लखीमपुर हिंसा की इनसाइड स्टोरी:15 घंटे पहले डिप्टी CM को बाईरोड आने को कहा, कार्यक्रम से 8 घंटे पहले किया गया अलर्ट; पर नहीं बदला प्रोग्राम

लखीमपुर9 महीने पहलेलेखक: रवि श्रीवास्तव
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लखीमपुर खीरी में किसानों के आंदोलन के दौरान हुई हिंसा में 8 लोगों की मौत के बाद प्रदेश का माहौल गर्म हो गया। यह कार्यक्रम कई दिनों से सुर्खियों में था, क्योंकि किसानों ने विरोध जताने की पहले ही घोषणा कर दी थी। इसलिए लोकल इंटेलिजेंस यूनिट (LIU) काफी सक्रिय था। इस उपद्रव से करीब 15 घंटे पहले डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य का कार्यक्रम बदला गया था। उनको हेलिकॉप्टर की बजाए सड़क से आने को कहा गया था। कार्यक्रम से 8 घंटे पहले एक और अलर्ट दिया।

लोकल इंटेलिजेंस और लोकल पुलिस ने गृह राज्य मंत्री को बनवीरपुर गांव जाने से मना किया। हालांकि, उन्होंने इसे नजरअंदाज कर दिया। दोपहर करीब 2 बजे जब उनका काफिला तिकोनिया चौराहे पर पहुंचा तो यह बवाल हो गया। अजय मिश्रा टेनी के बेटे आशीष मिश्रा उर्फ 'मोनू' पर आरोप है कि प्रदर्शन कर रहे किसानों पर उन्होंने गाड़ी चढ़ा दी। घटना में 8 लोगों की मौत हुई है। इनमें से 4 किसान बताए गए हैं।

एक दिन पहले ही बदला गया था डिप्टी सीएम का कार्यक्रम
शनिवार यानी 2 अक्टूबर को डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के लखीमपुर जाने का कार्यक्रम तय हो गया था। लखीमपुर में उन्हें कई कार्यक्रमों के साथ केंद्रीय गृह राज्य मंत्री के पैतृक गांव बनवीरपुर में दंगल प्रतियोगिता का शुभारंभ करना था। किसानों को जब कार्यक्रम पता चला तो उन्होंने प्रदर्शन कर विरोध जताने का निर्णय लिया। LIU को जब इसकी सूचना मिली तो सूचना उच्चाधिकारियों को दी गई। देर रात डिप्टी सीएम का हेलीकाप्टर से लखीमपुर आना कैंसिल हो गया। सड़क मार्ग से जाना तय हुआ।

इस उपद्रव से करीब 15 घंटे पहले डिप्टी सीएम का कार्यक्रम बदला गया।
इस उपद्रव से करीब 15 घंटे पहले डिप्टी सीएम का कार्यक्रम बदला गया।

सुबह 6 बजे से हेलीपैड पर किसान इकठ्ठा होने लगे
अजय मिश्र टेनी के गांव बनवीरपुर गांव से लगभग 4 किलोमीटर दूरी पर महाराजा अग्रसेन इंटर कॉलेज में डिप्टी सीएम के हेलिकॉप्टर के लिए अस्थाई हेलीपैड बनाया गया था। 26 सितंबर को किसानों के विरोध में अजय मिश्र के दिए विवादित बयान के खिलाफ किसानों में आक्रोश था। जिसकी वजह से किसान रविवार सुबह 6 बजे से हेलीपैड पर इकठ्ठा होना शुरू हो गए। सुबह 8 बजे तक लगभग 5 हजार किसान ट्रैक्टर-ट्राली और हाथों में काला झंडा लेकर हेलीपैड पर कब्जा कर चुके थे।

किसानों को पुलिस अधिकारी समझाने में जुटे रहे

पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे। उन्होंने किसानों को समझाना शुरू किया, लेकिन किसान नहीं माने। उनका कहना था कि हमें चुनौती दी गई है कि मंत्री हमें सुधार देंगे तो हम भी देखना चाहते हैं कि कैसे हमें सुधारा जाएगा। हम 10 महीनों से आंदोलन कर रहे हैं। हमें धमकाया जा रहा है। इस दौरान पुलिस को किसानों को समझाने का प्रयास विफल रहा।

