यूपी में रिटायर्ड IAS 6 घंटे नजरबंद:एसपी सिंह बोले- पुलिस ने पूछा किस-किस नेता से हैं रिश्ते, मुझे उठाकर ले जाने का अल्टीमेटम दिया

लखनऊ7 महीने पहले
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यूपी पुलिस ने पूर्व आईएएस अफसर सूर्य प्रताप सिंह को शनिवार को 6 घंटे नजरबंद रखकर कड़ी पूछताछ की। उनके खिलाफ 6 मुकदमे दर्ज हैं। सिंह ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनका मोबाइल फोन छीनकर कमरे में बंद रखा। इस दौरान कई सवाल दागे। पुलिस ने उनके द्वारा सोशल मीडिया पर शेयर फोटो, वीडियो और ऑडियो से जुड़े सवाल भी पूछे। सिंह ने कहा कि उनके खिलाफ दर्ज किसी भी मुकदमे को सरकार कोर्ट में साबित नहीं कर पाएगी। इसलिए उनका मानसिक उत्पीड़न करके योगी सरकार उन लोगों को मैसेज देना चाहती है, जो सरकार की नाकामियों और उसकी खामियों के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं। बताया जा रहा है कि उन्नाव और लखनऊ के गोमती नगर थाने से करीब 12 पुलिसकर्मियों की टीम सुबह 11 बजे एसपी सिंह के घर पहुंच गई। वह कुछ समझ पाते इसके पहले पुलिस ने उनका फोन छीनकर कमरे में बंद कर दिया।

सिंह पर दर्ज हैं ये 6 मामले
एसपी सिंह पर कानपुर, उन्नाव और बनारस में एक-एक मुकदमा दर्ज है। इसके अलावा तीन मुकदमे पुराने हैं। पिछले दिनों सीएम योगी के सपोर्ट में ट्वीट पर 2 रुपए दिए जाने का ऑडियो वायरल करने के आरोप में मुकदमा कानपुर में दर्ज है। इसके अलावा गंगा में शव उतराने के मामले में किए गए ट्वीट पर उन्नाव में मामला दर्ज है। एक मामला बनारस में नाले में कोविड पेशेंट का शव मिलने पर किए गए ट्वीट को लेकर दर्ज किया गया था।

गंगा में उतराते शवों को लेकर पूछे सवाल
एसपी सिंह ने बताया कि पुलिस ने उनसे गंगा में उतराते शव के मामले में हुई FIR से जुड़े सवाल भी किए। इसके बाद बनारस में नाले में मिले कोविड मरीज के शव के बारे में पूछताछ की। आखिर में सरकार के प्रमोशन के लिए 2 रुपए में करवाए जा रहे ट्वीट का ऑडियो वायरल करने के बारे में जानकारी ली।

गांव, परिवार और रिश्तेदारों के बारे में भी मांगी जानकारी

सिंह ने बताया कि पुलिस ने उनसे गांव, परिवार और रिश्तेदारों की जानकारी मांगी। इसके साथ उनके पेशे और रहन-सहन के बारे में पूछताछ की। खेती बाड़ी, प्रॉपर्टी और आमदनी के साधन को लेकर दर्जनों सवाल किए ,जिसका केस से कोई लेना-देना नहीं है। सिंह के मुताबिक पुलिस उनसे पूछा कि आपका आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह से क्या संबंध है। किस पार्टी का कौन नेता आपसे मिलने आता है। जब मैंने विपक्ष के साथ बीजेपी के कुछ मंत्रियों और विधायकों के नाम गिनाने शुरू किए तो पुलिस टीम ने मुझे चुप करवा दिया।

दोबारा आने का अल्टीमेटम दिया
सिंह ने बताया कि पुलिस उन्नाव कोतवाली में दर्ज जिस केस के सिलसिले में पूछताछ कर रही थी, उसमें कोर्ट ने अरेस्ट स्टे दे रखा है। बावजूद इसके उस मामले में बयान के लिए 8 जून को कोतवाली बुलाया गया है। पुलिस वालों ने जाते-जाते अल्टीमेटम दिया कि तय तारीख पर नहीं पहुंचे तो घर से उठाकर ले जाएंगे। दो अन्य मामलों में पुलिस ने उन्हें बयान के लिए धारा 41 का नोटिस दिया है।

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