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  • When The Body Of A Youth Who Lost His Life In A Fight In Varanasi Reached Home, The Relatives Imposed A Jam, Lathi charged And Suspended Inspector Sindhora On Charges Of Negligence.

जमीन विवाद की रंजिश में जान चली गई:वाराणसी में मारपीट में जान गंवाने वाले युवक का शव घर पहुंचा तो परिजनों ने लगाया जाम, लापरवाही बरतने के आरोप में इंस्पेक्टर सिंधोरा सस्पेंड

वाराणसी5 महीने पहले
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वाराणसी के बसंतपुर गांव में 486 वर्गमीटर जमीन के विवाद को लेकर लाठी और रॉड से हुई मारपीट में जान गंवाने वाले युवक का शव बुधवार की देर शाम घर पहुंचा तो परिजनों और ग्रामीणों ने अंत्येष्टि करने से मना करते हुए जाम लगा दिया। तकरीबन तो घंटे तक गांव में प्रदर्शन और नारेबाजी करने के बाद बाद सभी शव लेकर सिंधोरा थाने के सामने जाम लगा दिए।

परिजनों और ग्रामीणों ने मांग की कि घटना के 2 दिन तक पीड़ित परिवार से न मिलने और बुधवार को युवक की मौत के बाद गुस्साए ग्रामीणों पर लाठी चार्ज करने के आरोपी इंस्पेक्टर सिंधोरा रमेश यादव को तत्काल निलंबित किया जाए। इसके साथ ही मुकदमे में हत्या की धारा बढ़ाई जाए। रात 9:30 बजे के लगभग एसपी ग्रामीण ने इंस्पेक्टर सिंधोरा को निलंबित करने के साथ ही न्यायोचित कार्रवाई का आश्वासन दिया तो परिजन युवक का शव लेकर अंत्येष्टि के लिए निकले।

21 जून को हुई थी मारपीट, युवक की भाभी दर्ज कराई थीं मुकदमा

बसंतपुर गांव निवासी अभिषेक शर्मा की पत्नी बिंदू शर्मा ने सिंधोरा थाने में तहरीर दी थी। बिंदू के अनुसार 21 जून की दोपहर बाद जमीन विवाद को लेकर उनके देवर अश्वनी शर्मा पर पट्‌टीदारी के सगे भाई प्रमोद शर्मा व ओमप्रकाश शर्मा और ओमप्रकाश के बेटे अभिषेक ने लाठी और रॉड से हमला कर दिया। सिर में चोट लगने से गंभीर रूप से घायल अश्वनी को बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया जहां उपचार के दौरान बुधवार को उसकी मौत हो गई।

शिकायत के बाद भी पुलिस ने कुछ नहीं किया

घटना को लेकर अश्वनी शर्मा के पिता बलराम शर्मा ने कहा कि पुलिस आरोपियों पर पहले ही प्रभावी कार्रवाई कर देती तो उनके बेटे की जान नहीं जाती। मनबढ़ पट्‌टीदारों की जब भी शिकायत की जाती थी तो पुलिस समझाबुझाकर शांत करा देती थी। इसी वजह से उन सबका मन बढ़ता चला गया और उन्होंने ऐसा हमला किया कि हमारे बेटे की जान चली गई। उधर, बुधवार की दोपहर अश्वनी की मौत की सूचना पाकर सिंधोरा थाने की पुलिस उसके घर पहुंची तो उसके परिजन भड़क गए।

इस दौरान युवक के परिजनों और ग्रामीणों की पुलिस से जमकर झड़प हुई। इसी बीच सिंधोरा इंस्पेक्टर के निर्देश पर पुलिस कर्मियों ने ग्रामीणों को दौड़ा-दौड़ा कर लाठियों से पीटा। पुलिस की पिटाई के साथ ही भगदड़ में गिरने के कारण कई ग्रामीणों को चोट भी लगी। माहौल सामान्य होने पर पुलिस ने युवक के परिजनों को आश्वस्त किया कि आरोपी जल्द ही गिरफ्त में होंगे। युवक का शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाकर बसंतपुर गांव में तनाव और लोगों के आक्रोश को देखते हुए एहतियातन पुलिस तैनात की गई है।

आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए 2 टीमें गठित की गई

एसपी ग्रामीण अमित वर्मा ने बताया कि दोनों पक्षों में आबादी की जमीन को लेकर एक अरसे से विवाद चला आ रहा है। युवक पर वार करने वाले 3 आरोपियों की तलाश में पुलिस की 2 टीम लगाई गई है। पूरे मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में इंस्पेक्टर सिंधोरा को निलंबित कर उनके खिलाफ जांच का आदेश दिया गया है।

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