कानपुर देहात में डीएम ने निकाली स्कूटी तिरंगा यात्रा:समस्त महिला अधिकारी हुई शामिल, लोगों को किया तिरंगा फहराने के लिए जागरूक

कानपुर देहात2 महीने पहले
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कानपुर देहात में आजादी के अमृत महोत्सव को धूमधाम से मनाने के लिए अब जिले की समस्त महिला अधिकारी व महिला शिक्षिकाएं भी सड़कों पर उतर चुकी हैं। हर घर तिरंगा अभियान को आम लोगों से जोड़ने के लिए जागरूकता रैली निकालकर आम लोगों तक पहुंच रही हैं। उन्हें जागरूक करने का काम कर रहे हैं। जिसके चलते आज जिलाधिकारी नेहा जैन के साथ अन्य विभागों की महिला अधिकारी व शिक्षिकाओं ने स्कूटी चला कर तिरंगा यात्रा रैली निकाली और लोगों को जागरूक करने का काम किया।

डीएम नेहा जैन ने खुद स्कूटी से रैली में हुई शामिल।
डीएम नेहा जैन ने खुद स्कूटी से रैली में हुई शामिल।

जिलाधिकारी ने दिखाई हरी झंडी
हर घर तिरंगा अभियान के तहत लोगों को जागरूक करने के लिए जिलाधिकारी नेहा जैन ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष से स्कूटी रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। खुद स्कूटी रैली में शामिल हो स्कूटी चलाकर हर घर तिरंगा अभियान में प्रतिभाग करते हुए लोगों को जागरूक करने का काम किया। कलेक्ट्रेट प्रांगण से प्रारंभ हुई स्कूटी रैली अकबरपुर कस्बे से होते हुए कलेक्ट्रेट प्रांगण आकर समाप्त हुई। इस दौरान लोगों को घर की छतों पर तिरंगा लगाने के लिए अधिकारियों के द्वारा जागरूक किया गया।

शिक्षकों के साथ निकाली तिरंगा यात्रा
जिलाधिकारी नेहा जैन ने बताया कि आजादी के अमृत महोत्सव पूरे देश में मनाया जा रहा है। इस अभियान में अधिक से अधिक लोगों को जोड़ने के लिए स्कूटी तिरंगा यात्रा निकाली गई है। इस स्कूटी तिरंगा यात्रा में लगभग 100 से 150 बेसिक शिक्षा विभाग की शिक्षिकाएं शामिल हुई है। हम सभी महिला ने मिलकर जागरूकता फैलाने के लिए स्कूटी तिरंगा यात्रा निकाली है।

शिक्षकों के साथ डीएम ने निकाली रैली।
शिक्षकों के साथ डीएम ने निकाली रैली।

उन्होंने कहा कि हम सभी ने आम लोगों को जागरूक करते हैं। लोग अपने अपने घरों में आजादी के अमृत महोत्सव का जश्न मनाते हुए घरों की छतों पर तिरंगा फहराएं। उन्होंने कहा कि आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले वीर सेनानियों को याद रखना हम सबके लिए जरुरी है। उन्होंने कहा कि हमारा इतिहास ही हमें संघर्ष और आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि हम सभी महिलाओं ने तिरंगा यात्रा निकाल कर यह भी बताने का प्रयास किया है कि 75 वर्षों में हमारा देश कहां से कहां पहुंच गया है जिसका जीता जागता उदाहरण यही है कि महिलाएं किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं और वह देश हित में कदम से कदम मिलाकर चल सकती हैं।