पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

आईएमए का योगगुरु पर जोरदार पलटवार:बाबा रामदेव के बयान पर आग बबूले हुए डॉक्टर,जल्द एक्शन लेने की उठी मांग

लखनऊ25 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
डॉ जेडी रावत - सचिव,
आईएमए एएमएस - यूपी चैप्टर - Dainik Bhaskar
डॉ जेडी रावत - सचिव, आईएमए एएमएस - यूपी चैप्टर

मंगलवार को एलोपैथी चिकित्सकों पर दिए गए बाबा रामदेव के बयान के बाद एक बार फिर आईएमए आग बबूला हो गया है।यूपी के आईएमए एसोसिएशन के कई डॉक्टर बाबा रामदेव पर बुधवार को पलटवार करते दिखे।ज्यादातर का यही मानना रहा कि अब रामदेव के खिलाफ एक्शन होना चाहिए।उनको सरकार की तरफ से जरुरत से ज्यादा छूट दे दी गई है जिसका वो नाजायज फायदा उठा रहे है।दैनिक भास्कर ने इस मुद्दे पर यूपी के चिकित्सकों के एसोसिएशन से जुड़े पदाधिकारियों से बाबा रामदेव के बयान पर प्रतिक्रिया जानी तो सुनिए क्या था उनका कहना -

रामदेव योग गुरु है आयुर्वेद चिकित्सक नही -

यूपी आईएमए एएमएस चैप्टर के सचिव व केजीएमयू के वरिष्ठ सर्जन डॉ जेडी रावत कहते है कि बाबा रामदेव योग गुरु हैं न कि आयुर्वेद चिकित्सक इसलिए उनका ऐसा बयान देना उचित नहीं है।हालांकि लगातार वह ऐसे बयान दे रहे हैं जिसे प्रतीत होता है वह सुर्खियों में रहना चाहते हैं उन्हें जिस विषय की उन्हें जानकारी नहीं है उसके बारे में उनका बोलना अनुचित है।अब समय आ गया है।उनके ऐसे बयानों पर रोक लगे या फिर उनके खिलाफ ठोस एक्शन हो।यह बेहद जरुरी है।

डॉ रमा श्रीवास्तव - आईएमए प्रेसिडेंट - लखनऊ
डॉ रमा श्रीवास्तव - आईएमए प्रेसिडेंट - लखनऊ

अब होना चाहिए बाबा रामदेव के खिलाफ एक्शन -

लखनऊ की आईएमए प्रेजिडेंट डॉ रमा श्रीवास्तव कहती है कि चिकित्सकों के मन में बाबा रामदेव के लिए अब तक बहुत सम्मान था पर लगातार उनके बयानों विवादित बयानों ने उनकी छवि को बेहद नुकसान पहुंचाया है।वह अब नेगेटिव बयान देकर अपने बिजनेस को बढ़ावा देना चाहते है।इसके अलावा उनका मकसद ऐसे बयान देकर वह क्या साबित करना चाहते हैं यह तो वही बता सकते हैं पर इतना जरूर है कि वह जो कुछ भी बोल रहे हैं उसका सच्चाई से कोई वास्ता नहीं कोरोना काल में चिकित्सकों जो कुछ किया है वह सबके सामने हैं और ऐसे बयान हम चिकित्सकों का उत्साहवर्धन के बजाय मोरल डाउन करते हैं। सरकार को तत्काल में हस्तक्षेप करना चाहिए आखिर बाबा रामदेव मेडिकल साइंस के बारे में जानते ही क्या है?

डॉ शलभ - प्रभारी - इंडियन अकादमी ऑफ पीडियाट्रिक,यूपी चैप्टर
डॉ शलभ - प्रभारी - इंडियन अकादमी ऑफ पीडियाट्रिक,यूपी चैप्टर

बाबा रामदेव को करे इग्नोर -

वही इंडियन पीडियाट्रिक एसोसिएशन के प्रदेश प्रभारी डॉ शलभ ने इस पूरे मामले में कुछ भी बोलेने से बचते दिखे।उनका कहना है कि ऐसा प्रतीत होता है कि बाबा रामदेव अपने निजी हित को ध्यान में रखकर ऐसे बयान दे रहे है।उनको ऐसे बयानों से हो सकता है कोई बड़ा फायदा होने वाला है पर देश व आम जनता को इससे नुकसान होता ही नज़र आता है।मेरा यह मानना है कि इनको पूरी तरह से इग्नोर किया जाना चाहिए।

गौरतलब है कि बाबा रामदेव ने मंगलवार को एलोपैथी पर निशाना साधते हुए कहां था कि 'ड्रग माफियाओं द्वारा तैयार सिलेबस पढ़ रहे डॉक्टर, मैं बोलता हूं तो मुझ पर गुर्राते हैं'।अंग्रेजी चिकित्सक जिसे एविडेंस बेस्ड सिलेबस बोलते हैं वो सिर्फ ड्रग इंडस्ट्री द्वारा दिया गया सिलेबस है।

खबरें और भी हैं...