वाराणसी में बाइक चोर गैंग पर शिकंजा:बिहार के शराब तस्करों की डिमांड पर बीएचयू कैंपस से चुराते थे गाड़ियां, वाट्सएप पर लेते थे आर्डर; 10 बाइक के साथ गिरोह के सरगना सहित 7 गिरफ्तार

वाराणसी5 महीने पहले
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आरोपियों ने बताया -चोरी की एक बाइक के 5 हजार से 20 हजार रुपए तक आसानी से मिल जाते हैं। - Dainik Bhaskar
आरोपियों ने बताया -चोरी की एक बाइक के 5 हजार से 20 हजार रुपए तक आसानी से मिल जाते हैं।

वाराणसी की लंका थाने की पुलिस ने मंगलवार को बिहार के अंतरराज्यीय गिरोह के सरगना सहित सात आरोपियों को दबोचा है। यह गिरोह वाट्सएप ग्रुप बनाकर ऑन डिमांड वाहन चुराते थे। पुलिस ने सातों की निशानदेही पर 10 बाइक बरामद की है। इस गिरोह के अन्य सदस्यों द्वारा चुराई गई 12 बाइक बिहार के कैमूर जिले की पुलिस पहले ही बरामद कर चुकी है। पुलिस की पूछताछ में गिरोह के सदस्यों ने स्वीकार किया कि बीते डेढ़ साल में उन्होंने बीएचयू कैंपस और इसके आसपास के इलाके से 100 से ज्यादा बाइक चुराई हैं।

शराब तस्करी करने वालों को सबसे ज्यादा बाइक बेची
गिरफ्तार सातों आरोपियों ने बताया कि चोरी के वाहन की सबसे ज्यादा मांग बिहार में शराब की तस्करी करने वाले लोग करते हैं। वह बलिया, गाजीपुर और चंदौली आकर शराब ले जाते हैं। उन्हीं के लिए एक वाट्सएप ऐप ग्रुप बनाया गया है। वह जिस वाहन की डिमांड करते हैं, उसे वाराणसी से चुराकर उन्हें उपलब्ध कराया जाता है। चोरी की एक बाइक के 5 हजार से 20 हजार रुपए तक आसानी से मिल जाते हैं। इसके अलावा वाराणसी से चुराए गए वाहनों को बिहार के ग्रामीण इलाकों में भी बेचा जाता है। जो खरीदता है, उसे फर्जी रजिस्ट्रेशन पेपर के साथ बिहार का नंबर लिखकर वाहन दिया जाता है। आरोपियों के मोबाइल नंबर और वाट्सएप ऐप ग्रुप से संबंधित जानकारी वाराणसी पुलिस बिहार पुलिस से साझा करेगी।

सरगना पंकज बोला - कम समय में अच्छा पैसा मिल जाता है
गिरफ्तार आरोपियों में बिहार के कैमूर का पंकज कुमार पासवान, रमजान अंसारी, जितेश कुमार, दीपक कुमार, संदीप चौरसिया व दीपक चौरसिया और औरंगाबाद का अमन सिंह है। गिरोह के सरगना पंकज पासवान ने बताया कि कम समय में अच्छा पैसा मिल जाता है, इसलिए वाहन चोरी का मोह छोड़ नहीं पाए। बताया कि हम सभी सवारी वाहनों से वाराणसी आते थे। तीन लोग रेकी करते थे और चार लोग वाहन चुराते थे। इसके बाद बाईपास से विश्व सुंदरी पुल पार कर चंदौली के गांवों के रास्ते से होते हुए बिहार में प्रवेश कर जाते थे।

गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम की जाएगी पुरस्कृत
एडीसीपी काशी जोन विकास चंद्र त्रिपाठी ने बताया कि लंका इंस्पेक्टर के नेतृत्व में BHU चौकी इंचार्ज राजकुमार पांडेय व उनकी टीम ने रूटीन चेकिंग में पंकज को पकड़ा तो एक-एक कर अन्य छह आरोपी भी गिरफ्तार कर लिए गए। आरोपियों को अदालत से पुलिस कस्टडी रिमांड में लेकर बिहार ले जाकर चोरी हुए अन्य वाहन भी बरामद कराए जाएंगे। आरोपियों को गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम को पुलिस कमिश्नर ए सतीश गणेश की ओर से 10 हजार रुपये का नकद पुरस्कार दिया जाएगा।

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