कन्नौज में बढ़ रहे डेंगू के मामले:बीते 24 घंटे में 13 नए मरीज मिले, कुल मरीजों की संख्या पहुंची 74, गांव-गांव में कैंप लगाकर इलाज कर रहे डॉक्टर, अब तक 11 ने तोड़ा दम

कन्नौज9 महीने पहले
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कन्नौज में बढ़ रहे डेंगू के मा� - Dainik Bhaskar
कन्नौज में बढ़ रहे डेंगू के मा�

कन्नौज जिले में बीते 24 घंटे में डेंगू के 13 मामले सामने आ चुके हैं। कुल डेंगू मरीजों की संख्या 74 पहुंच गई है। अभी तक 11 लोगों की डेंगू से मौत हो चुकी है, लेकिन जिला प्रशासन के आंकड़ों में डेंगू से अभी तक एक भी मौत नहीं हुई है. छिबरामऊ के कपूरपुर निवासी जुबेर और सौरिख के संजय नगर निवासी गगन की भी मौत डेंगू से हुई है। स्वास्थ्य विभाग डेंगू को रोकने में नाकाम साबित हो रहा है। कई गांव में स्वास्थ्य विभाग की टीम कैंप लगाकर मरीजों का उपचार कर रही है। गांवों में साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

लगातार बढ़ रहा मरीजों का ग्राफ

बता दें कि जिले में तकरीबन हर दिन डेंगू के मरीज मिल रहे हैं। मरीजों के ग्राफ लगातार बढ़ता जा रहा है। छिबरामऊ कोतवाली क्षेत्र के कपूरपुर गांव निवासी 24 वर्षीय जुबेर पुत्र शकील खां को कई दिनों से बुखार आ रहा था। आराम न मिलने पर परिजनों ने उसकी प्राइवेट लैब में डेंगू की जांच कराई‚ जिसमें डेंगू की पुष्टि हुई थी। जुबेर की हालत गंभीर होने पर परिजन उसे इलाज के लिए आगरा लेकर चले गए। वहां से इलाज के लिए लखनऊ लेकर आए। यहां एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान जुबेर की मौत हो गई।

कैंप लगाकर डॉक्टर कर रहे मरीजों का इलाज

इसी तरह सौरिख थाना क्षेत्र के संजय नगर मोहल्ला निवासी 13 वर्षीय गगन पुत्र मुकेश शाक्य बीते दो माह से बुखार से पीड़ित चल था। हालत में सुधार न होने पर परिजन गगन को सैफई लेकर गए थे। वहां पर भी हालत में सुधार होता न देख वापस घर लेकर आ गए। रविवार को अचानक हालत बिगड़ने पर परिजन उसे दोबारा सैफई मेडिकल कॉलेज ले गए, जहां गगन की इलाज के दौरान मौत हो गई। शहर हो या गांव सभी जगह डेंगू मरीजों की संख्या बढ़ रही है। डेंगू के नोडल अधिकारी हों या अन्य डॉक्टर सभी कैंप लगाकर मरीजों का उपचार कर रहे हैं। आज जिला अस्पताल की इमरजेंसी में बुखार के मरीजों की भीड़ लगी हुई है। सभी मरीजों को डेंगू समेत अन्य जांचें कराने के लिए लिखा गया है।

जिले के इन मोहल्लों में मिले डेंगू के मरीज

रविवार को शहर के मोहल्ले शेखाना, काजीपुरा टीला, ग्वाल मैदान, कांशीराम कलोनी, गौरीशंकर के अलावा तिखवा, दाईपुर, चिंतामणि में डेंगू के रोगी मिल चुके हैं। लगातार गांव और शहर के मोहल्लों में डेंगू के मरीज बढ़ रहे हैं। विभाग ने डेंगू प्रभावित तिखवा, अहमदपुर रौनी, मढ़हरपुर, गौरियापुर, सौसरापुर समेत कई अन्य गांव में स्वास्थ्य विभाग की टीमों को भेजकर कैंप लगवाया है। यहां घर-घर मरीजों की खोज कराई गई। जो भी बुखार, खांसी, जुकाम से पीड़ित मिला, उसकी जांच कराई गई। इसके बाद उसे मौके पर ही दवा दी गई। जिले में अब तक सदर में 3 लोगों की बुखार की वजह से मौत हो चुकी है, जबकि सौरिख में 4, तिर्वा के रतापुरवा में 2, विशुनगढ़ में 1 व छिबरामऊ में 1 की मौत हो चुकी है, जबकि अब तक करीब 49 लोगों में डेंगू की पुष्टि हो चुकी है, लेकिन जिला प्रशासन की मानें तो बुखार से जिले में एक भी मौत नहीं हुई है. जिला प्रशासन के आंकड़ों में बुखार से मौतों का आंकड़ा शून्य है।

100 शैया अस्पताल में पहुंच रहे बुखार से पीड़ित मरीज

जिले के छिबरामऊ स्थित नगला दिलू स्थित 100 शैया अस्पताल में इस समय बुखार से पीड़ित मरीज अधिक पहुंच रहे हैं। सोवार को सुबह से ही तीमारदारों की भीड़ लगने लगी। इमरजेंसी वार्ड के बेड भरे हुए थे। गंभीर हालत में आने वाले मरीजों को उपचार मुहैया कराया गया। पहले से भर्ती मरीजों को स्वास्थ्य लाभ होने पर घर भेजा गया। 16 नए मरीज भर्ती किए गए। वहीं, गंभीर हालत के मरीजों को बेड न होने पर तिर्वा व कन्नौज रेफर किया गया। शनिवार को भी अस्पताल में 18 नए मरीज भर्ती किए गए थे। डेंगू की लहर को देखते हुए जिला प्रशासन भी अलर्ट मोड पर है, जिसको लेकर जिलाधिकारी लगातार मेडिकल कॉलेज सहित जिले के अस्पतालों का निरीक्षण कर रहे हैं। मेडिकल कॉलेज में भर्ती मरीजों की देखरेख के लिए 10-10 बेड के दो डेंगू वार्ड अलग से बनाए गए हैं और चिकित्सक सावधानी बरतने की बात कह रहे हैं।