हैलट ओपीडी के समय एमआर के आने पर लगी रोक:हॉस्पिटल कैंपस में चला अभियान, फोटो खींच कर हिदायद देकर किया गया बाहर

कानपुर8 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
ओपीडी के दौरान एमआर को वार्निंग देती हैलेट प्रशासन की टीम - Dainik Bhaskar
ओपीडी के दौरान एमआर को वार्निंग देती हैलेट प्रशासन की टीम

हैलट अस्पताल में ओपीडी के समय अब मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव (एमआर) नहीं दिखाई देंगे l हैलेट प्रशासन ने मिली शिकायतों के बाद शनिवार को मरीजों के इलाज में खलल डालने वाले एमआर को बाहर किया l हैलट ओपीडी में ऐसे कई एमआर को पकड़कर उनकी फोटो खींची गई। साथ ही हिदायद देकर उन्हें बाहर कर दिया गया। इन फोटोज की मदद से अगर आगे भी इनमें से कोई एमआर ओपीडी टाइम में डॉक्टर्स के आसपास दिखेगा तो उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। हैलेट ओपीडी में हर दिन कानपुर आउट आसपास कर 14 जिलों के मरीजों कि संख्या कई हजार में रहती है l

मरीजों के इलाज में आती हैं दिक्कतें

बता दें कि हैलट ओपीडी में जब मरीजों की भीड़ लगी होती है तो उस वक्त ये एमआर वहां पहुंचकर डॉक्टरों की विजिट करने लगते हैं। इससे डॉक्टर्स का टाइम बर्बाद होता है और सभी मरीजों को नहीं देख पाते। इससे दूर-दराज से आने वाले मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता और कभी-कभार तो कुछ मरीज बिना डॉक्टर के परामर्श के ही बैरंग लौटने को मजबूर होते हैं।

मीडिया प्रभारी को मिल रही थी शिकायतें

इस तरह की शिकायतें लगातार मीडिया प्रभारी डॉ. गणेश शंकर को मिल रही थी। इस पर उन्होंने सख्ती दिखाते हुए ओपीडी टाइम में एमआर के प्रवेश पर बैन लगाने का फैसला लिया। उन्होंने हेल्प डेस्क इंचार्ज सुरेंद्र यादव को इस संबंध में कार्रवाई करने के आदेश दिए। इस पर सुरेंद्र कुमार ने कई बार इन एमआर को समझाया और हिदायत भी दी पर वह नहीं मानेl चेतावनी के बाद भी एमआर का ओपीडी टाइम पर आना जारी रहा।

हेल्प डेस्क इंचार्ज ने किया निरीक्षण

आज सुबह इसी कड़ी में जब हेल्प डेस्क इंचार्ज ओपीडी पहुंचे तो वहां उन्हें कई एमआर बैठ मिले। इस पर उन्होंने सुरक्षा कर्मियों की मदद से कुछ एमआर को पकड़ लिया। उनकी फोटो खिंचवाई और हिदायत दी गई कि अब अगर वह ओपीडी टाइम पर दिखे तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद इन एमआर को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया। इस पूरी कार्रवाई की जानकारी उन्होंने मीडिया प्रभारी डॉ. गणेश शंकर को दी।

आगे भी चलती रहेगी कार्रवाई

मीडिया प्रभारी ने बताया कि इस तरह की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। जब तक ओपीडी टाइम में विभिन्न दवा कंपनियों के एमआर का प्रवेश पूरी तरह से बंद नहीं हो जाता। उन्होंने कहा कि इसके लिए लगातार ओपीडी के निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए हैं।

खबरें और भी हैं...