लखनऊ की रहने वाली एक्टर फारुख जफर का निधन:लंबी बिमारी के चलते निजी अस्पताल में चल रहा था इलाज, 88 साल की उम्र में ली अंतिम सांस

लखनऊ7 महीने पहले
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फारुख जफर के पति एक स्वतंत्रता सेनानी और पत्रकार थे। बाद में उन्होंने राजनीति में एंट्री कर ली थी उनकी दो बेटियां हैं। - Dainik Bhaskar
फारुख जफर के पति एक स्वतंत्रता सेनानी और पत्रकार थे। बाद में उन्होंने राजनीति में एंट्री कर ली थी उनकी दो बेटियां हैं।

शानदार अभिनय करने वालीं फारुख जफर का 88 साल की उम्र में शुक्रवार शाम 7 बजे निधन हो गया। कुछ दिन पहले तबीयत खराब होने, सांस लेने में दिक्कत होने और सर्दी-जुकाम व जकड़न होने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। फारुख जफर के पति एक स्वतंत्रता सेनानी और पत्रकार थे। बाद में उन्होंने राजनीति में एंट्री कर ली थी उनकी दो बेटियां हैं। एक शाहीन जो लखनऊ के विशेष खंड में रहती हैं और दूसरी वरिष्ठ पत्रकार व लेखक महरू जाफर हैं। बेगम उन्हीं के पास रहती थीं। महरू जाफर के अनुसार उन्हें शनिवार को सुबह 10.30 बजे मल्लिका जहां कब्रिस्तान एशबाग में दफन किया जाएगा।

जानें कौन थी 'गुलाबो सिताबो' की बेगम फारुख जफर
फारुख जफर ने पहली बार अपने बॉलीवुड करियर की शुरुआत साल 1981 में आई फिल्म 'उमराव जान' से की थी। इस फिल्म में उन्होंने रेखा के किरदार 'अमीरन' उर्फ 'उमराव जान' की मां का रोल निभाया था। हालांकि फिल्मों में आने से पहले फारुख जफर ने 1963 में लखनऊ के विविध भारती रेडियो स्टेशन में बतौर अनाउंसर काम शुरू किया था। ऐसा माना जाता है कि वह भारत की पहली महिला रेडियो अनाउंसर थीं। यही नहीं फारुख जफर ने बॉलीवुड के तीनों खान- शाहरुख, आमिर और सलमान संग काम किया हुआ है। उनके मुताबिक सभी के साथ उनके काम का एक्सपीरियंस अच्छा था।

इसके साथ ही फारुख ने टीवी शोज जैसे 'हुस्न-ए-जाना', 'आधा गांव' और 'नीम का पेड़' में भी काम किया। इसके साथ ही फारुख जफर ने शाहरुख खान स्टारर फिल्म 'स्वदेश' में भी काम किया हैं। इस फिल्म से उन्हें सही मायने में पहचान मिली। फारुख ने साल 2004 में फिल्म 'स्वदेश' में काम करने के 23 साल बाद फिल्मों में कमबैक किया था। इसके बाद उन्होंने पीपली लाइव, पार्चड, सुल्तान और सीक्रेट सुपरस्टार जैसी फिल्मों में काम किया था।

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