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दिनेश खटीक को 3 पीढ़ियों की सेवा का मिला फल:पहली बार मेरठ के किसी MLA ने पाई कैबिनेट में जगह, 6 प्वाइंट में पढ़ें भट्टा व्यवसायी से मंत्री बनने तक का सफर

मेरठ4 महीने पहले
दिनेश खटीक- फाइल

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले योगी सरकार के मंत्रिमंडल का विस्तार आखिरकार रविवार को पूरा हुआ। इस दौरान योगी सरकार को 7 नए मंत्री मिले। इसमें मेरठ की हस्तिनापुर सीट से भाजपा विधायक दिनेश खटीक ने भी राज्यमंत्री पद की शपथ ली। इनका मंत्री बनना, आम जनता के साथ भाजपा कार्यकर्ताओं को भी चौंका रहा है।

भाजपा नेताओं के अनुसार, 2022 के विधानसभा चुनाव में उनका टिकट कटना तय था। ऐसे में मंत्रिमंडल में जगह पाने वाले दिनेश खटीक की यह बड़ी उपलब्धि है। चर्चा है कि 3 पीढ़ियों से संघ की सेवा कर रहे उनके परिवार को उसका फल मिला है।

दिनेश के मंत्री बनने से योगी मंत्रिमंडल में पहली बार मेरठ के किसी विधायक को कैबिनेट में जगह मिली है। अखिलेश सरकार में किठौर से विधायक शाहिद मंजूर श्रम एवं सेवायोजन मंत्री बने थे। इससे पहले कल्याण सिंह के शासनकाल में पूर्व विधायक और भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी, जबकि बसपा सरकार में हाजी याकूब कुरैशी मंत्री रहे थे।

मेरठ की हस्तिनापुर सीट से भाजपा विधायक दिनेश खटीक के मंत्री पद की शपथ लेने से भाजपा कार्यकर्ताओं में भी हैरानी है। - फाइल फोटो
मेरठ की हस्तिनापुर सीट से भाजपा विधायक दिनेश खटीक के मंत्री पद की शपथ लेने से भाजपा कार्यकर्ताओं में भी हैरानी है। - फाइल फोटो

6 बड़े कारण, जिन्होंने दिनेश को बनाया मंत्री

  • युवा दलित चेहरा: 2017 के चुनाव में भाजपा के टिकट पर दिनेश खटीक ने बसपा प्रत्याशी योगेश वर्मा को मात दी थी। तभी से वह वेस्ट यूपी में युवा दलित चेहरे के रूप में देखे जा रहे हैं। पश्चिम से पार्टी में अब तक जो दलित चेहरे हैं, उनसे पार्टी संतुष्ट नहीं है। इसीलिए 2022 के चुनाव में दलितों को साधने के लिए दिनेश खटीक पर दांव खेला गया है। भाजपा में वेस्ट यूपी से पहली बार किसी दलित चेहरे को तवज्जो मिली है।
  • प्रभारी मंत्री से नजदीकी: मेरठ के प्रभारी मंत्री श्रीकांत शर्मा और प्रदेश संगठन मंत्री सुनील बंसल दोनों से दिनेश खटीक की नजदीकी है। अक्सर मुलाकातें भी होती रहती हैं।
  • दो जिलों को साधने का गणित : हस्तिनापुर विधानसभा सीट मेरठ जिला और बिजनौर लोकसभा के क्षेत्र में आती है। पार्टी ने दोनों जिलों को साधने का प्रयास करते हुए दिनेश को मंत्री पद दिया है।
  • दलित, किसान समीकरण: हस्तिनापुर एससी सीट है। बड़ी संख्या में यहां दलित किसान भी हैं। कृषि कानूनों के खिलाफ वेस्ट यूपी के किसान लगातार आंदोलन कर रहे हैं। ऐसे में दलित प्लस किसान फैक्टर को भुनाने के लिए पार्टी ने यह कदम उठाया है।
  • तीन पीढ़ियों से संघ की सेवा: दिनेश खटीक की तीन पीढ़ियां संघ से जुड़ी रही हैं। उनके दादा बनवारी खटीक जनसंघी थे। पिता देवेंद्र कुमार भी स्वयं सेवक संघ से जुड़े रहे। इसीलिए दिनेश खटीक पर बचपन से ही संघ की विचारधारा की छाप रही और वे उससे जुड़े। छोटे भाई नितिन खटीक ने भी राजनीति में हाथ आजमाया है। नितिन 2016 से 2021 तक जिला पंचायत सदस्य रहे हैं। इस बार उन्हें जिला पंचायत में पार्टी ने टिकट नहीं दिया था।
  • हस्तिनापुर सीट को वरदान जो विधायक उसकी सरकार: हस्तिनापुर सीट के बारे में कहा जाता है कि जिस पार्टी का विधायक इस सीट पर जीतता है, उसी की यूपी में सरकार बनती है। चर्चा ऐसी भी है कि क्या इसलिए भाजपा ने दिनेश खटीक को मंत्री पद दिया है।
दिनेश खटीक के मंत्री बनने के बाद समर्थकों ने मनाया जश्न।
दिनेश खटीक के मंत्री बनने के बाद समर्थकों ने मनाया जश्न।

