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BSP की 53 नामों की पहली लिस्ट जारी:इनमें 14 मुस्लिम और 9 ब्राह्मण चेहरे, 12 उम्मीदवार पिछड़े वर्ग से; महिलाएं सिर्फ 3

7 दिन पहले

BSP सुप्रीमो मायावती ने अपने जन्मदिन पर पहले चरण के लिए 53 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी कर दी है। बाकी 5 सीटें एक-दो दिनों में जारी कर दिए जाएंगे। चुनाव की कमान सतीश मिश्रा और आनंद को दी है। मायावती ने कहा कि बीएसपी इस बार उत्तर प्रदेश में सत्ता में वापसी आएगी। लोग बीएसपी के पिछले कामकाज के आधार पर वोट देंगे और सत्ता में लाएंगे। मुस्लिम बाहुल्य सीटों पर मुस्लिमों को उम्मीदवार बनाया है। 53 में से 14 उम्मीदवार मुस्लिम हैं। 9 चेहरे ब्राह्मण हैं। एससी कैटेगिरी के 9 , 4 क्षत्रिय और 12 चेहरे पिछड़े वर्ग से हैं। इनमें जाट, गुर्जर और यादव हैं। जबकि महिला प्रत्याशी सिर्फ 3 हैं। मायावती ने कहा हम किसी पार्टी से गठबंधन नहीं कर हरे हैं। हमें पूरा भरोसा है कि हमें इस बार पूर्ण बहुमत मिलेगा।

बसपा की लिस्ट को ऐसे समझिए...

वर्ग/ जातिकितने फीसदी
मुस्लिम26.41
ब्राह्मण16.98
दलित-16.98
ओबीसी22.64
वैश्य7.54
अन्य9.43

देखिए पूरी सूची....

मायावती ने कहा कि कई लोग यहां पर दल बदलने की राजनीति कर रहे हैं, लेकिन इस बार ये सब काम नहीं आने वाला है। सरकार ने जनता से साथ धोखा किया। BJP ने जो वादे किए थे। उनमें से कई वादे आज तक अधूरे है। मायावती ने कहा कि मैं सभी कार्यकर्ताओं का आभार करता हूं। मायावती से स्वामी प्रसाद मौर्य के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि वो क्या मुझे मुख्यमंत्री बनाएगा। भाजपा वाले उसे 5 साल ढोते रहे। उसकी लैंग्वेज देखिए कैसी है। बाबा साहेब आंबेडकर जातिवादी व्यवस्था के खिलाफ थे।

कोरोना के कारण जिनके यहां मृत्यु हुई है ऐसे कमजोर तब के लोगों को मदद की जा रही है। विधानसभा चुनाव के कारण आचार संहिता लगने से मदद नहीं हो पा रही है। हमारी पार्टी हमेशा से मदद करने वाली पार्टी है। यही कारण है कि 4 बार बीएसपी ने सरकार चलाई है और सरकार में रहते हुए मेरे जन्मदिन के अवसर पर हर बार नई जनहित की योजनाएं चलाई।

जब तक कांशीराम स्वस्थ रहे वो खुद ही सब जिम्मेदारी संभालते थे और मैं चुनाव लड़ती थी। पार्टी मूवमेंट को देखते हुए पार्टी के उम्मीदवारों को ही चुनाव जिताने का मैंने संकल्प लिया है। मैं प्रत्यक्ष रूप से चुनाव नहीं लड़ूंगी, लेकिन जीत दर्ज कर अप्रत्यक्ष रूप से मदद करूंगी। हमे सत्ता में आने से रोकने के लिए विपक्ष कई हथकंडे अपना रहे हैं। मायावती ने अपनी पुस्तक का विमोचन किया।

मायावती की बड़ी बातें

  • मेरे जन्मदिन पर हर साल पार्टी के लोग अपने सामर्थ्य से जरुरतमंदों की मदद करते हैं।
  • इस समय जहां चुनाव हैं, वहां आचार संहिता लगने से इस बार पार्टी के लोग मेरे जन्मदिन पर जरुरतमंदों की मदद नहीं कर पा रहे हैं।
  • बसपा गरीब, प्रबुद्ध, पिछड़ों के साथ खड़ी है। हम सत्ता में वापसी कर सरकार बनाएंगे।
  • यूपी की जनता पिछले कामकाजों को देखते हुए बसपा की सरकार एक बार फिर बनाएगी।
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