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देश का सबसे बड़ा बैंकिंग घोटाला: 31 बैंक प्रमुख तलब, सेंसेक्स 430 अंक गिरा

एक्सिस बैंक की सीईओ शिखा शर्मा और आईसीआईसीआई बैंक की सीईओ चंदा कोचर का नाम सबसे पहले आया।

Danik Bhaskar | Mar 07, 2018, 02:53 AM IST
मंगलवार को जब इसकी खबर आई तो पहला असर शेयर बाजार पर दिखा। सेंसेक्स 430 अंक गिरकर 33,317 पर बंद हुआ।    - फाइल मंगलवार को जब इसकी खबर आई तो पहला असर शेयर बाजार पर दिखा। सेंसेक्स 430 अंक गिरकर 33,317 पर बंद हुआ। - फाइल

नई दिल्ली/मुंबई. पीएनबी घोटाले की आंच 31 बैंकों तक पहुंच गई है। सीरियस फ्रॉड इन्वेस्टिगेशन ऑफिस (एसएफआईओ) ने इन बैंकों के प्रमुखों को पूछताछ के लिए समन भेजा। मंगलवार को जब इसकी खबर आई तो पहला असर शेयर बाजार पर दिखा। सेंसेक्स 430 अंक गिरकर 33,317 पर बंद हुआ। पूछताछ के लिए एक्सिस बैंक की सीईओ शिखा शर्मा और आईसीआईसीआई बैंक की सीईओ चंदा कोचर का नाम सबसे पहले आया। हालांकि, एक्सिस बैंक की ओर से डिप्टी एमडी वी. श्रीनिवासन के साथ अफसरों की टीम एसएफआईओ पहुंची। हीरा कारोबारी नीरव मोदी और मेहुल चौकसी की कंपनियों को कर्ज देने के सिलसिले में इनसे दो घंटे तक पूछताछ की गई। इस बीच स्टॉक एक्सचेंजों ने भी आईसीआईसीआई और एक्सिस बैंक से सफाई मांगी है। गीतांजलि जेम्स को 31 बैंकों के कंसोर्टियम ने करीब 6,800 करोड़ रुपए का कर्ज दिया है। आईसीआईसीआई कंसोर्टियम का लीड बैंक हैं।

अब तक 198 छापे, 6,000 करोड़ की प्रॉपर्टी जब्त

12,717 करोड़ रु. के सबसे बड़े बैंकिंग घोटाले में 4 एजेंसियां कार्रवाई कर रही हैं। ईडी, आईटी एसएफआईओ और सीबीआई। अब तक 198 छापे पड़े हैं। करीब 6,000 करोड़ की संपत्ति जब्त हुई है और 20 लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं।

घोटाले का आकार और बढ़ने की आशंका
- सीबीआई ने मुंबई कोर्ट को बताया है कि घोटाले की रकम और बढ़ सकती है। पीएनबी के पास सभी एलओयू (लेटर ऑफ अंडरटेकिंग) नहीं हैं। कुछ एलओयू नीरव-मेहुल की कंपनियों को लौटा दिए गए थे। उनका पता लगने पर घोटाले का आकार बढ़ सकता है।

- उधर, मेहुल चौकसी के गीतांजलि ग्रुप के बैंकिंग ऑपरेशंस के चीफ विपुल चितालिया को गिरफ्तार कर लिया गया है।

- नीरव की कंपनी फायरस्टार डायमंड ने ईडी के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट में अर्जी लगाकर वित्त मंत्रालय और ईडी को सर्च वारंट की कॉपी देने की मांग की है।

जांच का दायरा बढ़ने से शेयर 3 महीने के निचले स्तर पर

- पीएनबी घोटाले के बाद राेज बढ़ते जांच के दायरे से शेयर बाजार तीन महीने के निचले स्तर पर पहुंच चुका है। इस दौरान सबसे ज्यादा नुकसान बैंकों के शेयर को हुआ है। एसबीआई के शेयर तो 2.77% तक गिर गए हैं।

- 429.58 अंकों की गिरावट एक महीने में सर्वाधिक है। इससे पहले 6 फरवरी को 561.22 गिरा था। 5 दिनों में सेंसेक्स 1,129 अंक उतरा है।

- बीएसई में लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप 1.54 लाख करोड़ रु. घटा। 14 फरवरी को घोटाला सामने आने के बाद मार्केट कैप 4.86 लाख करोड़ कम हुआ है।

- 429.58 अंक गिरकर सेंसेक्स 33,317.20 पर बंद। 14 दिसंबर 2017 के बाद सबसे निचला स्तर। उस दिन सेंसेक्स 33,247 पर था।

बैंकों के शेयर 2.7% तक गिरे
बैंक शेयर गिरे मार्केट कैप घटा
एसबीआई 2.77% 6308 करोड़ रु.
आईसीआईसीआई 2.64% 5141 करोड़ रु.
पीएनबी 2.3% 558 करोड़ रु.
कोटक महिंद्रा 1.53% 3202 करोड़ रु.
एक्सिस बैंक 1.31% 1759 करोड़ रु.
12,717 करोड़ के पीएनबी घोटाला को देश के सबसे बड़े बैंकिंग घोटाला के तौर पर सामने आया है।   - फाइल 12,717 करोड़ के पीएनबी घोटाला को देश के सबसे बड़े बैंकिंग घोटाला के तौर पर सामने आया है। - फाइल