सहारनपुर...राजबाहे की टूटने से खेत हुए लबालब:पीड़ित किसानों ने साजिश के तहत पटरी तोड़ने का आरोप लगाया, जिला प्रशासन से मुआवजे के मांग की

सहारनपुर6 महीने पहले
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टूटी हुई राजबाहे की पटरी - Dainik Bhaskar
टूटी हुई राजबाहे की पटरी

सहारनपुर के देवबंद के गांव रणसूरा में राजबाहे की पटरी टूटने से सैकड़ों बीघा खेतों में पानी भर गया। जिससे लाखों रुपये की गन्ने की फसल नष्ट हो गई। ग्रामीणों ने अपने ही गांव कुछ लोगों पर साजिश के तहत राजबाहे की पटरी काटने का आरोप लगाते हुए घटना की जांच कराने की मांग की है। वहीं नष्ट हुई फसल का मुआवजा दिलाए जाने की मांग की है।

गन्ने के खेतों में घुसा पानी
गन्ने के खेतों में घुसा पानी

गन्ने की फसल में घुसा पानी
गांव रणसूरा के निकट से गुजरने वाले राजबाहे की पटरी विगत रात्रि अचानक टूट गई। जिससे उसके आसपास स्थित सैकड़ों बीघा गन्ने के खेत पानी से लबालब भर गये। सोमवार को अल सुबह सूचना मिलने पर गांव रणसूरा के प्रदीप, मनोज, सहित कई किसान मौके पर पहुंच गए और अपने खेतों में खड़ी गन्ने की फसल पानी के कारण नष्ट होते देख उनके पांव तले से जमीन खिसक गई। किसानों ने सूचना देकर राजबाहे का पानी तो बंद करा दिया, लेकिन राजबाहे में बचा हुआ पानी लगातार खेतों में भर रहा है।

कई बार टूटी राजबाहे की पटरी
गांव के प्रदीप त्यागी व दीपक त्यागी ने बताया कि यह पहली बार नहीं है कि जब राजबाहे की पटरी टूटी है। इससे पहले भी कई बार इस तरह राजबाहे की पटरी टूट चुकी है। जलभराव के कारण किसानों की नष्ट हुई फसलों से लाखों रुपये की चूना लग चुका हैं। उन्होंने बताया कि वास्तव में रंजिश के चलते गांव के ही कुछ लोग पटरी को काट देते हैं। जिससे राजबाहे का पानी खेतों में भर जाता है। उन्होंने बताया कि राजबाहे का पानी खेतों में भर जाने से इस बार लगभग चार लाख रुपये की गन्ने की फसल का नुकसान प्रदीप व मनोज सहित अन्य किसानों को हुआ है। उन्होंने प्रशासन से साजिश करने वाले लोगों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। जिला प्रशासन से नष्ट हुई फसल का मुआवजा दिए जाने की मांग की है।