हाथरस में थानेदार समेत 8 पर हत्या का केस:RSS कार्यकर्ता की पुलिस कस्टडी में हुई थी मौत, आरोप- गोली लगने पर अस्पताल न ले जाकर थाने ले गए

हाथरस3 महीने पहले

हाथरस के बिसाना गांव में RSS के एक कार्यकर्ता की पुलिस कस्टडी में मौत के मामले में 8 लोगों पर मारपीट और हत्या का केस दर्ज हुआ है। आरोपियों में थानेदार समेत 3 पुलिसकर्मी और 5 गांव के लोग शामिल हैं। आरोपी पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है। मजिस्ट्रेट जांच के आदेश भी हुए हैं।

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पेशाब करने को लेकर हुआ था विवाद
दरअसल, बिसाना गांव में RSS कार्यकर्ता राजकुमार का सोमवार देर रात गांव के एक युवक के साथ पेशाब करने को लेकर विवाद हो गया था। विवाद के दौरान युवक ने राजकुमार की पिटाई कर दी। वहीं, युवक के साथ आए 16-17 लोगों ने फायरिंग भी की। इस बीच एक गोली राजकुमार के पैर में लग गई। पुलिस दोनों को थाने लेकर आ गई। देर रात तबीयत बिगड़ने पर राजकुमार को अस्पताल लाया गया। इलाज के बाद पुलिस राजकुमार को वापस थाने ले आई। मंगलवार सुबह तबीयत फिर खराब हो गई। पुलिस राजकुमार को अस्पताल लेकर गई, जहां उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई।

परिवार के लोगों का कहना है कि पुलिस राजकुमार को अस्पताल की जगह थाने लेकर गई। मृतक राजकुमार की बेटी ने कहा, 'पुलिस पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। मेरे पापा सीढ़ियों पर बैठे रहे पर ये लोग उनको अस्पताल नहीं ले गए।'

थानेदार समेत 8 लोगों पर हत्या का केस
कोतवाली चंदपा प्रभारी चतर सिंह राजोरा, एसआई सर्वेश कुमार और 1 अन्य पुलिसकर्मी के खिलाफ परिजनों की तहरीर पर हत्या और मारपीट में मुकदमा दर्ज किया गया है। जबकि आकाश, विजय, ओमवीर, भोला और भूपे पर भी केस दर्ज किया गया है। ये सभी राजकुमार के पड़ोसी हैं।

4 पुलिसकर्मी सस्पेंड, मजिस्ट्रेट जांच के आदेश
लापरवाही बरतने पर SP विकास वैद्य ने थाना प्रभारी चतर सिंह राजौरा, दरोगा त्रिवेन्द्र सिंह, कांस्टेबल अश्वनी सिरोही और कांस्टेबल रमन यादव को निलंबित कर दिया। चारों के खिलाफ विभागीय जांच भी होगी।

राजकुमार की मौत के बाद बिसाना गांव में पुलिस फोर्स को तैनात किया गया है।
राजकुमार की मौत के बाद बिसाना गांव में पुलिस फोर्स को तैनात किया गया है।

DIG बोले- दर्ज होगा केस
इस मामले में DM रमेश रंजन ने मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं। क्राइम ब्रांच और ज्यूडिशियल जांच की भी सिफारिश होगी। वहीं, DIG दीपक कुमार ने बताया कि आरोपियों को छोड़ा नहीं जाएगा। निलंबित पुलिस कर्मियों पर केस दर्ज किया जा रहा है। परिवार के लोगों ने पुलिस कर्मियों के खिलाफ तहरीर दी है।

बिसाना गांव में राजकुमार का दूसरे पक्ष के साथ विवाद हुआ था। जिसके बाद मारपीट और फायरिंग हुई थी।
बिसाना गांव में राजकुमार का दूसरे पक्ष के साथ विवाद हुआ था। जिसके बाद मारपीट और फायरिंग हुई थी।

पुलिस पर मनमानी का आरोप
राजकुमार के छोटे भाई महाराज सिंह ने बताया कि सोमवार देर रात मेरे बड़े भाई से विवाद हुआ था। दूसरे पक्ष की ओर से हुई फायरिंग में मेरा भाई घायल हो गया। पैर में गोली लग गई थी। हम लोगों के कहने के बाद भी पुलिस उसे अस्पताल नहीं ले गई। मंगलवार सुबह उसकी मौत हो गई। राजकुमार RSS का कार्यकर्ता था। बताया जा रहा है कि जिससे विवाद हुआ उससे राजकुमार की पुरानी रंजिश थी।

अभी तक की कार्रवाई से संतुष्ट परिवार
मृतक राजकुमार के परिजनों और ग्रामीणों ने 25 लाख रुपए के मुआवजे की मांग की है। परिजनों का कहना है कि जिन लोगों से झगड़ा हुआ था, उनसे काफी पुरानी रंजिश थी। बताते चलें कि राजकुमार खाद बीज की दुकान चलाता था। मृतक के घर में पत्नी अंजना, दो बेटे मानवेंद्र (18वर्ष) और योगेंद्र ( 14वर्ष) तथा दो बेटी हैं। जिनकी शादी हो चुकी है। परिवार अभी तक की कार्रवाई से संतुष्ट है।