• Hindi News
  • Local
  • Uttar pradesh
  • Lakhimpur Violence Latest Updates। The Son Of The Union Minister Of State For Home Was Confronted By The Nephew Of The Former Union Minister, Today The Four Accused Will Be Together Again

लखीमपुर हिंसा का सीन रीक्रिएशन:रिमांड पूरी होने के 15 घंटे पहले ही आशीष मिश्रा को भेजा गया जेल

लखनऊ/लखीमपुर11 दिन पहले
लखीमपुर हिंसा मामले में घटनास्थल तिकुनिया ​​​​​​​पर गुरुवार को SIT ने सीन रीक्रिएशन किया।

लखीमपुर हिंसा मामले में रिमांड पूरी होने के 15 घंटे पहले ही आशीष मिश्रा को जेल भेज दिया गया है। शुक्रवार सुबह 10 बजे तक रिमांड पूरा होती। इससे पहले ही गुरुवार रात 7 बजे के करीब उसे जेल भेज

दिया गया। SIT ने आज घटनास्थल तिकुनिया पर सीन रीक्रिएशन किया। जहां से लौटने के बाद उसे जेल में दाखिल कर दिया गया। तिकुनिया में तीन अक्टूबर को 4 किसान और एक पत्रकार की थार जीप के नीचे कुचल कर मौत हुई थी। SIT टीम केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र के आरोपी बेटे आशीष और उसके दोस्त अंकित दास को लेकर पहुंची।

साथ में उसका मैनेजर व सिक्योरिटी गार्ड लतीफ उर्फ काले और ड्राइवर शेखर भारती भी रहा। यहां किसानों के पुतलों पर पुलिस जीप चढ़ा कर पूरी घटना का सीन रीक्रिएशन किया गया। करीब 2 घंटे के बाद SIT टीम आशीष मिश्र के गांव बनवीरपुर पहुंची है। जहां दंगल के दौरान उसने अपनी मौजूदगी का दावा किया था।

नारेबाजी और काले झंडे देख चढ़ा दी किसानों के पुतलों पर जीप

कृषि कानून को वापस लो...नारेबाजी और काले झंडे देखते ही जीप बीच सड़क पर खड़े किसानों के पुतलों को रौंदते निकल गई। करीब दो सौ मीटर दूरी पर जाकर रूकी। जिसके बाद पीछे की गाड़ी से उतरकर 4-5 लोग भागते हैं। तभी कुछ लोग उन्हें पकड़ कर पीटना शुरू कर देतें हैं तो कुछ गाड़ी में तोड़-फोड़कर आग लगा देते हैं। यह तिकोनिया हिंसा का सीन रीक्रिएशन था।

फॉर्च्युनर में मौजूद होने की बात कबूल की थी

बुधवार (13 अक्टूबर) को आशीष के दोस्त अंकित दास ने 6 वकीलों के साथ क्राइम ब्रांच पहुंचकर सरेंडर किया था। करीब 5 घंटे की पूछताछ के बाद अंकित दास और काले ने हिंसा के वक्त काली फॉर्च्यूनर में मौजूद होने की बात कबूल की थी। इसके बाद पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया था। वहीं पुलिस इनके ड्राइवर शेखर को भी रिमांड पर लेकर पूछताछ कर रही है।

अंकित दास ठेकेदारी का काम करता है। वह आशीष का दोस्त भी है।
अंकित दास ठेकेदारी का काम करता है। वह आशीष का दोस्त भी है।

आशीष से एक-एक आरोपी से होगा आमना-सामना
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, SIT आरोपी आशीष मिश्र का अंकित दास, लतीफ और फिर ड्राइवर शेखर से आमना-सामना कराएगी। इस दौरान उनके बयानों का क्रास वेरिफिकेशन किया जाएगा। साथ ही, घटनास्थल पर जाकर उनकी प्रमाणिकता की बारीकी से पड़ताल करेगी।

हिंसा का मुख्य आरोपी आशीष मिश्र की आज पुलिस रिमांड पूरी हो रही है।
हिंसा का मुख्य आरोपी आशीष मिश्र की आज पुलिस रिमांड पूरी हो रही है।

आज जिला जज के यहां दाखिल होगी जमानत अर्जी
मुख्य आरोपी आशीष मिश्र उर्फ मोनू के अधिवक्ता वकील अवधेश सिंह आज (गुरुवार) जिला जज के यहां जमानत के लिए प्रार्थना पत्र लगाएंगे। बुधवार को उसके वकील ने CJM की कोर्ट में अर्जी लगाई थी। जहां उसकी जमानत अर्जी खारिज कर दी गई थी।

नेपाल भाग गया था अंकित दास
SIT की पूछताछ में अंकित दास ने बताया कि वह घटना के बाद डर कर लखनऊ स्थित घर आया। यहां पुलिस की दबिश के डर से होटल चल गया, जहां से एक दोस्त की गाड़ी लेकर नेपाल चला गया। टीवी पर आशीष की गिरफ्तारी की जानकारी होने पर वकील से संपर्क कर हाजिर हुआ।

किसान आंदोलन के दौरान चार लोगों के गाड़ी से कुचल जाने के बाद हिंसा भड़की थी।
किसान आंदोलन के दौरान चार लोगों के गाड़ी से कुचल जाने के बाद हिंसा भड़की थी।

लखीमपुर में 3 अक्टूबर को भड़की थी हिंसा
3 अक्टूबर (रविवार ) को किसानों ने केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र का विरोध करते हुए काले झंडे दिखाए थे। इसी दौरान एक गाड़ी ने किसानों को कुचल दिया था। इसमें चार किसानों की मौत हो गई थी। इसके बाद हिंसा भड़क गई थी। आरोप है कि भड़की हिंसा के दौरान किसानों ने एक ड्राइवर समेत चार लोगों को पीट-पीटकर मार डाला था। जिसमें एक पत्रकार भी मारा गया था। इस मामले में केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी के बेटे आशीष मिश्र समेत 15 लोगों के खिलाफ हत्या और आपराधिक साजिश का केस दर्ज किया गया था।

खबरें और भी हैं...