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जालौन में दो घरों के चिराग बुझे:यमुना में नहाने गए पांच दोस्त डूबे, 3 को बचाया गया दो के 13 घंटे बाद मिले शव; इकलौते बेटे की मौत की खबर सुन मां हुई बेहोश, कानपुर रेफर

जालौन7 दिन पहले
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कन्हैया भागवताचार्य का काम करता था तो राहुल नेता बनना चाहता था। वह अभी से समाजसेवा कर रहा था। - Dainik Bhaskar
कन्हैया भागवताचार्य का काम करता था तो राहुल नेता बनना चाहता था। वह अभी से समाजसेवा कर रहा था।

जालौन के कालपी में गुरूवार देर शाम को युमना नदी में नहाने गये 5 दोस्त डूब गये। जिन्हें डूबता देख वहां मौजूद लोगों ने बचने का प्रयास किया। जिसमें से 3 को बचा लिया गया लेकिन 2 बीच धारा में जाने से डूब गये। इस घटना की जानकारी स्थानीय लोगों ने पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस गोताखोरों के साथ मौके पर पहुंची और डूबे युवकों को खोजने का प्रयास शुरू कर दिया। शुक्रवार को 13 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दोनों युवकों के शव थोड़ी दूर पर गहराई में मिले। जवान बेटों की मौत की खबर सुनकर परिवार का हाल बुरा है। इनमे से मृतक कन्हैया की मौत की खबर सुनते ही उसकी मां बेहोश हो गयी। आनन फानन में डॉक्टर ने उन्हें कानपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया है।

मंदिर में दर्शन करने गए थे 5 दोस्त

घटना कालपी कोतवाली क्षेत्र के किला घाट स्थित बिहारी मंदिर की है। बताया गया है कि कालपी के रहने वाले पांच मित्र राहुल द्विवेदी, कन्हैया दीक्षित, प्रांशु, अर्पित सोनी और रामलखन गुरूवार देर शाम 5:30 बजे के करीब किला घाट स्थित बिहारी मंदिर पर दर्शन करने के लिए गए हुए थे। जहां उन्होंने यमुना नदी में नहाने का मन बना लिया। पांचों लोग यमुना नदी में नहाते नहाते नदी की बीच धार में पहुंच गये। गहराई का अंदाजा न होने के कारण उनका संतुलन बिगड़ गया। जिस कारण पांचों लोग डूबने लगे। वहां मौजूद लोगों ने यह देखा तो युवकों को बचाने के प्रयास में नदी में कूदे। जहां पांच दोस्तों में से 3 प्रांशु, अर्पित सोनी और रामलखन को बचा लिया गया। जबकि राहुल और कन्हैया युमना की बीच धार में पहुंच जाने के कारण डूब गये।

रात भर गोताखोर ढूंढते रहे-13 घंटे बाद मिले दोनों के शव

इस घटना की जानकारी तत्काल पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस गोताखोरों के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस ने गोताखोरों की मदद से युवकों को खोजने का प्रयास किया। धीरे-धीरे अंधेरा होने के कारण गोताखोरों को दोनों युवकों को ढूंढने में परेशानी हो रही थी। फिर पुलिस ने रोशनी की व्यवस्था की और गोताखोरों को फिर नदी में उतारा। रात भर चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद शुक्रवार को लगभग 13 घंटे बाद थोड़ी दूर जाकर यमुना की गहराई में दोनों के शव बरामद हो गए हैं।

रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद शुक्रवार को लगभग 13 घंटे बाद थोड़ी दूर जाकर यमुना की गहराई में दोनों के शव बरामद हो गए।
रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद शुक्रवार को लगभग 13 घंटे बाद थोड़ी दूर जाकर यमुना की गहराई में दोनों के शव बरामद हो गए।

इकलौते बेटे की हुई मौत तो मां की बिगड़ी तबियत

यमुना में डूबे कन्हैया दीक्षित अपने घर का इकलौता बेटा था। साथ ही इकलौता कमाने वाला भी था। वह भगवताचार्य का काम करता था। साथ ही अपनी मित्र मंडली के साथ मिलकर सुन्दरकांड का पाठ करता था। इससे जो आमदनी होती उससे घर का खर्च चला करता था। पिता मनोज दीक्षित बताते है कि वह ढोलक बजाते है और कुछ बच्चों को सिखाते भी हैं। हालांकि घर का इकलौता कमाने वाला कन्हैया ही था। मनोज बताते हैं कि अभी हम लोग पोस्टमार्टम हाउस आये हैं। बेटे की लाश देख कर उसकी मां बेहोश हो गयी है। डॉक्टर उसे कानपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिए हैं। मेरे ऊपर तो चौतरफा आफत आ गयी है।

नेता बनना चाहता था बेटा, असमय मौत का शिकार हो गया

यमुना नदी में डूबे राहुल द्विवेदी दो भाई हैं। जिसमें राहुल घर में सबसे बड़ा था। वह कालपी डिग्री कॉलेज में बीएससी सेकंड ईयर का छात्र था। साथ ही अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद कालपी का नगर महामंत्री और परशुराम सेना का कार्यकर्ता था। उसके पिता अपने परिवार के भरण पोषण करने के लिए मैजिक चलाते थे। उन्हें राहुल से कई उम्मीदें थी लेकिन राहुल के असमय जाने से पूरा परिवार गम में डूबा हुआ है। पिता बबलू कहते हैं कि बुढापे में बेटे की अर्थी को कंधा देने से बड़ा बोझ क्या होगा। मेरा बेटा नेता बनना चाहता था। हम आर्थिक स्तर पर तो कमजोर है लेकिन मेरे बेटे ने कई गरीबों की मदद की है। उसके काम से मुझे भी सुकून मिलता था। पिता बबलू ने बताया कि राहुल अपने दोस्त कन्हैया के साथ मंडली में जाया करता था।

मौत की खबर सुनते ही दोनों मृतक बच्चों के घर के बाहर शुभचिंतकों की भीड़ लग गयी।
मौत की खबर सुनते ही दोनों मृतक बच्चों के घर के बाहर शुभचिंतकों की भीड़ लग गयी।

शवों का किया जा रहा है पोस्टमार्टम

इस मामले में कालपी क्षेत्राधिकारी वीरेंद्र श्रीवास्तव का कहना है कि युवकों को खोजने का प्रयास रात भर चलाया गया। जिसमें 13 घंटे बाद दोनों के शव बरामद किये गए हैं। शव को बाहर निकाल कर पोस्टमार्टम के लिये भेज दिया गया है।

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