अखिलेश यादव वंशवाद के प्रोडक्ट:मेरठ में बूथ अध्यक्ष सम्मेलन में जेपी नड्डा बोले-जल्द ही विपक्ष की लाल टोपी केसरिया हो जाएगी

मेरठ5 महीने पहले
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि हमारे पास गन्ना है उनके(विपक्ष) पास जिन्ना हैं।

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा शनिवार को मेरठ पहुंचे थे। उन्होंने यहां पर बूथ अध्यक्ष सम्मेलन कार्यक्रम को संबोधित किया। इस दौरान विपक्ष पर जोरदार हमला बोला। साथ ही, सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव को वंशवाद का प्रोडक्ट कहकर संबोधित किया।

उन्होंने कहा, ‘यहां एक नेता है जो कह रहे थे कि ये मोदी की वैक्सीन है, ये भाजपा की वैक्सीन है इसे मत लगाना। आज मैं उनसे पूछता हूं कि कैसी लगी मोदी की वैक्सीन, जल्द ही तुम्हारी लाल टोपी भी केसरिया होने वाली है।’

याद दिलाया दंगा और पलायन

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि हमारे पास गन्ना है उनके (विपक्ष) पास जिन्ना हैं। हम प्रजातंत्र के और वो दंगातत्र के पुजारी हैं। अखिलेश यादव पर तंज कसते हुए कहा कुछ पार्टी के नेता अपने चाचा को भी बख्शने को तैयार नहीं है, क्षेत्रीय पार्टियां परिवारवाद की पार्टियां बन चुकी है। ये नई सपा नहीं, वही सपा है। जिसने अखिलेश यादव जैसे वंशवाद के प्रोडक्ट दिए। उन्होंने सरदार पटेल के साथ जिन्ना की बराबरी को षड्यंत्र बताया।

अखिलेश यादव पर तंज कसते हुए कहा कुछ पार्टी के नेता अपने चाचा को भी बख्शने को तैयार नहीं है।
अखिलेश यादव पर तंज कसते हुए कहा कुछ पार्टी के नेता अपने चाचा को भी बख्शने को तैयार नहीं है।

मुजफ्फरनगर दंगे का किया जिक्र

जेपी नड्डा ने एक बार फिर दंगा,पलायन का मुद्दा उछाला। मुजफ्फरनगर दंगे का ज़िक्र करते हुए कहा हम प्रजांतत्र की बात करते हैं और वो दंगातंत्र करते हैं। मुजफ्फरनगर के सचिन और गौरव का जिक्र करते हुए कहा कि कैराना पलायन, मुज़फ्फरनगर के दंगों को याद करो। जब लोगों को अपने घर छोड़ने पड़े। कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कांग्रेस में या तो भैया जाएगा या दीदी जाएगी बाकी ताली बजाओ।

पहले यूरिया के लिए भी लाठीचार्ज होता था

अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि पीएम मोदी ने किसान बिल वापस लिए। पहले यूरिया के लिए भी लाठीचार्ज होता था। योगी सरकार ने गन्ने का रिकॉर्ड भुगतान किया और अखिलेश की सरकार जाते-जाते गन्ना मूल्य भुगतान छोड़ गए। हमारे पास गन्ना है उनके पास जिन्ना हैं। हम जिन्ना वाली मानसिकता का पर्दाफाश करेंगे। अब जहां देखो केसरिया ही नज़र आता है, जहां अन्य राजनीतिक दल की जनसभा होती है।