स्टॉफ की कमी से रुकी GSVM सुपर स्पेशियलिटी ओपीडी:शासन से था स्टाफ-डॉक्टरों के बिना मरीजों को देखने का फरमान

कानपुर8 महीने पहले
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हैलट अस्पताल के सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक में 15 जून से शुरू होगी ओपीडी। - Dainik Bhaskar
हैलट अस्पताल के सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक में 15 जून से शुरू होगी ओपीडी।

हैलट अस्पताल में 200 करोड़ रुपये से बने जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज का सुपर स्पेशियलिटी पीजीआई की ओपीडी 15 जून से शुरू होगी। चिकित्सा शिक्षा विभाग की विशेष सचिव शुभ्रा सक्सेना के साथ हुई बैठक में सचिव ने यह फरमान दिया था की सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक की ओपीडी 24 मई यानी मंगलवार से इसे शुरू किया जाए। जिसपर मेडिकल कॉलेज की उप प्राचार्य डॉ रिचा गिरी ने हामी भी भर दी थी। लेकिन बाद में स्टाफ की कमी का हवाला देते हुए प्राचार्य प्रो संजय काला ने इसे टाल दिया और जुलाई 15 के बदले इसे 15 जून से शुरू करने का निर्णय लिया है।

इस बारे में और जानकारी देते हुए प्रो संजय काला ने बताया, सचिव ने हमको जल्द से जल्द इसे शुरू करने के आदेश दिए थे, लेकिन बिना स्टाफ और हैंडओवर लिए हम इसे कैसे शुरू कर सकते है। अभी तक निर्माण एजेंसी ने हमको इन बिल्डिंग का हैंडओवर तक नहीं दिया है। साथ ही इसके लिए न तो अलग से स्टाफ नियुक्ति हुई है और नाही नए डॉक्टरों की। ऐसे में ओपीडी शुरू करना आसान बात नहीं होगी। मैंने 15 जुलाई की तारीख इस लिए दी थी ताकि सारे काम जो अब तक नहीं हुए है वो हो जाए, लेकिन सचिव और अस्पताल में मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए मैंने इसे 15 जून से शुरू करने का निर्णय लिया है।

यह ओपीडी शुरू होनी है
डॉ संजय काला ने बताया, हम लोग सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में कई विभागों की नई ओपीडी खोलेंगे जिनमें फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन, एंडोक्रिनोलॉजी डिपार्टमेंट, यूरोलॉजी, पेन एंड पैलिएटिव, न्यूरो रेडियो डायग्नोस्टिक डिपार्टमेंट, गैस्ट्रोएंटरोलॉजी डिपार्टमेंट, न्यूरो सर्जरी डिपार्टमेंट का विस्तार और न्यूरोलॉजी विभाग का भी विस्तार किया जाएगा। इसके अलावा कई नए विभाग जैसे ऑर्थोप्लास्टी और गैस्ट्रो मेडिसिन भी खोले जाएगा। इन सभी विभागों में 5 अलग अलग स्पेशलिस्ट होंगे जिनमे प्रोफेसर, एक एसोसिएट प्रोफेसर, एक असिस्टेंट प्रोफेसर, एक सीनियर रेजिडेंट और एक रेजिडेंट शामिल।

न्यूरोराडियोलॉजी का अगल विभाग होगा
प्रो काला ने बताया, इस सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक में न्यूरोराडियोलॉजी का एक अलग विभाग स्थापित किया जाएगा जिसमें जांच को विस्तृत करने के लिए इस सेंटर में रीढ़, मस्तिष्क और तंत्रिकाओं की केंद्रित रेडियोलॉजिकल जांच हो सकेगी। इस विभाग के लिए दो करोड़ से ज्यादा के इक्विपमेंट्स जैसे सबसे एडवांस सीटी स्कैन मशीन, एमआरआई मशीन और ईसीजी मशीन आ चुके है। इसके अलावा इस सेंटर के लिए कलर डॉप्लर और एडवांस डिजिटल एक्स-रे मशीनें भी खरीदी जा चुकी है।