विवादित विधायक के मंत्री बनते ही विपक्ष ने उठाए सवाल
दिनेश खटीक हमेशा विवादों में रहने वाले विधायक हैं। उन पर हस्तिनापुर, खादर की जमीनों पर अवैध कब्जा करने, अतिक्रमण और वकील को आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप है। इसके अलावा बिजली विभाग के कर्मचारियों के साथ अभद्रता, विवादित इंस्पेक्टर को संरक्षण देने के अलावा कई विवाद उनसे जुड़े हैं। विवादित चेहरे के मंत्री बनने से विपक्ष ने सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं।

प्रेस वार्ता को संबोधित करते दिनेश खटीक।
प्रेस वार्ता को संबोधित करते दिनेश खटीक।

सपा बोली- जनता के भरोसे से हुआ खिलवाड़
सपा जिलाध्यक्ष राजपाल सिंह ने कहा कि हस्तिनापुर विधायक दिनेश खटीक पर कई आपराधिक मुकदमें दर्ज हैं। कुछ दिन पहले एक अधिवक्ता ने आत्महत्या की थी, जिसका आरोप भी उन पर था। इसको लेकर वकीलों ने आंदोलन भी किया था और थाना गंगानगर में मुकदमा दर्ज हुआ था। लेकिन आज उत्तर प्रदेश भाजपा सरकार ने उनको मंत्री बना दिया, जो जनता के भरोसे के साथ खिलवाड़ है। ऐसे आपराधिक छवि वाले व्यक्ति को मंत्री पद पर बैठाने का मतलब है कि भाजपा अपराधियों को बढ़ावा देने का काम कर रही है। यह समाज में जहर घोलने का काम करेगा।

मेरठ में प्रधानमंत्री मोदी की रैली में स्वागत करते दिनेश खटीक।
मेरठ में प्रधानमंत्री मोदी की रैली में स्वागत करते दिनेश खटीक।

दिनेश खटीक : एक परिचय

  • पिता : देवेंद्र कुमार
  • माता : सरोज देवी
  • पत्नी : आरती
  • बेटा : प्रांजल
  • बेटी : आराध्या

राजनीतिक सफर

  • 1994 : फलावदा, मेरठ में संघ के खंड कार्यवाह
  • 2006 : विहिप व बजरंग दल में काम किया
  • 2007 : मेरठ भाजपा के जिला मंत्री बने
  • 2010: मेरठ भाजपा के जिला उपाध्यक्ष
  • 2013: मेरठ भाजपा जिला महामंत्री
  • 2017: हस्तिनापुर से विधायक बने
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