नोएडा का मामला:रेमडेसिविर इंजेक्शन के लिए CMO के पैरों पर गिरी मां, फिर नहीं बचा सकी इकलौते बेटे की जान, अस्पताल की दहलीज पर हुई बेहोश

ग्रेटर नोएडा6 महीने पहले
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CMO दीपक ओहरी का पैर छूती महिला। - Dainik Bhaskar
CMO दीपक ओहरी का पैर छूती महिला।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का दावा है कि राज्य में रेमडेसिविर इंजेक्शन की कोई कमी नहीं है। प्राइवेट और सरकारी अस्पतालों को संबंधित जिले के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) आवश्यकता के हिसाब से उपलब्ध कराएंगे। लेकिन गौतमबुद्धनगर जिले में यह आदेश हवाहवाई साबित हो रहे हैं। नोएडा के सेक्टर 39 स्थित CMO डॉक्टर दीपक ओहरी से मंगलवार की दोपहर एक मां अपने बेटे की जान बचाने के लिए रेमडेसिविर इंजेक्शन के लिए मिन्नतें करती रही।

उसने उनके पैर भी पकड़े। यह कहती रही कि रेमडेसिविर इंजेक्शन से मेरे बेटे की जान बचा लें। लेकिन CMO की निष्ठुरता ने उस अभागी मां से 24 साल के बेटे का साथ छिन लिया। मां देर शाम तक CMO दफ्तर में रेमेडेसिविर इंजेक्शन का इंतजार करती रही। उधर जवान बेटा शहर के शिवालिक अस्पताल में जिंदगी की जंग हार गया। जब खाली हाथ मां अस्पताल पहुंची तो बेटे के मौत की खबर सुनकर दरवाजे पर ही बेहोश हो गई।

इकलौता था बेटा, जेल भेजने तक की मिली धमकी

नोएडा शहर की खोड़ा कॉलोनी में रहने वाली रिंकू देवी ने बताया कि उनका इकलौता बेटा कुछ दिन पहले कोरोना संक्रमित हो गया था। उसका नोएडा के सेक्टर-51 में स्थित एक निजी अस्पताल में इलाज हो रहा था। डॉक्टरों ने उनको रेमडेसिविर इंजेक्शन लिखकर लाने के लिए दिया। वह इंजेक्शन लेने भागी-भागी सेक्टर-39 स्थित मुख्य चिकित्सा अधिकारी के कार्यालय पहुंची। वहां CMO डॉ. दीपक ओहरी से मिल कर खूब मिन्नतें की।

अपने स्वाभिमान को दांव पर लगाकर उनके पैरों में गिर गई। उनसे अपने 24 साल के बेटे की जिंदगी बचाने की गुहार लगाती रही। इस दौरान रिंकू देवी के आंसू नहीं थमे। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने उनका पर्चा तो लिया लेकिन रेमडेसिविर इंजेक्शन की कमी की बात कहकर मदद करने से इंकार कर दिया। लाचार, बेबस और बदकिस्मत मां शाम 4 बजे तक CMO दफ्तर में मदद का इंतजार करती रही। लेकिन उसे एक अदद इंजेक्शन नहीं मिला। उसे जेल भेजने तक की धमकी तक दी गई।

अस्पताल की दहलीज पर हो गई बेहोश
शाम करीब 4 बजे जब वह खाली हाथ सेक्टर-51 के अस्पताल में पहुंची, तब तक उसका जवान बेटा अपनी सांसें हार चुका था। जैसे ही चिकित्सकों ने इसकी जानकारी मां को दी, वह बेहोश होकर जमीन पर गिर गई। बाद में होश में आने पर महिला ने बताया कि सोमवार को भी वह CMO कार्यालय इंजेक्शन लेने गई थी। उन्हें एक वायल देकर हॉस्पिटल भेज दिया गया। बेटे की मौत से मां सदमे में है। उनका कहना है कि अब दो बहनों के सिर से भाई का साया भी उठ गया।

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