खुद को गोली मारने वाले IAS के PA की मौत:IG को 4 दिन बाद भी नहीं मिला सुसाइड नोट, पुलिस ने कहा था- नोट में विशंभर ने बहन के ससुराल से परेशानी का जिक्र किया था

लखनऊ3 महीने पहले

लखनऊ के बापू भवन सचिवालय में खुद को गोली मारने वाले IAS ऑफिसर रजनीश दुबे के निजी सचिव विशंभर दयाल की शुक्रवार को मौत हो गई है। मौत के साथ ही खुदकुशी की वजह पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। प्रकरण की जांच कर रहीं IG लक्ष्मी सिंह ने कहा है कि उन्हें कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है।

तीन दिन पहले पुलिस ने दावा किया था कि विशंभर के कमरे से उनके मोबाइल के अलावा सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है। लखनऊ पुलिस ने कहा था कि विशंभर ने सुसाइड नोट में खुदकुशी की वजह बहन के ससुराल का विवाद बताया है। विशंभर ने 31 अगस्त को अपनी खुद की रिवाल्वर से गोली मार ली थी। तब से उनका इलाज लोहिया अस्पताल में चल रहा था।

सुसाइड नोट के आधार पर उन्नाव पुलिस के दरोग निलंबित हो चुके हैं

उन्नाव पुलिस के लापरवाही की जांच कर रही आईजी लक्ष्मी सिंह का कहना है कि लखनऊ पुलिस से मिली जानकारियों के आधार पर वह मामले की जांच कर रही हैं। उन्हें विश्वम्भर दयाल का लिखा हुआ कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। इसलिए उन्हें नही पता कि विश्वम्भर ने आत्महत्या की वजह क्या बताई और किसपर आरोप लगाया है। सवाल उठ रहा है कि जिस सुसाइड नोट का दावा करके उन्नाव पुलिस को आत्महत्या की वजह बताया जा रहा है, वह नोट आईजी को क्यों नहीं दिया गया।

अस्पताल में उनके परिजनों ने दैनिक भास्कर को बताया था कि विशंभर बहन के ससुराल के विवाद से परेशान रहते थे।
अस्पताल में उनके परिजनों ने दैनिक भास्कर को बताया था कि विशंभर बहन के ससुराल के विवाद से परेशान रहते थे।

मोबाइल डेटा और कॉल रिकार्ड से खुल सकता है राज

विशंभर दयाल ने यह आत्मघाती कदम उठाने से पहले मोबाइल फोन में कुछ रिकार्ड किया था। इससे पहले फोन पर उनकी किसी से लम्बी बातचीत भी हुई थी। आईजी लक्ष्मी सिंह का कहना है कि मोबाइल का डेटा लखनऊ पुलिस रिकवर करवा रही है। विशम्भर की फोन पर किससे बातचीत हुई थी इसका पता लगाने के लिए उनकी कॉल डिटेल निकलवाई जाएगी।

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