अजय मिश्र टेनी के गांव बनवीरपुर से लगभग 4 किमी दूर महाराजा अग्रसेन इंटर कॉलेज में डिप्टी सीएम के हेलीकाप्टर के लिए अस्थाई हेलीपैड बनाया गया था। किसान यहां मौजूद थे।
अजय मिश्र टेनी के गांव बनवीरपुर से लगभग 4 किमी दूर महाराजा अग्रसेन इंटर कॉलेज में डिप्टी सीएम के हेलीकाप्टर के लिए अस्थाई हेलीपैड बनाया गया था। किसान यहां मौजूद थे।

दोपहर 12.20 पर पहुंचे जिला मुख्यालय
सड़क मार्ग से होते हुए दोनों भाजपा नेता और पार्टी की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और धौरहरा सांसद रेखा अरुण वर्मा भी लखीमपुर लगभग 12.20 पर पहुंची। सीधे वह वंदन गार्डन पहुंचे जहां 1 करोड़ 70 लाख की योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास का कार्यक्रम था। इससे पहले यहां किसानों का प्रदर्शन देखते हुए पुलिस ने फोर्स बढ़ा दी। गेट भी बंद कर दिया गया। मौर्या और अजय मिश्रा यहां लगभग 1 घंटे तक रहे।

अजय मिश्रा टेनी बोले- हमारी सरकार किसान विरोधी नहीं है
कार्यक्रम खत्म होने के बाद अजय मिश्रा टेनी से पूछा गया कि तिकोनिया में किसानों ने हेलीपैड पर कब्जा कर लिया है। आपके खिलाफ नारे लगाये जा रहे हैं। क्या आप बनवीरपुर गांव जाएंगे? इस सवाल के जवाब में अजय मिश्रा टेनी ने कहा कि हमारी सरकार किसान विरोधी नहीं है और न ही हम किसान विरोधी है और न किसान हमारे विरोधी हैं। हम जाएंगे किसानों से भी बात होगी। हमारी सरकार किसानों के लिए योजनाएं चला रही है। जिससे किसान लाभान्वित हो रहे हैं।

वंदन गार्डन में 1 करोड़ 70 लाख की योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास का कार्यक्रम था।
वंदन गार्डन में 1 करोड़ 70 लाख की योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास का कार्यक्रम था।

40 से ज्यादा गाड़ियों का काफिला दोपहर 3.45 पर तिकोनिया पहुंचा

कार्यक्रम में पुलिस की चेतावनी को नजरअंदाज करते हुए मंत्री का 40 से ज्यादा गाड़ियों का काफिला बनवीरपुर गांव के लिए निकल गया। इस दौरान जगह जगह डिप्टी सीएम का स्वागत भी किया गया। इस बीह पुलिस के निर्देश पर किसानों का प्रदर्शन को देखते हुए मंत्री के काफिले का रूट बदल दिया गया। जबकि लगभग दोपहर 3।45 पर मंत्री के बेटे के साथ मौजूद गाड़ियां तिकोनिया चौराहे पर पहुंची। इस चौराहे से बनवीरपुर गांव लगभग 4 किमी है। जबकि जहां किसानों ने हेलीपैड पर कब्जा जमाया था वह मात्र 50 मीटर की दूरी पर है।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जब काफिला पहुंचा तो लगभग 20 हजार प्रदर्शनकारी किसान वहां मौजूद थे। आरोप है कि पीछे गाड़ी में आ रहे अजय मिश्रा टेनी के बेटे आशीष मिश्रा की कार किसानों को कुचलते हुए गुजर गई। लहूलुहान किसानों को देखकर वहां मौजूद दूसरे किसान आक्रोशित हो गए।

गांव को बना दिया गया छावनी
घटना के बाद वहां अफरा तफरी का माहौल बन गया। पुलिसकर्मी जहां मौके पर स्थिति संभालने में जुटे थे। वहीं डिप्टी सीएम और गृह राज्य मंत्री की सुरक्षा का भी सवाल था। देखते ही देखते बनवीरपुर गांव को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया। इसके लगभग 2 घंटे बाद यानी पौने 6 बजे के आसपास डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और अजय मिश्रा टेनी को उनके परिवार सहित गांव से निकाल लिया गया।

लहूलुहान किसानों को देखकर वहां मौजूद दूसरे किसान आक्रोशित हो गए और उन्होंने तीन गाड़ियों में आग लगा दी।
लहूलुहान किसानों को देखकर वहां मौजूद दूसरे किसान आक्रोशित हो गए और उन्होंने तीन गाड़ियों में आग लगा दी।
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