मेरठ में मल्टीलेवल पार्किंग का प्रस्ताव कार्यकारिणी में निरस्त:नगर निगम की बैठक में हंगामा, खफा हुई मेयर, बीच में छोड़ी बैठक

मेरठ3 महीने पहले
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मेरठ नगर निगम कार्यकारिणी की ब - Dainik Bhaskar
मेरठ नगर निगम कार्यकारिणी की ब

मेरठ नगर निगम में शनिवार को हुई कार्यकारिणी बोर्ड बैठक हंगामे की भेंट चढ़ गई। बैठक में मेयर समर्थित पार्षदों व अपर नगर आयुक्त सहित कुछ अफसरों के शामिल न होने पर महापौर सुनीता वर्मा खफा हो गई और बोर्ड बैठक को बीच में ही रोक दिया। मेयर ने बैठक स्थगित करते हुए कहा 11 अगस्त को बैठक होगी। मेयर के इस फैसले को सुनते ही भाजपा पार्षदों ने हंगामा शुरू कर दिया। शनिवार को मेरठ नगर निगम की कार्यकारिणी बोर्ड बैठक टाउनहॉल में हुई। बैठक में भाजपा के 7 पार्षद और नगरायुक्त मनीष बंसल व मेयर थे बैठक शुरू हो गई और कुछ प्रस्तावों पर चर्चा भी हुई। इसमें अहम बिंदु टाउनहॉल में मल्टीलेवल पार्किंग के प्रस्ताव को निरस्त करने का रहा।

नगर निगम की बैठक में भाजपा पार्षद प्रस्तावों पर विचार रखते हुए
नगर निगम की बैठक में भाजपा पार्षद प्रस्तावों पर विचार रखते हुए

ऐतिहासिक धरोहर है मल्टीलेवल पार्किंग इससे छेड़छाड़ नामंजूर
मेरठवासियों को जाम और पार्किंग की समस्या से निजात दिलाने वाले मल्टीलेवल पार्किंग के प्रस्ताव को नगर निगम कार्यकारिणी बैठक में निरस्त कर दिया गया है। सदस्यों के अनुसार टाउनहॉल ऐतिहासिक स्थल है यहां मल्टीलेवल पार्किंग बनाकर इससे छेड़छाड़ नहीं कर सकते। टाउन हॉल पार्क की बजाय नगर निगम में मल्टीलेवल पार्किंग बनाए जाने का प्रस्ताव कार्यकारिणी ने रखा। सीएंडडीएस ने सर्वे करने के बाद टाउन हॉल में मल्टीलेवल पार्किंग बनाने को हरी झण्डी दी थी, जिसके तहत करीब 6 करोड़ रूपये की लागत से 200 गाड़ी और 100 बाइके खड़ी करने के लिए मल्टीलेवल पार्किंग बनाई जानी थी। तम्बाकू उत्पाद बेचने वालों को अब लाइसेंस शुल्क लेना होगा, जिसकी दरें अलग-अलग निर्धारित की गई हैं और कार्यकारिणी ने इसे हरी झण्डी दे दी है।

मेयर खफा, स्थगित कर दी बैठक
टाउनहॉल में हुई नगर निगम कार्यकारिणी की बैठक में 12 में से 7 पार्षद ही पहुंचे। इसमें मेयर समर्थित कोई पार्षद बैठक में नहीं आया। भाजपा से संदीप रेवड़ी, ललित नागदेव, अंशुल गुप्ता सहित कुल 7 पार्षद बैठक में थे। नियमानुसार कार्यकारिणी बैठक के लिए मेयर, नगरायुक्त और 7 पार्षद होने चाहिए जो मौजूद थे। इसलिए बैठक शुरू करा दी गई। हालांकि मेयर स्वयं बैठक में 10 मिनट देरी से पहुंची। 30 मिनट तक महापौर अपने समर्थित पार्षदों के आने का इंतजार करती रहीं, इसलिए बैठक देर से शुरू हो सकी। आधे घंटे तक चली बैठक में मल्टीलेवल पार्किंग सबसे अहम प्रस्ताव पर चर्चा हो गई। अचानक मेयर सुनीता वर्मा ने कहा कि आधे पार्षद, अफसर बैठक से गायब हैं ऐसे में बैठक नहीं होगी और खफा होकर चली गईं। बैठक स्थगित कर दी। मेयर समर्थक पार्षद अब्दुल गफ्फार, सितारा बेगम, नाजरीन, इकरामुद्दीन और कार्यकारिणी उपाध्यक्ष रंजन शर्मा बैठक में नहीं पहुंचे। मेयर ने 11 अगस्त तक के लिए बैठक स्थगित कर दी।

नगर निगम के अधिकारी भी बैठक से गायब
नगर निगम बोर्ड कार्यकारिणी की बैठक में सदस्यों के साथ नगर निगम के अफसरों का होना जरूरी है। बैठक में मुख्य अभियंता, वित्त लेखाधिकारी सहित अन्य अफसर नहीं आए। इस पर महापौर सुनीता वर्मा ने नगरायुक्त मनीष बंसल से अफसरों की गैर मौजूदगी का कारण पूछा। नगरायुक्त ने कहा कि कुछ अफसर बीमार हैं, कुछ दूसरे काम से बाहर गए हैं, अपर नगर आयुक्त किसी काम में व्यस्त हैं इसलिए नहीं आ सके। नगर स्वास्थ्य अधिकारी एक अन्य बैठक में हैं।

मेयर बोली जब टीम नहीं तो कैसी बैठक
आधे अफसर, आधे पार्षद देखकर महापौर ने बैठक को 11 अगस्त के लिए स्थगित कर दिया, मेयर ने कहा टीम अधूरी है तो बैठक कैसे हो जाएगी। सवालों के जवाब ही नहीं मिल रहे ऐसी बैठक का क्या फायदा। यह कहकर महापौर बैठक से जाने लगी और कहा बैठक स्थगित की जाती है। 11 अगस्त को बैठक होगी। यह देखकर भाजपा पार्षदों ने हंगामा कर दिया। पार्षदों ने कहा कोरम पूरा है तो बैठक भी की जाए, यह गलत है। मेयर विकास कार्यों में बाधा डाल रही हैं यह कहकर भाजपा पार्षदों ने हंगामा कर नारेबाजी कर दी। मेयर सुनीता वर्मा जाने लगी तो कार्यकारिणी सदस्यों की नारेबाजी और बढ़ गई। मेयर के जाने के काफी देर बाद तक ये नारेबाजी चलती रही।

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