पीएमईजीपी:बैंक युवाओं को नहीं दे रहे लोन, दफ्तरों के चक्कर कटवाए, फिर पांच साल में प्रदेश में 83% आवेदन निरस्त किए

प्रतापगढ़2 महीने पहले
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केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (पीएमईजीपी) योजना में युवाओं को रोजगार मिलना तो दूर बैंक के चक्कर काटकर उनका बचा पैसा भी गवां देते हैं। कमियां बताकर उद्योग केंद्र फाइल को रिटर्न कर देता है या फिर बैंक लोन ही स्वीकृत नहीं करता है। प्रदेश के आंकड़ों की बात करें तो पांच सालों में बैंकों ने 83.76 फीसदी युवाओं के लोन के आवेदन रिजेक्ट कर दिए।

चुनाव के समय सरकारें योजनाओं को फोकस कर रोजगार के तमाम दावे करती है, लेकिन प्रदेश में गत पांच साल के आंकड़ों पर नजर डालें तो बैंक ने महज 16.24 फीसदी बेरोजगार युवाओं को ऋण दिया है। राजस्थान में गत पांच साल में 77 हजार 182 युवाओं ने आवेदन किए, जिसमें 21 हजार 421 आवेदन रिटर्न कर दिए और महज 55 हजार 761 आवेदन स्वीकृत कर बेरोजगार युवाओं को ऋण देने के लिए बैंक भेजे, लेकिन बैंकों ने जांच के बाद महज 12 हजार 539 युवाओं को ऋण दिया।

कोरोना काल में ढाई गुना तक बढ़ गए बेरोजगारों के आवेदनयह है पीएमईजीपी योजनाबेरोजगार युवाओं को स्वरोजगार उपलब्ध करवाने के लिए केंद्र सरकार योजना चला रही है। इसके तहत बेरोजगार युवाओं को 50 लाख रुपए तक ऋण उपलब्ध करवाने का प्रावधान है। योजना शहरी व ग्रामीण इलाकों के लिए लागू की गई, जिसमें अधिकतम 20 लाख व विनिर्माण (उत्पादन) क्षेत्र के लिए 50 लाख तक लोन दिया जाता है।

प्रतापगढ़ जिले में पांच साल के आंकड़ों पर नजर डाले तो बैंक ने महज 18.11 फीसदी बेरोजगार युवाओं को ऋण दिया, जबकि 79.89 फीसदी आवेदन रिटर्न कर दिए हैं। जिले में पांच साल में जिला उद्योग केंद्र में 1678 युवाओं ने आवेदन किया, जिसमें 470 आवेदन उद्योग केंद्र ने रिटर्न कर दिए और 1208 आवेदन स्वीकृत कर बैंक भेजे, लेकिन बैंक ने महज 304 युवाओं को ऋण दिया। जबकि 904 आवेदन रिटर्न कर दिए। बेरोजगार युवा आवेदन तो खूब कर रहे हैं लेकिन बैंक गिने-चुने आवेदन पर ही स्वीकृति जारी कर रहे हैं।

हमारी स्वीकृति के बाद भी बैंक लौटा देते हैं आवेदन^योजना में आवेदन ऑनलाइन होता है, आवेदन मिलने पर उसकी प्रोजेक्ट रिपोर्ट के बाद स्वीकृति जारी कर बैंक भेज दिया जाता हैं। उसकी मॉनिटरिंग भी करते है, अधिकांश लोग लोन नहीं चुकाते, इस कारण बैंक सोच समझकर ही लोन स्वीकृत करती है।भीकाराम जटिया, महाप्रबंधक, उद्योग केंद्र

बेरोजगार युवा सीए की रिपोर्ट पर आवेदन कर देते हैं, युवा बैंक अधिकारियों द्वारा इंटरव्यू में प्रोजेक्ट को परफॉर्म नहीं कर पाता है। वहीं छोटा लोन नई यूनिट के लिए होता है, लेकिन अधिकांश पूर्व की यूनिट पर लेते हैं। इसके अलावा कई के पास संसाधन नहीं होते। सब्सिडी महिलाओं को ज्यादा है।ऋतुराज शर्मा, मैनेजर, एसबीआई, प्रतापगढ़

5 साल के प्रदेश के अाकड़े​​​​​​​वर्ष आवेदन स्वीकृत 2017-18 17213 22502018-19 14496 17602019-20 19973 28772020-21 14560 29352021-22 10860 2717कुल 77182 12539वर्ष आवेदन स्वीकृत 2017-18 17213 22502018-19 14496 17602019-20 19973 28772020-21 14560 29352021-22 10860 2717कुल 77182 12539

5 साल के प्रतापगढ़ के अाकड़े​​​​​​​वर्ष आवेदन स्वीकृत 2017-18 308 682018-19 493 402019-20 332 812020-21 184 652021-22 168 50कुल 1678 304

2021-22 में जिलेवार अावेदन की स्थितिजिला आवेदन स्वीकृत अजमेर 274 73अलवर 299 74बांसवाड़ा 328 58बाड़मेर 244 62भरतपुर 538 95भाीलवाड़ा 239 72िचत्ताैड़गढ़ 223 31चूरू 357 118दाैसा 386 101 धाेलपुर 234 47डूंगरपुर 194 53गंगानगर 611 126हनुमानगढ़ 342 52जयपुर 491 137जैसलमेर 127 24जालाेर 205 58जाेधपुर 379 215काेटा 201 61प्रतापगढ़ 168 50राजसमंद 127 33उदयपुर 683 123

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