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कृष्ण जन्मोत्सव के लिए बाजारों में भीड़:इस्कॉन में भोर 4.30 बजे से शुरू होंगे आयोजन, सनातन धर्म मंदिर में इस बार आयोजन नहीं

कानपुर4 महीने पहले
जन्माष्टमी के मौके पर भव्य रूप से सजाया गया जेके मंदिर। यहां लगे फव्वारे से निकले रंगों में मंदिर बेहद खूबसूरत लग रहा है।

भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव को मनाने के लिए बाजारों में खरीदारों की भीड़ उमड़ी हुई है। वहीं मंदिरों में झांकी के साथ भव्य सजावट की गई है। नंदलाल का जन्मोत्सव 19 अगस्त को शहर के प्रमुख मंदिरों में धूमधाम से मनाया जाएगा। इसके लिए जेके मंदिर, इस्कान मंदिर में तैयारियां लगभग अंतिम चरणों में हैं।

कानपुर जेके मंदिर में शाम को शुरू हुए अद्भुत फव्वारे ने लोगों को आनंद से भर दिया। पानी, रंग और सुरीली धुन के गठजोड़ से मंदिर में आने वाले भक्त फव्वारे को देखते ही रह गए।

शिवाला बाजार में अपने भगवान कृष्ण के लिए कपड़ों की खरीदारी करती युवती।
शिवाला बाजार में अपने भगवान कृष्ण के लिए कपड़ों की खरीदारी करती युवती।

2 वर्ष बाद मिलेगा मौका
2 वर्ष बाद कोरोना की बंदिशों से मुक्त होकर भक्त राधा-माधव के दर्शन करेंगे। जेके मंदिर में मध्यरात्रि को भगवान का जन्मोत्सव विधिवत रूप से मनाया जााएगा। वहीं, इस्कान मंदिर में 151 रजत कलशों से भगवान का अभिषेक पूजन किया जाएगा। मंदिर में भगवान के जन्म से बाल्यावस्था तक की मनोहारी झांकी भक्तों को दिखाई जाएगी।

शिवाला बाजार में लड्‌डु गोपाल के लिए कपड़े और पूजा का सामान खरीदती महिलाएं।
शिवाला बाजार में लड्‌डु गोपाल के लिए कपड़े और पूजा का सामान खरीदती महिलाएं।

इस्कान मंदिर में होगा भव्य आयोजन
मैनावती मार्ग स्थित इस्कान मंदिर की ओर से 18 से 21 अगस्त तक महाजन्मोत्सव मनाने के लिए पूरे शहर को आमंत्रित किया गया है। मंदिर को विदेशी पुष्पों से सजाया जा रहा है। राधा-माधव का शृंगार भी फूलों से किया जाएगा। मंदिर में सांस्कृतिक नृत्य, भजन गायन, कृष्ण लीला झांकी और रंगोली भक्तों को आकर्षित करेगी।

1008 प्रकार के पकवानों का भोग
इस्कॉन मंदिर में राधा-माधव का दिव्य स्नान एवं महाभिषेक किया जाएगा। महाआरती के बाद 1008 प्रकार के पकवानों का भोग अर्पित कर भक्त सुख-समृद्धि और परिवार कल्याण की कामना की जाएगी। जन्माष्टमी के अगले दिन नंदोत्सव मनाया जाएगा।

इस्कॉन मंदिर में भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन करते हुए भक्त।
इस्कॉन मंदिर में भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन करते हुए भक्त।

सनातन धर्म मंदिर में आयोजन नहीं
सनातन धर्म मंदिर में इस बार निर्माण के चलते जन्मोत्सव का आयोजन नहीं होगा। भक्त इस बार यहां झांकियों के दर्शन नहीं कर सकेंगे।

शहर में यहां होंगे भव्य आयोजन
जन्माष्टमी पर जेके मंदिर को मनोहारी लाइटों से सजाया जााएगा। शहर के कमला टावर स्थित द्वारिकाधीश मंदिर और बिरहाना रोड स्थित गीता मंदिर, काहू कोठी बागला मंदिर, हजारी लाल मंदिर लाठी मोहाल में जन्मोत्सव मनाया जाएगा।

इस्कॉन में सुबह से शुरू होंगे आयोजन

  • मंगला आरती भोर पहर 4.30 बजे।
  • गुरु पूजा सुबह 7.30 बजे।
  • शृंगार दर्शन सुबह आठ बजे से।
  • जन्माष्टमी कथा सुबह 8.15 से 9.45 बजे तक।
  • राजभोग आरती दोपहर 12.30 बजे से।
  • उठाना आरती शाम चार बजे से।
  • संध्या आरती शाम सात बजे से।
  • महाअभिषेक रात 11 से 12 बजे तक।
  • छप्पन भोग और महाआरती पूजन रात्रि 12 बजे से।
  • इन मंदिरों में भी चली आ रही जन्मोत्सव की परंपरा