भ्रष्टाचार के मामले में निमायक हुआ सख्त:23 इंजीनियरों का तबादला करने के बाद अब बर्खास्त करने की हो सकती कार्रवाई ,उपभोक्ता परिषद की शिकायत पर आयोग सख्त

लखनऊ22 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
नोएडा मामले में सख्त कार्रवाई की तैयारी। - Dainik Bhaskar
नोएडा मामले में सख्त कार्रवाई की तैयारी।

नोएडा में गलत तरीके से गलत कनेक्शन देने का मामला बढ़ता जा रहा है। उप्र राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के बाद अब नियामक आयोग ने एक सप्ताह में पावर कॉरपोरेशन से रिपोर्ट मांगी है। बताया जा रहा है कि अब इस मामले में आरोपी 23 इंजीनियरों पर सख्त कार्रवाई तय है। इसमें बर्खास्त होने का खतरा बढ़ गया है।

नोएडा और ग्रेटर नोएडा में जेई, एसडीओ , एक्सईएन और एसई स्तर के इंजीनियरों ने मिलीभगत कर गलत तरीके से अस्थायी कनेक्शन दे दिया था। इसके बाद इसकी जांच बैठी थी। इसमें सभी आरोपी का तबादला कर दिया गया है। लेकिन उपभोक्ता परिषद ने मामले में 100 करोड़ रुपए से ज्यादा का घोटाला होने की बात कही थी। इसके बाद परिषद के अध्यक्ष अवधेश वर्मा ने नियामक आयोग में प्रत्यावेदन दाखिल कर दिया था। इसमें इनवैस्टिगेशन अथॉरिटी बनाकर नोएडा में जांच कराए जाने की मांग की थी। यहां तक की खुद अवधेश वर्मा ने नियामक आयोग के चेयरमैन आरपी सिंह से बातचीत की थी। उन्होंने पूरे मामले में उच्च स्तरीय जांच की मांग उठाई थीं। जिससे कि पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम में तैनात कई उच्च अधिकारियों पर कार्रवाई हो सके।

फाइल गायब करने का काम हो रहा है

परिषद ने यह भी आरोप लगायाथा कि जांच के नाम पर खानापूर्ति की जा रही है। सूत्रों का कहना है कि इस मामले में अभियंता संघ से जुड़े कई इंजीनियर आरोपियों को बचाने में लगे हैं। अवधेश वर्मा ने कहा कि इस मामले को दबाने के लिए केवल रजिस्टर में खाना पूर्ति करते हुए नाम दर्ज कर पत्रावलियों को गायब किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 2 किलोवॉट के कनेक्शन पर 16 स्क्वायर एमएम की केबिल डाली गई। यहां बिल्डरों ने विभागीय इंजीनियरों की मदद से बिजली चोरी की। खेल करने के लिए मीटर नो डिस्प्ले कर दिया गया। मामले में 100 करोड़ रुपए से ज्यादा का का हेर फेर हुआ है।

खबरें और भी हैं...