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कभी New Year पर गोवा में ऐसा होता था नजारा, हिप्पी करते थे बिंदास पार्टीज

उस वक्त वे समुद्र किनारे खुलेआम रेव पार्टीज करते थे।

Danik Bhaskar | Dec 27, 2017, 02:54 PM IST
न्यू ईयर सेलिब्रेट करने के लिए विदेशों ने भारी संख्या में हिप्पी गोवा आते थे। न्यू ईयर सेलिब्रेट करने के लिए विदेशों ने भारी संख्या में हिप्पी गोवा आते थे।

पणजी. नए साल में यात्रा को यादगार बनाना है तो सबसे बढ़िया जगह है गोवा के समुद्र तट। क्रिसमस और न्यू ईयर यहां बड़ी धूमधाम के साथ मनाया जाता है। 31 दिसंबर की रात को एन्जॉय करने के लिए यहां देशभर से लोग आते हैं। विदेशी टूरिस्टों के लिए गोवा पिछले कई साल से न्यू ईयर सेलिब्रेशन का सबसे फेवरिट डेस्टिनेशन रहा है। 70 और 80 के दशक में पार्टी मनाने के लिए बड़ी संख्या में हिप्पी यहां आते थे। उस वक्त वे समुद्र किनारे खुलेआम रेव पार्टीज करते थे। लेकिन अब वक्त के साथ-साथ ऐसी पार्टीज बंद हो गई और हिप्पी भी अब बहुत कम इंडिया आते हैं। 70-80 के दशक में ऐसे होती थीं गोवा में पार्टीज...

- आज से 40-50 साल पहले डीजे और डिस्को जैसे म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट नहीं होते थे। इस वजह से उस दौरान की पार्टियों में बैंड का अधिकतर इस्तेमाल होता था।
- गोवा के फेमस अंजुना बीच को पहले हिप्पियों का बीच कहा जाता था, क्योंकि यह इलाका नारियल के वृक्षों से घिरा हुआ सुनसान इलाका होता था, जहां टूरिस्ट अक्सर नशे में चूर दिखते थे।
- अंजुना बीच पर पर्यटकों की जरूरत से जुड़े सामान का बाजार लगता था। इस बाजार में कैमरे, कॉस्ट्यूम वियर्स समेत बहुत सारे सामान आकर्षक दामों पर बिकते थे।
- खास बात यह है कि अंजुना, कलंगूट और वागाटोर बीच पर चांदनी रातों में रंगीन पार्टियां आयोजित की जाती थीं, बड़ी संख्या में हिप्पी और अंग्रेज टूरिस्ट मौज मस्ती करते थे।

1970 में शुरू हुईं 'फुल मूल पार्टीज'
- हिप्पियों के आने के बाद से गोवा में फुल मून पार्टियों का दौर शुरू हो गया था। वे मानसून के शुरू होने तक यहां रुकते थे।
- इनमें से अधिकतर लोग यहां पर्यटकों को ड्रग्स, कैमरे, कॉस्ट्यूम वियर्स समेत अन्य सामान बेचने भी आते थे।
- गोवा का फेमस अंजुना बीच हिप्पियों के आने के बाद ही विकसित होना शुरू हुआ था।
- उस दिनों डीजे जैसे म्यूजिकल सिस्टम नहीं होते थे तो वहां हाथ से बजने वाले म्यूजिक बैंड्स पर डांस किया जाता था।
- माना जाता है कि 70 के दशक में लाइट्स में का अरेंजमेंट नहीं होने पर समुद्र किनारे चमकीली रेत पर ड्रग्स के तड़के के साथ पार्टियां की जाती थीं, जिन्हें फुल मून पार्टीज कहा जाता था।

कौन होते हैं हिप्पी?
- हिप्पी मूल रूप से वेस्टर्न कंट्रीस के यंगस्टर्स द्वारा चलाया गया एक मूवमेंट था। यह 1960 के दशक में अमेरिका से शुरू हुआ था।
- वक्त के साथ ये दुनिया के कई देशों में तेजी से फैला। इसमें शामिल लोग हिप्पीज कहलाने लगे।
- अल्टरनेटिव फेज को खोजने में हिप्पीज नशीली दवाओं का सेवन करने लगे। आज भी बड़े पैमाने पर हिप्पीज हैं।

नशाखोरी के लिए ही बदनाम हैं हिप्पी
- हिप्पी ट्रायल मूवमेंट के तहत सबसे पहले 1970 के दशक में हजारों की संख्या में हिप्पी भारत पहुंचे थे।
- ये इस्तांबुल, तेहरान, काबुल, हेरात, पेशावर, लाहौर, काठमांडू होते हुए भारत पहुंचे थे।

नॉर्थ अंजुना में ऐसी कॉस्ट्यूम पार्टी होती थी। नॉर्थ अंजुना में ऐसी कॉस्ट्यूम पार्टी होती थी।
गोवा में ऐसी होती थी न्यू ईयर पार्टी। गोवा में ऐसी होती थी न्यू ईयर पार्टी।
1980 में गोवा के चापोरा फोर्ट में पार्टी करते हिप्पी। 1980 में गोवा के चापोरा फोर्ट में पार्टी करते हिप्पी।
70 के दशक में अंजुमा बीच के कबाड़ी मार्केट में अफीम बेचती एक विदेशी हिप्पी। 70 के दशक में अंजुमा बीच के कबाड़ी मार्केट में अफीम बेचती एक विदेशी हिप्पी।
गोवा के अंजुना बीच पर पार्टी मनाते विदेशी टूरिस्ट। गोवा के अंजुना बीच पर पार्टी मनाते विदेशी टूरिस्ट।
जुमा बीच में सुबह-सुबह लगता कबाड़ी मार्केट और नशे में धुत्त हिप्पी। जुमा बीच में सुबह-सुबह लगता कबाड़ी मार्केट और नशे में धुत्त हिप्पी।
गोवा के एक बीच पर न्यू ईयर पार्टी मनाते हिप्पी। गोवा के एक बीच पर न्यू ईयर पार्टी मनाते हिप्पी।
70 के दशक में विदेशियों की कलंगूट बीच पर न्यू ईयर पार्टी। 70 के दशक में विदेशियों की कलंगूट बीच पर न्यू ईयर पार्टी।
1982 में अंजुमा बीच का कबाड़ी बाजार। 1982 में अंजुमा बीच का कबाड़ी बाजार।
मून पार्टी में विदेशी हिप्पियों का जैम बैंड परफॉर्म करते हुए। मून पार्टी में विदेशी हिप्पियों का जैम बैंड परफॉर्म करते हुए।
1988 में गोवा के बागा बीच की पार्टी। 1988 में गोवा के बागा बीच की पार्टी।
1976 में अंजुना बीच मार्केट में ज्वैलरी और हशीश धड़ल्ले से बिकते थे। 1976 में अंजुना बीच मार्केट में ज्वैलरी और हशीश धड़ल्ले से बिकते थे।
1979 में बीच पर हिप्पियों की रेव पार्टी का सीन। 1979 में बीच पर हिप्पियों की रेव पार्टी का सीन।
हिप्पीज किसी तरह की बंदिश को नहीं मानते। हिप्पीज किसी तरह की बंदिश को नहीं मानते।
अंजुमा बीच में फुल मून पार्टी करते विदेशी। अंजुमा बीच में फुल मून पार्टी करते विदेशी।