बेरहम झांसी पुलिस, ड्राइवर के तोड़ दिए पैर:रात 1 बजे दरवाजा तोड़कर घर में घुसे पुलिसकर्मी , मोहल्ले वाले जगे तो कार छोड़कर भागे

झांसी8 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
हेमंड के दोनों पैर टूट गए। पत्� - Dainik Bhaskar
हेमंड के दोनों पैर टूट गए। पत्�

झांसी में बेरहम पुलिस का चेहरा सामने आया है। जहां दरोगा व 3 सिपाही मिलकर रात 1 बजे दरवाजा तोड़कर घर में घुसे और बंदूक की बटों से हमला कर एक ड्राइवर के दोनों पैर तोड़ दिए। उससे 50 हजार रुपए की डिमांड की, नहीं देने पर एनकाउंटर करने की धमकी दी।

जब वे ड्राइवर को घसीटकर अपनी निजी कार में डालने लगे तो मोहल्ले के लोग एकत्र हो गए। तब सभी पुलिसकर्मी कार छोड़कर भाग गए। अब पीड़ित चलने-फिरने में लाचार है। न्याय के लिए वह दर-दर की ठोकरें खा रहा है।
कमरे में सो रहा था हेमंत, तभी अंदर घुस आए पुलिसकर्मी

ऑटो से घायल पति हेमंत को लेकर एसएसपी कार्यालय पहुंची पत्नी।
ऑटो से घायल पति हेमंत को लेकर एसएसपी कार्यालय पहुंची पत्नी।

सीपरी बाजार थाना क्षेत्र के करारी निवासी हेमंत प्रजापति पुत्र चिंटूलाल अपनी गाड़ी चलाता है। उसने बताया कि 14 जनवरी की रात को वह घर पर सो रहा था। रात करीब 1 बजे सीपरी बाजार थाने का दरोगा व 3 सिपाही दरवाजा तोड़कर घर के अंदर आ गए। आरोप है कि कमरे में घुसकर उस पर लाठी-डंडों व बंदूक की बटों से हमला कर दिया। तब पत्नी विष्णुदेवी चिल्लाने लगी तो उसका मुंह दबा लिया। वे हेमंत से 50 हजार रुपए मांगने लगे, नहीं देने पर एनकाउंटर करने की धमकी देने लगे। डर कर पत्नी ने 10 हजार रुपए दे दिए।
शिकायत करने पर झूठे केस में फंसाने की धमकी दी
हेमंत का आरोप है कि जब वह फोन लगाने लगा तो पुलिसकर्मियों ने उसका मोबाइल छीन लिया। फिर दोबारा से उसके साथ मारपीट कर पैर तोड़ दिए। इससे वह बेहोश हो गया। तब उन्होंने हेमंत की पत्नी को धमकी दी कि अगर शिकायत दी तो परिवार के खिलाफ फर्जी केस दर्ज कर जेल भेज देंगे। तब वे बेहोश पति को अपनी निजी कार में डालने लगे। आवाज सुनकर आसपास के लोग एकत्र हो गए। तब सभी कार छोड़कर भाग गए।
112 पर कॉल की, थाने गए, पर सुनवाई नहीं हुई
पत्नी विष्णुदेवी का कहना है कि घटना के तुरंत बाद 112 पर कॉल किया। तब पुलिस मौके पर आई और पति का इलाज कराने के लिए बोला। तब पति को मेडिकल कॉलेज में भर्ती करवाया। इसके बाद वह सीपरी बाजार थाने में शिकायत करने गई, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई। बुधवार को दंपती शिकायत लेकर एसएसपी कार्यालय पहुंचे। साथ ही राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग, राष्ट्रीय महिला आयोग, सीएम व डीजीपी को शिकायत की प्रतिलिपि भेजी है।
छेड़छाड़ में जेल गया था हेमंत
हेमंत ने बताया कि करीब डेढ़ साल पहले एक महिला ने उसके ऊपर छेड़छाड़ का केस दर्ज कराया था। मामले में वह जेल गया था। आरोप है कि उसका महिला से कोई वास्ता नहीं है। लेकिन पुलिस कह रही है कि महिला के घर के आसपास घूमते हो। इसलिए परेशान कर रही है। महिला व पुलिस मिले हुए हैं। मामले में एसपी सिटी विवेक त्रिपाठी ने कहा कि मामला संज्ञान में नहीं है। शिकायत आई है तो निश्चित तौर पर जांच कराकर दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाएगी।