• Hindi News
  • Local
  • Uttar pradesh
  • Jaunpur
  • Narendra Giri's Favorite Disciple Became A Millionaire At A Young Age: Luxurious Mansion In Jaunpur, CBI May Come For Investigation; Father Runs Animal Feed Shop

नरेंद्र गिरि का चहेता शिष्य कम उम्र में बना करोड़पति:जौनपुर में आलीशान हवेली, जांच को आ सकती सीबीआई; पिता चलाते हैं पशु आहार की दुकान

जौनपुर2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
सीबीआई महंत नरेंद्र गिरी के करीबियों से भी पूछताछ कर रही है। - Dainik Bhaskar
सीबीआई महंत नरेंद्र गिरी के करीबियों से भी पूछताछ कर रही है।

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष मंहत नरेंद्र गिरि की मौत के मामले में CBI जांच कर रही है। कथित तौर पर सुसाइड के मामले में सीबीआई की टीम उनके करीबियों से भी पूछताछ कर रही है। महंत नरेंद्र गिरि के एक करीबी शिष्य जौनपुर से भी ताल्लुक रखते हैं।

जौनपुर के खुटहन थाना क्षेत्र स्थित बिशुनपुर गांव में शिष्य अभिषेक मिश्र का आवास है। कम उम्र में ही महंत नरेंद्र गिरि के शिष्य ने बड़ा साम्राज्य खड़ा कर लिया है। बिशुनपुर गांव में अभिषेक मिश्र की बड़ी सी हवेली भी चर्चा का विषय बनी हुई है। उनके पिता गांव में ही पशु आहार की दुकान चलाते हैं। अगर इस मामले में जांच हुई तो कम उम्र में इतनी बड़े हवेली का राज भी खुल सकता है।

पशु आहार की दुकान चलाते हैं पिता

अभिषेक मिश्र के पिता सत्यप्रकाश मिश्र गांव में ही पशु आहार की दुकान चलाते हैं। परिवार की आजीविका इसी दुकान से चलती है। सत्यप्रकाश मिश्र के दो पुत्र हैं। बड़ा बेटा अम्बुज छोटा पुत्र अभिषेक दोनों ही कम उम्र में प्रयागराज चले गए थे। कम उम्र में ही है अभिषेक अखाड़े से जुड़ गया था। इसके बाद महंत नरेंद्र गिरि से उसकी नजदीकियां बढ़ गयी थीं। गांव वाले बताते हैं कि अभिषेक का परिवार सम्पन्न रहा है। अभिषेक के दादा और चाचा शिक्षक हैं।

गांव में रहने वालों ने नाम ना छापने की शर्त पर बताया कि 2 बीघे में आलीशान हवेली को अभिषेक ने ही बनवाया है।
गांव में रहने वालों ने नाम ना छापने की शर्त पर बताया कि 2 बीघे में आलीशान हवेली को अभिषेक ने ही बनवाया है।

2 बीघे में बनी है आलीशान हवेली

गांव में रहने वालों ने नाम ना छापने की शर्त पर बताया कि 2 बीघे में आलीशान हवेली को अभिषेक ने ही बनवाया है। बगल में एक किसान की जमीन को भी समझौता के तहत ले लिया गया। इस समझौते में लगभग 1 बीघा जमीन बदली गई। लगभग 1 साल पहले गांव में यह आलीशान हवेली बनकर तैयार हुई है। उनके हिसाब से इस हवेली के निर्माण में कुल 5-6 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।

इसके निर्माण में कोई भी स्थानीय मजदूर नहीं लगा था। सारे मजदूर बाहर से आये हुए थे। दबी जुबान में गांव के लोग यह कहते हैं कि हवेली बनने में महंत जी का आशीर्वाद है। वह कहते हैं कि हवेली जितनी खूबसूरत बाहर से लगती हैं उससे ज्यादा आलीशान अंदर से है।

व्यवहार कुशल है अभिषेक

गांव वालों का कहना है कि अभिषेक मिश्रा व्यवहार कुशल है। कम उम्र में ही उसे महंत नरेंद्र गिरि का आशीर्वाद मिल गया था। छल कपट जैसा कुछ भी नहीं है। पिता सत्यप्रकाश जो पशु आहार की दुकान चलाते हैं वह भी किराए पर ले रखी है। गांव में वह किसी भी तरह की दबंगई नहीं करते हैं ।

अभिषेक मिश्रा की सगाई में जौनपुर गए थे महंत

बिशुनपुर गांव में महंत के चहेते शिष्य अभिषेक मिश्रा के चाचा बताते हैं कि अभिषेक निहायत सीधा और शरीफ लड़का है। वह महंत जी के लाडले शिष्यों में से एक थे। कहते हैं कि महंत जी अभिषेक मिश्रा की सगाई में जौनपुर आए हुए थे। कथित सुसाइड के मामले की सीबीआई जांच में उनके चाचा कहते हैं कि इसमें बहुत बड़े लोगों का हाथ हो सकता है।

सीबीआई इस बात की जांच कर रही है कि आखिर महंत की हत्या हुई है या नहीं। यह मामला जमीन विवाद से जुड़ा लगता है। वह कहते हैं कि अभिषेक मिश्रा का परिवार इस समय प्रयागराज में है और जौनपुर में सिर्फ उनकी बड़ी मां रहती हैं।

खबरें और भी हैं...