अब हापुड़ में भी होगी आरटीपीसीआर जांच:अभी तक नोएडा में होती थी जांच, जिला अस्पताल में बनकर तैयार हुई BSL-2 लैब; जल्द होगी स्टाफ की तैनाती

हापुड़2 महीने पहले
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अब हापुड़ में भी होगी आरटीपीसीआर जांच। - Dainik Bhaskar
अब हापुड़ में भी होगी आरटीपीसीआर जांच।

हापुड़ जिले में कोरोना संक्रमण की संभावित तीसरी लहर से निपटने के लिए तैयारी लगभग पूरी हो चुकी है। अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट लगने के बाद अब जिले को आरटीपीसीआर लैब की सौगात मिल गई है। लैब में संदिग्ध मरीजों की जांच करने वाली आरटीपीसीआर मशीन स्थापित हो गई है। इससे आसपास के जिलों को भी फायदा मिलेगा।

बच्चों के लिए तैयार किए गए पीकू वार्ड

बता दें कि कोरोना की दूसरी लहर से सबक लेकर संभावित तीसरी लहर में किसी प्रकार की लापरवाही न हो, इसकी कोशिश की जा रही है। ऑक्सीजन की किल्लत से निपटने के लिए अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित करा दिए गए हैं। आशंका जताई जा रही है कि तीसरी लहर में सबसे अधिक प्रभावित बच्चे होंगे, इसलिए अस्पतालों में पीकू वार्ड तैयार कराए गए हैं।

अभी तक ट्रूनेट मशीनों से होती थी जांच

जिले में कोरोना संदिग्ध मरीजों के सैंपलों की जांच कराने के लिए अन्य जनपदों की आरटीपीसीआर लैब में भेजे जा रहे थे, क्योंकि अभी तक जनपद के संदिग्ध मरीजों के सैंपलों की जांच कराने के लिए केवल ट्रूनेट मशीनों की सुविधा थी। अधिकतर एंटीजन किट से जांच होती है, जबकि आरटीपीसीआर से जांच विश्वसनीय मानी जाती है।

जिला अस्पताल परिसर में तैनात की गई बीएसएल-2 लैब

अब संदिग्ध मरीजों के सैंपलों की आरटीपीसीआर से जांच की सुविधा जनपद में ही उपलब्ध होगी। इसके लिए जिला अस्पताल परिसर में ही अलग से बीएसएल-2 लैब तैयारी कर दी गई है। लैब में सैंपलों की जांच करने वाली आरटीपीसीआर मशीन भी आ गई है। मशीन को लैब में इंस्टाल भी करा दिया गया है। जल्द ही यह लैब शुरू हो जाएगी और मरीज की जल्द से जल्द जांच रिपोर्ट मिल सकेगी।

नोएडा लैब में जा रहे थे मरीजों के सैंपल

अभी तक कोरोना के संदिग्ध मरीजों के सैंपल जांच के लिए नोएडा आरटीपीसीआर लैब में भेजे जा रहे थे। लैब में अधिक लोड के कारण जांच रिपोर्ट आने में दो से चार दिन तक लग जाते हैं। इतना ही नहीं विलंब होने व ठीक से सैंपल लैब तक न पहुंचने से सैंपल खराब भी हो जाते थे। जांच रिपोर्ट आने तक मरीज का उपचार संदिग्ध मानकर किया जाता था। इसके कारण कई बार मरीजों की जान तक पर बन आती थी। वहीं अब लैब शुरू होने से मरीजों के सैंपल की जांच रिपोर्ट जल्द मिल सकेगी और उनका तत्काल उपचार हो सकेगा।

लैब में जल्द तैनात होगा स्टाफ

आरटीपीसीआर लैब शुरू कराने के लिए जल्द ही स्टाफ तैनात हो जाएगा। स्टाफ तैनात कराने के लिए 30 सितंबर को मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में लैब वैज्ञानिक और लैब टेक्नीशियन के लिए साक्षात्कार का आयोजन किया जाएगा। साक्षात्कार के आधार पर स्टाफ को तैनात कर लिया जाएगा। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रेखा शर्मा ने कहा कि लैब की बिल्डिंग में आरटीपीसीआर मशीन स्थापित करा दी गई है। मशीन को इंस्टाल भी करा दिया गया है। स्टाफ की तैनाती के लिए 30 सितंबर को साक्षात्कार का आयोजन किया जा रहा है।

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