• Hindi News
  • Local
  • Uttar pradesh
  • Meerut
  • Kidney Transplant Is To Be Done In A Patient Admitted In Meerut, On The Morning Of 27, The Green Corridor Will Be Applicable On The Highway From Meerut To Gurugram, Police Said, Avoid Going On The Highway

मेरठ से गुरुग्राम ग्रीन कॉरिडोर में जाएंगे मरीज के सैंपल:मेरठ में भर्ती मरीज की होनी है किडनी ट्रांसप्लांट, 27 की सुबह मेरठ से गुरुग्राम तक हाईवे पर लागू रहेगा ग्रीन कॉरिडोर, पुलिस ने कहा हाईवे पर निकलने से बचें

मेरठ4 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
दिल्ली मेरठ एक्सपेस वे - Dainik Bhaskar
दिल्ली मेरठ एक्सपेस वे

मेरठ के निजी अस्पताल में गुर्दे की मरीज के सैंपल जांच के लिए गुरुग्राम की लैब भेजे जाएंगे। महिला के दोनों गुर्दे खराब हो चुके हैं, ऐसे में किडनी ट्रांसप्लांट कराने से पहले मरीज व डोनर के सैंपल एंबुलेंस से सड़क मार्ग द्वारा गुरुग्राम की लैब भेजे जाने हैं। मेरठ के न्यूट्रिमा अस्पताल प्रबंधन ने पुलिस प्रशासन को बताया की 2 घंटे के भीतर ही यह सैंपल लैब में पहुंचने जरूरी हैं। जिसको देखते हुए मेरठ से लेकर गुरुग्राम तक हाईवे पर ग्रीन काॅरीडोर लागू रहेगा।

मेरठ में पहली बार बनाया जा रहा ग्रीन कॉरिडोर

मेरठ में पहली बार किसी मरीज के सैंपल भेजे जाने को लेकर पुलिस द्वारा ग्रीन कॉरिडोर बनाया जा रहा है। इससे पहले हरिद्वार व उत्तराखंड से मरीज को एंबुलेंस से ग्रीन कॉरिडोर में दिल्ली पहुंचाया गया।वैक्सीन की पहली खेप भी दिल्ली व करनाल से ग्रीन कॉरिडोर में लाई गई। कोरोना की दूसरी लहर में ऑक्सीजन सिलेंडेरों को लाने के लिए भी ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया।

लेकिन मरीज के सैंपल लैब भेजने के लिए पहली बार पुलिस द्वारा ग्रीन कॉरिडोर बनाया जा रहा है। जिसमें पुलिस ने यह अपील की है की 27 सितंबर की तड़के 5 बजे से 7 बजे तक हाईवे पर जाने से बचें, यातायात व्यवस्था के लिए पुलिस का सहयोग जरूरी है।

मेरठ में भर्ती हैं हापुड़ की मरीज

यह मरीज हापुड़ जिले की रहने वाली हैं। महिला मरीज के पति शिक्षक हैं। परिवार में 22 वर्ष की बेटी हैं। डॉ संदीप गर्ग मरीज की देखरेख कर रहे हैं। डॉ संदीप गर्ग का कहना है की मरीज के दोनों गुर्दे काम नहीं कर रहे। जब किडनी ट्रांसप्लांट की जाती है तो मरीज व डोनर का ब्लड सैंपल एक होना चाहिए। यदि डोनर का सैंपल अलग है तो ऐसी स्थिति में एंटी बॉडी खत्म करना जरूरी होता है। नहीं तो ट्रांंसप्लांट के बाद गुर्दा खराब हो जाएगा। इसमें 3 बातें महत्तवपूर्ण हैं। एंटी बॉडी न बने, एंटी बॉडी खत्म की सके और जो एंटी बॉडी बन रही है उसको निकाला जा सके। सैंपल की यह सुविधा रोहिणी लैब में उपलब्ध है। ऐसे में सैंपल 2 घंटे में लैब में पहुंचने अनिवार्य हैं।

मेरठ से यह रूट रहेगा

मेरठ पुलिस ने शनिवार रात ग्रीन कॉरिडोर के लिए अपना बयान भी जारी कर दिया। जिसमें पुलिस ने कहा की मेरठ के न्यूट्रिमा अस्पताल गढ़ रोड से 27 सितंबर की सुबह 5 बजे डोनर व मरीज के सैंपल एंबुलेंस से भेजे जाने हैं। गढ़ रोड, से विश्वविद्यालय रोड, साकेत चौपला, लालकुर्ती थाना रोड, सब एरिया कैंटीन चौराहे से गांधी बाग चौराहा, कंकरखेड़ा होते हुए, फ्लाईओवर से बाईं तरफ मुड़कर परतापुर इंटरचेंज से दिल्ली मेरठ एक्सपेस वे के रास्ते रूट रहेगा। 27 को किसानों का भारत बंद भी है। ऐसे में पूरी सावधानी रखने के लिए पुलिस की टीम यातायात व्यवस्था के लिए लगाई गईं हैं।

खबरें और भी हैं...