन्धित विभाग को जल्द निर्देशित किया जायेगा।

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