• Hindi News
  • Local
  • Uttar pradesh
  • Saharanpur
  • The Electrician Said; There Was A Severe Shortage Of Resources In Providing 24 Hours Electricity Supply To The Consumers, A Meeting Of The Electrical Engineers Of Saharanpur Division Was Held

बिजली अधिकारियों ने मानी संसाधनों की कमी:सहारनपुर मंडल के विद्युत अभियंताओं की हुई बैठक, बोले- उपभोक्ताओं को 24 घंटे सप्लाई देने में संसाधनों की भारी कमी

सहारनपुर9 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
सम्मेलन में विभिन्न जिलों से आए अभियंताओं ने बताया कि क्षेत्रों में संसाधनों व सामग्री की भारी कमी है। - Dainik Bhaskar
सम्मेलन में विभिन्न जिलों से आए अभियंताओं ने बताया कि क्षेत्रों में संसाधनों व सामग्री की भारी कमी है।

सहारनपुर मंडल में बेहतर उपभोक्ता सेवा देने, राजस्व वसूली बढ़ाने, लाइन लॉस कम करके आत्मनिर्भर ऊर्जा निगम बनाने को लेकर मंगलवार को विद्युत अभियंता क्षेत्रीय सम्मेलन का आयोजन कराया गया। कार्यक्रम में मैन, मेटेरियल एवं मनी की कमी से जूझ रहे विद्युत अभियंताओं ने कॉरपोरेशन में चल रही कार्रवाई पर रोष जताया। कार्यक्रम अंबाला रोड स्थित राजमहल में हुआ। सम्मेलन में विद्युत अभियन्ता संघ के केंद्रीय अध्यक्ष वीपी सिंह, महासचिव प्रभात सिंह, उपाध्यक्ष पश्चिमांचल कपिल कुमार तेवतिया, सहायक सचिव पश्चिमांचल कृष्ण कुमार सारस्वत तथा सहारनपुर क्षेत्र के क्षेत्रीय सचिव इं.प्रणव चौधरी शामिल हुए।

संसाधनों व सामग्री की भारी कमी
सम्मेलन में विभिन्न जिलों से आए अभियंताओं ने बताया कि क्षेत्रों में संसाधनों व सामग्री की भारी कमी है। काम का वातावरण न होने और बजट में कटौती से बिजली उपकेंद्रों के महत्वपूर्ण कार्य बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। बेहतर उपभोक्ता सेवा देने में अत्यधिक व्यवहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। ऊर्जा निगम प्रबंधन द्वारा लगभग सभी अभियंताओं को किसी न किसी बात पर जांच व आरोप पत्र देकर अत्यधिक मानसिक तनाव देने का अभियान चला रखा है। जिससे क्षेत्र में तैनात अभियंता अत्यधिक मानसिक कष्ट में हैं।

24 घंटे बिजली आपूर्ति को लेकर की चर्चा
क्षेत्रीय सम्मेलन के उद्घाटन में विद्युत अभियंता संघ के अध्यक्ष वीपी सिंह एवं महासचिव प्रभात सिंह ने ऊर्जा निगमों एवं अभियंताओं के समक्ष उपस्थित चुनौतियों पर प्रकाश डाला। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व व ऊर्जा मंत्री पं.श्रीकांत शर्मा के मार्गदर्शन में राजस्व वसूली बढ़ाने एवं बेहतर उपभोक्ता सेवा प्रदान करते हुए ऊर्जा निगमों को आत्मनिर्भर बनाए जाने का संकल्प व्यक्त किया। जिससे प्रदेश की जनता को 24 घंटे गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराए जाने के मुख्यमंत्री के हरदम बिजली सबको बिजली के संकल्प को पूरा किया जा सके।

चुनौतियों से निपटने को बनाई रणनीति
अभियंता संवर्ग के सामने आ रही चुनौतियों एवं उनसे निपटने की रणनीति पर भी विस्तृत चर्चा की गई। उन्होंने बताया कि ऊर्जा निगमों में पदोन्नति नियमों में बदलाव कर अभियंताओं को पदोन्नतियां से वंचित करने का कुचक्र चलाया जा रहा है। विगत दिनों पदोन्नति नियमों में रातो-रात परिवर्तन कर मुख्य अभियंता (स्तर-1) के 11 पदों पर पदोन्नतियां नहीं की गई, जिससे लगभग 50 से अधिक पदों पर अभियंता पदोन्नति से वंचित हो गए हैं। अन्य रिक्त पदों पर भी पदोन्नतियां नहीं की जा रही हैं, यह चिंताजनक एवं खतरनाक है। वीसी के नाम पर अभियंताओ को अनावश्यक तनाव देकर धमकाया जा रहा है। ऊर्जा निगमों को गैर-तकनीकी प्रबंधन द्वारा एकतरफा, मनमाने ढंग से चलाए जाने से ऊर्जा सेक्टर तकनीकी तौर पर कमजोर होता जा रहा है जो चिंताजनक है।

प्रबंधन कर रहे अभियंताओं को कर रहे प्रताड़ित
महासचिव प्रभात सिंह ने में कहा कि ‘संवाद से समाधान’के मंत्र का पालन करते हुए ऊर्जा निगम प्रबंधन से वार्ता कर बिजली अभियंताओं एवं प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं की व्यवहारिक समस्याओं के सार्थक एवं त्वरित निराकरण के लगातार प्रयास किये जा रहे हैं। परंतु प्रबंधन द्वारा अभियंताओं को प्रताड़ित ही किया जा रहा है। जिससे सभी अभियंता अत्यंत मानसिक तनाव में हैं परंतु विचलित कतई नहीं हैं।

यह रहे मौजूद
क्षेत्रीय सम्मेलन में इं.जीसी झा, इं.पीके सिंह, इं.वीके मिश्र, इं.मुकेश कुमार, इं.अनिल अरोरा, इं.ब्रजमोहन, इं.रोबिन शर्मा, इं.शुभम पांडेय, इं.जवाहर सिंह, इं.पंकज कुमार, इं.ओम प्रकाश, इं.यतेंद्र कुमार, इं.एके वर्मा, इं.गौरव दत्त आदि मौजूद रहे।

खबरें और भी हैं...