संभल...सलमान खुर्शीद ने किताब पर दी सफाई:बोले- मैंने हिंदुत्व और ISIS को सिमिलर बताया; लोगों की अंग्रेजी कमजोर है, तो मैं क्या करूं

संभल6 महीने पहले
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संभल में सलमान खुर्शीद ने कहा कि किताब पर रोक लगाने की बात करने वालों को शायद संविधान की जानकारी नहीं है। - Dainik Bhaskar
संभल में सलमान खुर्शीद ने कहा कि किताब पर रोक लगाने की बात करने वालों को शायद संविधान की जानकारी नहीं है।

मैंने हिंदुत्व की तुलना ISIS से नहीं की है। मैंने दोनों को सिमिलर बताया है, न कि सेम कहा है। किताब पर रोक लगाने की बात करने वालों को शायद संविधान की जानकारी नहीं है। अगर मुझे हिंदू धर्म से कष्ट होता, तो आज कल्कि महोत्सव में शामिल नहीं होता। विश्व शांति की बात करने वाला है हिंदू धर्म। कुछ लोग इस धर्म के दुश्मन हैं। जो नहीं चाहते कि उनका सच सबके सामने आए। यह बात शनिवार को संभल के कल्कि महोत्सव में पहुंचे कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद ने कही। आजकल उनकी किताब को लेकर जमकर विवाद चल रह है।

सलमान खुर्शीद ने मंच पर पहुंचकर पहले दीप जलाया। उसके बाद उन्होंने अपनी किताब में की गई तुलना पर सफाई दी। उन्होंने कहा कि मैंने यह नहीं लिखा कि हिंदू धर्म बिल्कुल ISIS और बोको हरम की तरह है। न ही मैंने यह लिखा कि हिंदुत्व को मानने वाले भी अरबी बोलते हैं। मुझे अफसोस है कि मैंने इस किताब को अंग्रेजी में लिखा है। लोग अंग्रेजी में थोड़ा कमजोर लगते हैं। लेकिन मैं कहता हूं कि अगर समझ में नहीं आ रहा, तो अनुवाद करा लें।

बोले- मैं हर साल आता हूं इस मोहत्सव में

किताब पर पाबंदी की बात करने वालों पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि मैं यहां आया हूं और पहली बार नहीं। यहां हर साल आता हूं। मैं मानता हूं कि हिंदू धर्म एक व्यापक, एक हसीन असीम और मन को शांति देने वाला वाला धर्म है। मैं इसमें विश्वास रखता हूं। किसी को मुझसे आपत्ति है, तो इससे भी आपत्ति होगी।

सच्चाई पर कोई ताला नहीं लगा सकता

उन्होंने कहा कि मुझे ऐसा लगता है हिंदू धर्म के कुछ दुश्मन बीच में घुस गए हैं। जो इसको प्रदूषित कर रहे हैं। हिंदू धर्म का नाम इस्तेमाल कर रहे हैं। वह काम करने के लिए जो काम गलत हैं। इसलिए इनको डर है कि इनकी सच्चाई समाज के सामने न आ जाए। किसी किताब में सच्चाई लिखी है, तो उस पर पाबंदी लग जाए। लेकिन सच पर कोई प्रतिबंध या ताले नहीं लगा सकता। सच्चाई हमेशा सामने आती है।

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